क्या आपने कभी गौर किया है कि काम का दबाव बढ़ने, नींद पूरी न होने या किसी बात को लेकर लगातार चिंता करने के दौरान त्वचा में खुजली और लालिमा भी बढ़ने लगती है? एक्जिमा से परेशान कई लोगों के लिए यह अनुभव जाना-पहचाना हो सकता है। त्वचा पर सूखापन, खुजली, लाल चकत्ते और जलन की समस्या केवल बाहरी वातावरण से ही प्रभावित नहीं होती, बल्कि मानसिक तनाव भी इसके लक्षणों को बढ़ा सकता है।
दिल्ली के राजौरी गार्डन स्थित Advanced Skin Clinic की Founder, Aesthetic Physician, Cosmetologist And Skin Specialist डॉ. करुणा मल्होत्रा के अनुसार, "तनाव एक्जिमा का एकमात्र कारण नहीं है, लेकिन यह इसके लक्षणों को ट्रिगर करने वाले सबसे महत्वपूर्ण कारकों में से एक हो सकता है। एक्जिमा एक ऐसी त्वचा संबंधी स्थिति है, जिसमें त्वचा की सुरक्षात्मक परत कमजोर हो जाती है और त्वचा नमी बनाए रखने में कठिनाई महसूस करती है। इसके कारण त्वचा अधिक संवेदनशील हो सकती है और बाहरी उत्तेजक तत्वों के संपर्क में आने पर खुजली तथा सूजन बढ़ सकती है।"
तनाव एक्जिमा को कैसे ट्रिगर करता है?
How Does Stress Trigger Eczema
National Eczema Association के अनुसार, जब व्यक्ति तनाव में होता है, तो शरीर में कई तरह के हार्मोनल परिवर्तन होते हैं। तनाव से जुड़े हार्मोन और इम्यून सिस्टम की गतिविधियों में बदलाव त्वचा की सूजन को प्रभावित कर सकते हैं। इसके अलावा, लगातार तनाव में रहने से नींद प्रभावित हो सकती है और त्वचा की प्राकृतिक सुरक्षा परत भी कमजोर हो जाती है, जो कि एक न्यूरो-इम्यून प्रतिक्रिया है।
डॉ. करुणा मल्होत्रा कहती हैं, "एक्जिमा में खुजली और तनाव का संबंध एक चक्र की तरह काम कर सकता है। तनाव बढ़ने पर खुजली तेज हो सकती है। खुजली के कारण व्यक्ति बार-बार त्वचा खुजलाता है, जिससे त्वचा पर खरोंच, जलन और सूजन बढ़ सकती है। इसके बाद त्वचा की परेशानी नींद और मानसिक शांति को प्रभावित करती है, जिससे तनाव और बढ़ सकता है।"
हालांकि, हर व्यक्ति में तनाव का प्रभाव एक जैसा नहीं होता। कुछ लोगों में तनाव के दौरान लक्षण बढ़ सकते हैं, जबकि अन्य लोगों में एक्जिमा का प्रकोप मौसम, पसीने, साबुन, सुगंध वाले उत्पादों या अन्य कारणों से अधिक प्रभावित हो सकता है।
इसे भी पढ़ें: क्या आपको भी होती है अक्सर त्वचा में जलन? जानें इसके 7 कारण
तनाव के कारण एक्जिमा बढ़ने के संकेत
Does Stress Trigger Eczema
यदि किसी व्यक्ति को बार-बार एक्जिमा की समस्या होती है, तो उसे यह समझने की कोशिश करनी चाहिए कि किन कंडीशंस में लक्षण बढ़ते हैं। इसके संकेत कुछ इस प्रकार हो सकते हैं-
- स्ट्रेस के कारण खुजली अधिक महसूस होना।
- रात में खुजली बढ़ने के कारण नींद बाधित होना।
- त्वचा पर रेडनेस, सूखापन या जलन का बढ़ना।
- चिंता के दौरान त्वचा को बार-बार खुजलाने की आदत बढ़ना।
- काम के दबाव या नींद की कमी के समय एक्जिमा के लक्षणों का दोबारा उभरना।
ये संकेत तनाव और त्वचा की परेशानी के बीच संबंध की ओर इशारा कर सकते हैं, लेकिन केवल इनके आधार पर यह तय नहीं किया जा सकता कि एक्जिमा का कारण तनाव ही है।
तनाव के दौरान एक्जिमा को कैसे मैनेज करें?
- त्वचा की नमी बनाए रखें: नहाने के बाद और दिन में आवश्यकता के अनुसार बिना खुशबू वाला गाढ़ा मॉइश्चराइजर लगाएं। इससे त्वचा की नमी बनाए रखने और उसकी प्रोटेक्टिव लेयर को सपोर्ट मिलता है।
- खुजली को नियंत्रित करें: त्वचा को जोर से खुजलाने से बचें। प्रभावित हिस्से में ठंडी पट्टी लगाएं। इससे कुछ समय के लिए राहत मिल सकती है। यदि खुजली लगातार बनी रहती है, तो त्वचा विशेषज्ञ से उपचार के बारे में सलाह लें।
- नींद को प्राथमिकता दें: सोने और जागने का समय नियमित रखें। पर्याप्त नींद लेने से तनाव को संभालने में मदद मिल सकती है और खुजली के कारण होने वाली परेशानी भी कम हो सकती है।
- तनाव कम करने की आदतें अपनाएं: गहरी सांस लेने के अभ्यास, ध्यान, हल्का व्यायाम और नियमित टहलना तनाव को नियंत्रित करने में सहायक हो सकते हैं। ऐसी गतिविधि चुनें जो आपको सहज महसूस कराए और जिसे नियमित रूप से किया जा सके।
- त्वचा को उत्तेजित करने वाले प्रोडक्ट से बचें: तेज खुशबू वाले साबुन, कठोर त्वचा-सफाई उत्पाद और ऐसे सौंदर्य प्रसाधन जिनसे जलन होती हो, उनका इस्तेमाल सीमित करें। नए उत्पादों का उपयोग सावधानी से करें।
- पूरा ट्रीटमेंट करवाएं: एक्जिमा के लक्षणों को नियंत्रित रखने के लिए कभी-कभी चिकित्सक द्वारा बताई गई औषधीय क्रीम की जरूरत पड़ सकती है। केवल तनाव कम करने या घरेलू उपायों पर निर्भर रहकर निर्धारित उपचार बंद न करें।
इसे भी पढ़ें: स्किन पर ये 7 लक्षण हो सकते हैं समय से पहले बुढ़ापे के संकेत, न करें नजरअंदाज
डॉक्टर की सलाह
डॉ. करुणा मल्होत्रा कहती हैं, "यदि खुजली लगातार बनी रहती है, त्वचा फटने लगती है, घाव बनते हैं या लक्षणों के कारण नींद और रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित होती है, तो त्वचा विशेषज्ञ से संपर्क करना चाहिए। त्वचा पर दर्द, तेजी से फैलती लालिमा, गर्माहट, पस या बुखार जैसे लक्षण संक्रमण का संकेत हो सकते हैं और इनके लिए जल्द एक्सपर्ट की सलाह लेना जरूरी है।"
निष्कर्ष
एक्जिमा को नियंत्रित करने के लिए स्किन की सही तरह से देखभाल करना जरूरी है। इसके साथ मानसिक स्वास्थ्य पर भी ध्यान देना महत्वपूर्ण है। तनाव कम करने से हर व्यक्ति का एक्जिमा पूरी तरह ठीक हो जाएगा, ऐसा नहीं कहा जा सकता। लेकिन त्वचा को नियमित रूप से नम रखना, उचित उपचार लेना, पर्याप्त नींद और तनाव को मैनेज करने से इसके लक्षणों को नियंत्रित रखने में मदद मिल सकती है। हां, जब भी समस्या बढ़े तो एक बार डॉक्टर से जरूर मिलें। कई बार सिर्फ तनाव के कारण एक्जिमा को मैनेज करना मुश्किल हो जाता है।
All Image Credit: Magnific
FAQ
क्या तनाव गट हेल्थ को बिगाड़कर एक्जिमा को ट्रिगर कर सकता है?
हां, क्रोनिक तनाव के कारण गट-ब्रेन-स्किन एक्सिस को बाधित करता है, जिससे सिस्टमिक इन्फ्लेमेशन बढ़ने लगता है। ऐसे में त्वचा से संबंधी कई समस्याएं उभरने लगती हैं।क्या एक्जिमा फ्लेयर-अप के दौरान कैफीन या कॉफी का सेवन कम करना चाहिए?
हां, ज्यादा कैफीन एड्रेनलीन और कोर्टिसोल हार्मोन को बढ़ाती है, जिससे घबराहट और त्वचा की खुजली बढ़ जाती है।
इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।
How we keep this article up to date:
We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.
-
Current Version
Oct 28, 2026 15:14 IST
Published By : Meera Tagore
Reviewed By : Dr Karuna Malhotra
