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बंद नसों को खोलने के लिए फायदेमंद है अर्जुन की छाल, आयुर्वेदाचार्य से जानें इस्तेमाल का तरीका

अनहेल्दी खानपान के कारण लोगों को स्वास्थ्य से जुड़ी कई समस्याओं का सामना करना पड़ता है। इनमें से एक है, कोलेस्ट्रॉल के बढ़ने और नसों के बंद होने की समस्या। इससे राहत के लिए अर्जुन की छाल का इस्तेमाल किया जा सकता है।

Band Naso Ke Liye Arjun Ki Chaal: आज के समय में अनहेल्दी लाइफस्टाइल और खराब खानपान के कारण ज्यादातर शरीर में कोलेस्ट्रॉल का स्तर बढ़ने की समस्या होती है। इसके कारण या नसों में गंदगी जमने के कारण लोगों को नसों के बंद होने की समस्या हो सकती है, जिसके कारण लोगों को कम उम्र में ही हार्ट अटैक आने जैसी गंभीर परेशानियां हो सकती है। ऐसे में इससे राहत के लिए अर्जुन की छाल (arjuna bark for blocked veins) का इस्तेमाल किया जा सकता है। बता दें, औषधीय गुणों से भरपूर अर्जुन का छाल में बहुत से गुण पाए जाते हैं, जिससे स्वास्थ्य को कई लाभ मिलते हैं। आइए नोएडा के सेक्टर-12 में स्थित, अर्चित आयुर्वेदिक क्लिनिक के डॉ अनंत त्रिपाठी से जानें बंद नसों से राहत के लिए अर्जुन की छाल का इस्तेमाल कैसे करें?

नसों के लिए अर्जुन की छाल - Arjuna Bark For Nerves In Hindi

औषधीय गुणों से भरपूर अर्जुन की छाल में एंटी-ऑक्सीडेंट्स और एंटी-इंफ्लेमेटरी के गुण और कई पोषक तत्व पाए जाते हैं। इसे बंद नसों को खोलने के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है, जिससे कोलेस्ट्रॉल के स्तर को नियंत्रित करने, हार्ट को हेल्दी रखने और इससे जुड़ी समस्याओं से बचाव करने में मदद मिलती है।

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नसों के लिए अर्जुन की छाल के फायदे - Benefits Of Arjuna Bark For Nerves In Hindi

बंद नसों के लिए फायदेमंद

औषधीय गुणों से भरपूर अर्जुन की छाल में मौजूद गुण शरीर और नसों में जमा टॉक्सिन्स को बाहर निकालने या धमनियों में प्लाक के जमाव को कम करने में मदद मिलती है, जिससे शरीर में ब्लड फ्लो को बेहतर करने और बीमारियों से बचाव करने में मदद मिलती है।

how to use arjuna bark to open blocked veins

हार्ट और मांसपेशियों के लिए फायदेमंद

अर्जुन की छाल में भरपूर मात्रा में एंटी-ऑक्सीडेंट्स और एंटी-इंफ्लेमेटरी के गुण पाए जाते हैं। इसके इस्तेमाल से हार्ट में ब्लड फ्लो बेहतर करने और मांसपेशियों को मजबूती देने में मदद मिलती है, जिससे हार्ट के कार्यों को बेहतर करने में मदद मिलती है। इससे हार्ट का बीमारियों से बचाव करने में मदद मिलती है।

ब्लड सर्कुलेशन बेहतर करे

अर्जुन की छाल में मौजूद एंटी-ऑक्सीडेंट्स के गुण बंद नसों को खोलने में मदद मिलती है, जिससे शरीर में ब्लड सर्कुलेशन को बेहतर करने में मदद मिलती है, जिससे हार्ट की बीमारियों के खतरे को कम करने में मदद मिलती है। इसके अलावा, अर्जुन की छाल में एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण पाए जाते हैं, जिससे हार्ट की सूजन को कम करने और इसके कार्यों को बेहतर करने में मदद मिलती है।

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कोलेस्ट्रॉल कम करे

अनहेल्दी लाइफस्टाइल के कारण बहुत से लोग कोलेस्ट्रॉल की समस्या से परेशान रहते हैं। ऐसे में इससे राहत के लिए अर्जुन की छाल फायदेमंद है। इसका सेवन करने से खराब कोलेस्ट्रॉल (LDL) को कम करने और गुड कोलेस्ट्रॉल (HDL) को बेहतर करने में मदद मिलती है, इससे हार्ट से जुड़ी बीमारियों से बचाव होता है।

ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करे

अर्जुन की छाल में बहुत से पोषक तत्व पाए जाते हैं। इसका सेवन करने से ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने में मदद मिलती है, जिससे हार्ट पर प्रेशर कम पड़ता है। इससे हार्ट के कार्यों को बेहतर करने में मदद मिलती है।

कैसे करें अर्जुन की छाल का उपयोग? - How To Use Arjuna Bark?

औषधीय गुणों से भरपूर अर्जुन की छाल का सेवन काढ़ा, चाय या चूर्ण के रूप में किया जा सकता है, जो स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद है। ध्यान रहे इसका सेवन सीमित मात्रा में और डॉक्टर की सलाह पर करें।

निष्कर्ष

आयुर्वेदिक की जड़ी-बूटियों में से एक औषधीय गुणों से भरपूर अर्जुन की छाल का सेवन करने से बंद नसों को खोलने, ब्लड फ्लो को बेहतर करने, कोलेस्ट्रॉल और ब्लड प्रेशर को कम करने में मदद मिलती है, जिससे हार्ट को हेल्दी रखने और इससे जुड़ी बीमारियों से बचाव करने में मदद मिलती है।


ध्यान रहे, अर्जुन की छाल का सेवन सीमित मात्रा में करें। वहीं, इसके सेवन से पहले आयुर्वेदिक डॉक्टर से सलाह जरूर ले। इसके अलावा, प्रेग्नेंसी या ब्रेस्टफीड करने वाली महिलाओं या किसी मेडिकल कंडीशन से पीड़ित लोगों को अर्जुन की छाल का सेवन नहीं करना चाहिए।

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Priyanka Sharma

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Sub Editor

प्रियंका शर्मा हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में करीब 3 साल का अनुभव रखती हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत डिजिटल मीडिया से की है। फिलहाल प्रियंका जागरण न्यू मीडिया (Onlymyhealth) में बतौर सब एडिटर काम कर रही हैं। प्रियंका को स्वास्थ्य, पोषण, स्किन केयर और फिटनेस जैसे विषयों पर लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से मास्टर्स इन जर्नलिज्म की है। Editorial Policy: प्रियंका द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Mar 23, 2025 10:17 IST

    Published By : Priyanka Sharma

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