Fri Sep 11, 2026 | 06:56 PM IST

Medically Reviewed by Dr Ambrish Dixit , Sr. Consultant – Internal Medicine

कुत्ते के काटने के बाद रेबीज के लक्षण कितने दिनों में दिखते हैं? डॉक्टर दे रहे हैं पूरी जानकारी

कुत्ते के काटने के बाद कई लोग यह सोचकर इंतजार करने लगते हैं कि यदि रेबीज होगा तो उसके लक्षण दिखाई देंगे। कुत्ते के काटने के बाद रेबीज के लक्षण कुछ हफ्तों से लेकर कई महीनों बाद तक दिखाई दे सकते हैं, इसलिए तुरंत इलाज जरूरी है।

भारत में हर साल कई लोग कुत्ते के काटने का शिकार होते हैं। ऐसी स्थिति में सबसे बड़ा सवाल यह होता है कि क्या हर कुत्ते के काटने से रेबीज होता है और अगर होता है, तो उसके लक्षण कितने दिनों में दिखाई देते हैं? कई लोग यह सोचकर डॉक्टर के पास जाने में देरी कर देते हैं कि अगर कुछ दिनों तक कोई परेशानी नहीं हुई, तो खतरा टल गया लेकिन कैलाश हॉस्पिटल, देहरादून के सीनियर कंसल्टेंट इंटरनल मेडिसिन डॉ. अम्बरीश दीक्षित के अनुसार, यही लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है। रेबीज एक गंभीर वायरल बीमारी है, जो संक्रमित जानवर के काटने या खरोंचने से फैलती है। यह वायरस नसों के जरिए धीरे-धीरे मस्तिष्क तक पहुंचता है। यही वजह है कि रेबीज के लक्षण तुरंत दिखाई नहीं देते।

कुत्ते के काटने के बाद रेबीज के लक्षण कितने दिनों में दिखते हैं?

डॉ. अम्बरीश दीक्षित बताते हैं कि रेबीज का एक इन्क्यूबेशन पीरियड (Incubation Period) होता है। इसका मतलब है कि कुत्ते के काटने और बीमारी के लक्षण शुरू होने के बीच का समय। अधिकांश लोगों में यह अवधि लगभग 1 से 3 महीने होती है। हालांकि, हर व्यक्ति में यह समय एक जैसा नहीं होता। कुछ मामलों में लक्षण कुछ ही दिनों या हफ्तों में शुरू हो सकते हैं, जबकि कुछ लोगों में इन्हें दिखने में एक साल या उससे भी ज्यादा समय लग सकता है। यह इस बात पर निर्भर करता है कि काटने का स्थान शरीर के किस हिस्से पर है, घाव कितना गहरा है और वह दिमाग से कितनी दूरी पर है। क्योंकि रेबीज का वायरस नसों के जरिए मस्तिष्क तक पहुंचता है, इसलिए ये सभी कारक बीमारी के विकसित होने की प्रोग्रेस को प्रभावित करते हैं।

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  • डॉ. अम्बरीश दीक्षित के अनुसार, रेबीज की सबसे गंभीर बात यह है कि एक बार इसके लक्षण दिखाई देने लगें, तो बीमारी का इलाज लगभग असंभव हो जाता है।
  • शुरुआती लक्षणों में बुखार, काटे गए स्थान पर झुनझुनी या दर्द, निगलने में परेशानी, पानी से डर लगना, कंफ्यूजन, बेचैनी और असामान्य व्यवहार शामिल हो सकते हैं।
  • डॉ. अम्बरीश दीक्षित का कहना है कि यदि ये लक्षण दिखाई देने लगें, तो इसका मतलब है कि वायरस शरीर में काफी आगे बढ़ चुका है।
  • इसलिए किसी भी व्यक्ति को रेबीज के लक्षण आने का इंतजार नहीं करना चाहिए।

साल 2025 में CDC के Clinical Overview of Rabies के अनुसार, रेबीज वायरस के शरीर में प्रवेश करने और मस्तिष्क तक पहुंचने के बीच का समय काफी लंबा हो सकता है। इसके शुरुआती लक्षण सामान्य फ्लू जैसे होते हैं, जैसे बुखार, सिरदर्द और कमजोरी। साथ ही, काटने वाली जगह पर खुजली या बेचैनी भी हो सकती है लेकिन जब यह वायरस मस्तिष्क को प्रभावित करता है, तो स्थिति गंभीर हो जाती है, जिससे भ्रम, घबराहट जैसे खतरनाक लक्षण दिखने लगते हैं। इसलिए, रेबीज के शुरुआती संकेतों को पहचानना और तुरंत डॉक्टर से इलाज कराना बेहद जरूरी है, क्योंकि मस्तिष्क पर असर होने के बाद यह बीमारी जानलेवा हो जाती है।

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rabies symptoms to show in humans

कुत्ता काटने के तुरंत बाद क्या करें?

डॉ. अम्बरीश दीक्षित सलाह देते हैं कि कुत्ता काटने के तुरंत बाद घाव को कम से कम 15 मिनट तक साबुन और बहते हुए साफ पानी से अच्छी तरह धोएं। इससे घाव में मौजूद वायरस की मात्रा कम करने में मदद मिलती है। इसके बाद बिना देरी किए डॉक्टर या नजदीकी अस्पताल जाएं। यदि डॉक्टर को लगता है कि रेबीज का खतरा है, तो वे तुरंत एंटी-रेबीज वैक्सीन शुरू करेंगे। कुछ मामलों में रेबीज इम्यूनोग्लोब्युलिन (Rabies Immunoglobulin) की भी जरूरत पड़ सकती है। ये दोनों उपचार तभी सबसे ज्यादा प्रभावी होते हैं, जब इन्हें रेबीज के लक्षण शुरू होने से पहले दिया जाए।

निष्कर्ष

कुत्ता काटने के बाद रेबीज के लक्षण आने में आमतौर पर 1 से 3 महीने लग सकते हैं, लेकिन यह समय कुछ दिनों से लेकर एक साल से ज्यादा भी हो सकता है। इसलिए केवल लक्षणों का इंतजार करना बेहद खतरनाक हो सकता है। यदि किसी कुत्ते ने काट लिया है, तो सबसे पहले घाव को साबुन और बहते पानी से कम से कम 15 मिनट तक धोएं और तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। समय पर दी गई एंटी-रेबीज वैक्सीन और जरूरत पड़ने पर इम्यूनोग्लोब्युलिन रेबीज से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका है।

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FAQ

  • क्या हर कुत्ते के काटने से रेबीज होता है?

    हर कुत्ता रेबीज से संक्रमित नहीं होता लेकिन यह पता लगाना आसान नहीं होता, इसलिए हर डॉग बाइट के बाद डॉक्टर से सलाह लेना और जरूरत पड़ने पर एंटी-रेबीज वैक्सीन लगवाना जरूरी है।
  • कुत्ता काटने के तुरंत बाद क्या करना चाहिए?

    घाव को कम से कम 15 मिनट तक साबुन और बहते पानी से अच्छी तरह धोएं और फिर तुरंत डॉक्टर या नजदीकी अस्पताल जाएं।
  • क्या रेबीज का इलाज संभव है?

    यदि लक्षण शुरू होने से पहले एंटी-रेबीज वैक्सीन और जरूरत पड़ने पर रेबीज इम्यूनोग्लोब्युलिन दिया जाए, तो इंफेक्शन को रोका जा सकता है लेकिन लक्षण शुरू होने के बाद बीमारी का इलाज लगभग संभव नहीं होता।

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Akanksha Tiwari

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आकांक्षा तिवारी हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में 6 साल का अनुभव रखती हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत डिजिटल मीडिया से की और फिलहाल जागरण न्यू मीडिया (Onlymyhealth) में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। आकांक्षा को स्वास्थ्य, पोषण और फिटनेस जैसे विषयों पर लिखने का अच्छा अनुभव है। वे पत्रकारिता और जनसंचार में पोस्ट ग्रैजुएट हैं। रिसर्च, SEO और फैक्ट-चेकिंग में उनकी खास पकड़ है और वे हमेशा प्रमाणिक और भरोसेमंद जानकारी देने की कोशिश करती हैं। Editorial Policy: आकांक्षा द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Jul 21, 2026 18:31 IST

    Modified By : Akanksha Tiwari
  • Jul 21, 2026 18:31 IST

    Published By : Akanksha Tiwari
    Reviewed By : Dr Ambrish Dixit

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