Tue Oct 13, 2026 | 06:19 PM IST

Medically Reviewed by Dr Vidya Tickoo , Consultant Endocrinologist & Diabetologist

थायराइड मरीज नवरात्रि व्रत में दवा से लेकर खानपान तक, इन 5 बातों का रखें ध्यान

नवरात्र‍ि व्रत के दौरान थायराइड मरीजों में TSH का स्‍तर अंसतुलि‍त हो सकता है। खानपान में बदलाव और लंबे समय तक भूखा रहने से थायराइड लेवल पर बुरा असर होता है। जानें व्रत के दौरान क‍िन बातों का ध्‍यान रखें?
थायराइड मरीज नवरात्रि व्रत में दवा से लेकर खानपान तक, इन 5 बातों का रखें ध्यानथायराइड मरीज नवरात्रि व्रत में दवा से लेकर खानपान तक, इन 5 बातों का रखें ध्यान

नवरात्र‍ि व्रत शुरू हो चुके हैं। इस बीच थायराइड मरीजों के मन में अक्‍सर यह सवाल उठता है क‍ि वे नवरात्र‍ि व्रत कैसे रखें और व्रत में क‍िन बातों का ध्‍यान रखें? डॉक्‍टर मानते हैं क‍ि कोई भी धार्मि‍क व्रत सेहत से ऊपर नहीं होना चाह‍िए। अगर थायराइड में TSH लेवल संतुलि‍त नहीं है, तो व्रत रखने से बचें। थायराइड मरीजों के ल‍िए संतुलि‍त आहार और भोजन को समय पर खाने का न‍ियम फॉलो करना जरूरी है जो क‍ि व्रत में ब‍िगड़ सकता है ज‍िससे थायराइड लेवल असंतुल‍ित हो सकता है। आइए डॉक्‍टर से जानें क‍ि थायराइड में व्रत रखने के दौरान क‍िन बातों का ध्‍यान रखना चाह‍िए? साथ ही, जानें थायराइड में व्रत रखने के दौरान क‍िन डाइट ट‍िप्‍स को फॉलो करें? बेहतर जानकारी के ल‍िए हमने Dr. Vidya Tickoo, Consultant Endocrinologist & Diabetologist At Yashoda Hospitals, Hitech City, Hyderabad से बात की।

क्‍या थायराइड मरीज नवरात्र‍ि व्रत रख सकते हैं?

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Dr. Vidya Tickoo के अनुसार, अगर थायराइड लेवल संतुल‍ित है, तो सुरक्ष‍ित ढंग से डॉक्‍टर की सलाह के साथ नवरात्र‍ि व्रत रख सकते हैं। अगर थायराइड के साथ डायब‍िटीज या हाई बीपी की समस्‍या है, वे व्रत रखने से बचें। थायराइड हार्मोन का असर हार्ट हेल्‍थ को भी प्रभाव‍ित कर सकता है इसल‍िए थायराइड के साथ हार्ट प्रॉब्‍लम होने पर भी व्रत रखने से बचें।

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थायराइड मरीज व्रत में क्‍या खाएं और क्‍या नहीं?

थायराइड मरीज व्रत में क्या खाएं? थायराइड मरीज व्रत में क्या न खाएं?
कुट्टू के आटे की रोटी या चीला ज्यादा तेल में तली कुट्टू की पूरी या पकौड़ी
साबूदाने की खिचड़ी, दही के साथ      साबूदाने की तली हुई टिक्की और वड़ा
सिंघाड़े के आटे की रोटी या चीला सिंघाड़े के आटे और तेल एवं घी से बनी मिठाइयां
उबला या भुना आलू, मखाना ज्यादा तेल में बने आलू के चिप्स और फ्राइज
सादा दूध और दही ज्यादा चीनी वाली लस्सी और फ्लेवर्ड मिल्क
सेब, अनार, अमरूद और पपीता फलों का जूस और ज्यादा चीनी वाली ड्रिंक्स
बादाम, अखरोट और मूंगफली नमक और मसाले वाली मूंगफली, तले हुए काजू
नारियल पानी और सादा पानी      बहुत ज्यादा चीनी वाले शरबत और मीठे पेय

ज्‍यादा देर खाली पेट रहने से थायराइड प्रभाव‍ित हो सकता है

साल 2014 में Indian Journal Of Endocrinology And Metabolism में प्रकाश‍ित एक अध्ययन में शोधकर्ताओं ने यह जानने की कोशिश करी कि खाली पेट और खाना खाने के बाद थायराइड की जांच कराने से TSH और फ्री T4 के नतीजों में कितना अंतर आता है? नतीजों में सामने आया क‍ि 75% प्रत‍िभाग‍ियों के खाली पेट लिए गए नमूने में TSH बढ़ा हुआ था, जबकि खाना खाने के बाद उनकी TSH रिपोर्ट सामान्य सीमा में आ गई। इससे पता चलता है कि जांच के समय और भोजन की स्थिति से थायराइड हार्मोन प्रभावित हो सकता है।

थायराइड मरीज व्रत के दौरान क‍िन बातों का ध्‍यान रखें?

थायराइड की समस्या से जूझ रहे लोग आमतौर पर कुछ सावधानियां बरतकर नवरात्रि का व्रत रख सकते हैं। हालांकि, इसके लिए कुछ बातों का ध्‍यान रखें-

1. दवा की खुराक खुद से न बदलें

नवरात्र‍ि व्रत के दौरान थायराइड दवा की खुराक खुद से न बदलें। साथ ही, थायराइड की दवा खाली पेट ही लें।

2. लंबे समय तक खाली पेट रहने से बचें

व्रत के दौरान पर्याप्त पानी पिएं और लंबे समय तक भूखे रहने से बचें। खासकर उन लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए, जिनका हाइपोथायराइडिज्म या हाइपरथायराइडिज्म लेवल कंट्रोल में नहीं है या जिन्हें दिल की धड़कन तेज होने, चक्कर आने या बहुत ज्यादा थकान जैसी समस्याएं हैं। गर्भवती महिलाओं को भी विशेष सावधानी रखनी चाहिए।

3. व्रत में संतुलि‍त आहार लें

व्रत में संतुलित आहार लें। फल, दूध, दही, मेवे और व्रत में खाए जाने वाले अनाज को डाइट में शामिल करें। केवल तली-भुनी या ज्यादा मीठी चीजों पर निर्भर न रहें।

4. चाय-कॉफी से बचें

चाय-कॉफी का बहुत ज्यादा सेवन न करें। पर्याप्त आराम के बिना लंबे समय तक गरबा या नृत्‍य करने या ज्यादा मेहनत वाले कामों से बचें।

5. आयोडीन की मात्रा चेक करें

अगर व्रत में आप केवल सेंधा नमक खाते हैं, तो ध्यान रखें कि इससे पर्याप्त आयोडीन नहीं मिलता। बार-बार या लंबे समय तक व्रत रखने पर डॉक्टर से आयोडीन की जरूरत के बारे में सलाह लें।

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क‍िन लोगों को डॉक्‍टर से सलाह लेनी चाह‍िए?

जिन लोगों का थायराइड लेवल कंट्रोल में नहीं है, जिन्हें हार्ट से संबंध‍ित बीमारी या डायबिटीज है या जो गर्भवती हैं, उन्हें व्रत रखने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।

नवरात्रि व्रत में थायराइड की दवाओं का सही समय और नियम

  • व्रत के दौरान दवाओं को बंद न करें।
  • सुबह व्रत का फलाहार करते हैं, तो दवा और भोजन के बीच सही अंतर बनाए रखें। दवा लेने के बाद कुछ खाने से पहले 30 से 60 मिनट का अंतर रखें।
  • दवा की खुराक छूट जाए, तो अगली खुराक के बारे में डॉक्टर से सलाह लें। खुद से डबल खुराक न लें।
  • व्रत के दौरान अध‍िक कमजोरी, चक्कर या दिल की धड़कन तेज होने पर डॉक्‍टर से सलाह लें और जरूरत पड़ने पर व्रत रोक दें।

थायराइड में निर्जला व्रत रखने से बचें

  • थायराइड में न‍िर्जला व्रत रखने से बचना चाह‍िए। इससे कमजोरी, थकान, स‍िरदर्द, चक्‍कर आने जैसी समस्‍याएं हो सकती हैं। अगर आप थायराइड दवा ले रहे हैं, तो व्रत में पर्याप्‍त मात्रा में पानी प‍िएं और फल, दूध, दही जैसी चीजों को डाइट में शाम‍िल करें।
  • डिहाइड्रेशन के कारण ब्लड वॉल्‍यूम कम हो सकता है, जिससे लो बीपी और बेहोशी जैसे खतरे बढ़ जाते हैं।
  • गंभीर या बार-बार होने वाली पानी की कमी से किडनी पर दबाव पड़ सकता है। गंभीर डिहाइड्रेशन से किडनी को नुकसान भी हो सकता है।
  • शरीर में पानी की कमी होने से मल सख्त हो सकता है और मल त्याग करने में परेशानी हो सकती है।

व्रत के दौरान थायराइड हार्मोन को संतुलित रखने के उपाय

व्रत रखने से थायराइड हार्मोन को संतुल‍ित रखने के लिए नियमित दवा, संतुलित पोषण और डॉक्टर की सलाह सबसे जरूरी हैं-

  • व्रत में दूध, दही, पनीर या अन्य प्रोटीन स्रोत शामिल करें, ताकि शरीर को पर्याप्त पोषण मिल सके।
  • व्रत में रोजाना पर्याप्‍त नींद लेने की कोशिश करें। इससे एनर्जी और दिनचर्या को बेहतर बनाए रखने में मदद मिलती है।
  • व्रत में साबूदाना या अन्‍य व्रत आहार में कार्ब्स हो सकता है। इसके साथ दही, मूंगफली या पनीर जैसे प्रोटीन स्रोत भी लें।
  • आलू के चिप्स, पकौड़े और ज्यादा चीनी वाली मिठाइयों के बजाय शकरकंद, फल, दही और घर पर बना संतुलित फलाहार चुनें।

न‍िष्‍कर्ष:

थायराइड के मरीज नवरात्र‍ि व्रत रख सकते हैं, लेक‍िन थायराइड के साथ हार्ट की समस्‍या है, डायब‍िटीज या हाई बीपी है, तो व्रत रखने से बचें। व्रत में दवा की डोज खुद से न बदलें और दवा को बंद न करें। थायराइड दवा को खाली पेट लें और दवा लेने के 30 से 60 म‍िनट बाद भोजन करें। थायराइड में लंबे समय तक खाली पेट रहने या पानी की कमी से बचें। थायराइड में न‍िर्जला उपवास रखने से बचना चाह‍िए। व्रत में कैफीन लेने से बचें और साथ ही सेंधा नमक लेने से पहले डॉक्‍टर की सलाह लें क्‍योंक‍ि सेंधा नमक से शरीर को पर्याप्‍त आयोडीन नहीं म‍िल पाता है। व्रत में अगर दवा की डोज छूट जाए, तो डबल डोज न लें और डॉक्‍टर की सलाह के मुताब‍िक ही दवा का सेवन करें। व्रत में कुट्टू आटा, स‍िंघाड़ा आटा से बने व्‍यंजन खा सकते हैं, लेक‍िन तेल और मसालों से बचें। साथ ही, साबूदाने का सेवन भी कर सकते हैं, लेक‍िन तली हुई ट‍िक्‍की खाने के बजाय साबूदाने की ख‍िचड़ी को दही के साथ खाएं। डाइट में ताजे फल और सब्‍ज‍ियों को शाम‍िल करें। ज्‍यादा तेल, घी, नमक, चीनी से बने पकवानों के सेवन से बचें।

image credit: magnific

FAQ

  • क्या सेंधा नमक का सेवन सफेद नमक से ज्यादा हेल्दी होता है?

    सेंधा नमक भी मुख्य रूप से सोडियम क्लोराइड होता है। इसमें सामान्य आयोडीन युक्त नमक की तुलना में आमतौर पर पर्याप्त आयोडीन नहीं होता है। इसलिए सेंधा नमक को ज्यादा हेल्दी मानना सही नहीं है। 
  • क्या नवरात्रि में केवल फल खाकर व्रत रखना सही है?

    केवल फल खाकर व्रत रखने से शरीर को पर्याप्त प्रोटीन, फैट और कुछ जरूरी पोषक तत्व नहीं मिल पाते हैं। फल के साथ दूध, दही, पनीर, मेवे और व्रत में खाए जाने वाले अन्य पौष्टिक खाद्य पदार्थों का सेवन कर सकते हैं।

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  • Current Version

    Oct 13, 2026 17:08 IST

    Published By : Yashaswi Mathur
    Reviewed By : Dr Vidya Tickoo