हस्तमैथुन सेक्शुअल डेवलपमेंट का एक सामान्य और स्वस्थ हिस्सा है। आमतौर पर पुरुषों को इस संबंध में बात करते हुए अधिक देखा जाता है। विशेषज्ञ के अनुसार यौन आनंद के लिए अपने हाथों, उंगलियों, सेक्स टॉयज या अन्य चीजों का उपयोग करके अपने जननांगों और शरीर के अन्य संवेदनशील हिस्सों को सहलाया या उत्तेजित किया जाता है। बहरहाल, कई लोगों के मन में यह सवाल जरूर उठता है कि क्या हस्तमैथुन करने से पुरुषों की सेहत पर बुरा असर पड़ता है?
इस बारे में नवी मुंबई स्थित मेडिकवर अस्पताल के यूरोलॉजिस्ट, एंड्रोलॉजिस्ट और सेक्सोलॉजिस्ट डॉ. विजय दहिफले कहते हैं, "सामान्यतः हस्तमैथुन करने से पुरुषों के स्वास्थ्य को किसी तरह का नुकसान नहीं होता है। हां, अगर कोई हस्तमैथुन की क्रिया को बहुत रफली या कठोरता के साथ करता है, तो लिंग की त्वचा खिंच सकती है, जिसमें हल्के दर्द का एहसास हो सकता है। इसके अलावा, अगर कोई हस्तमैथुन की प्रक्रिया को बार-बार दोहराता है, तो इसमें पुरुषों के जननांग में सूजन या रेडनेस आ सकती है। हालांकि, ये समस्याएं इतनी छोटी हैं कि अपने आप एक-दो दिनों में ठीक भी हो जाती हैं।"
हस्तमैथुन से जुड़े सबसे बड़े मिथक और उनकी डॉक्टर द्वारा बताई गई सच्चाई
Does Masturbation Affect Mens Health
1. मिथकः हस्तमैथुन करने से शरीर में कमजोरी आती है
सच्चाईः सीमित मात्रा में हस्तमैथुन करने से शरीर में किसी तरह की कमजोरी नहीं आती है। इसके विपरीत, हस्तमैथुन करने से ऑर्गेज्म के बाद शरीर में प्रोलैक्टिन और ऑक्सीटोसिन जैसे हार्मोन रिलीज होते हैं। नतीजतन, कुछ समय के लिए व्यक्ति थकान और सुस्ती महसूस कर सकता है।
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2. मिथकः हस्तमैथुन से नपुंसकता बढ़ती है
सच्चाईः यह पूरी तरह गलत है। सीमित मात्रा में हस्तमैथुन करने से स्पर्म क्वालिटी या इसकी गुणवत्ता पर कोई विशेष असर नहीं पड़ता है। हालांकि, लगातार इजैकुलेशन से वीर्य की गुणवत्ता पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है। Clinical and Experimental Obstetrics & Gynecologyमें प्रकाशित शोध से पता चलता है कि लगातार वीर्य स्खलन करने से वीर्य की कुल मात्रा और शुक्राणुओं की संख्या में कुछ कमी देखी जा सकती है। डॉ. विजय दहिफले कहते हैं कि इसका हस्तमैथुन से कोई सीधा संबंध नहीं है। इसका नपुंसकता से कोई सीधा संबंध नहीं है।
3. मिथकः हस्तमैथुन से इरेक्टाइल डिस्फंक्शन की दिक्कत हो सकती है
साल 2022 में International Journal of Impotence Research में प्रकाशित एक शोध पत्र के अनुसार, हस्तमैथुन अपने आप में इरेक्टाइल डिस्फंक्शन का कारण नहीं बनता है। हालांकि, कोई पुरुष हस्तमैथुन के दौरान किसी तरह की गतिविधि करता है, यह बात अधिक मायने रखती है। डॉ. विजय दहिफले की मानें, तो अगर कोई पुरुष अपने लिंग को अधिक कसकर पकड़ने की आदत डाल लेता है या इसके साथ लगातार पोर्न देखने की आदत जोड़ लेता है, तो कुछ समय के लिए वास्तविक यौन संबंध के दौरान संवेदनशीलता प्रभावित हो सकती है।’
क्या हस्तमैथुन से शारीरिक या मानसिक कमजोरी आती है?
हस्तमैथुन करने से शारीरिक थकान और सुस्ती हो सकती है, लेकिन इसकी वजह से कमजोरी नहीं आ सकती है और न ही इसका मेंटल हेल्थ पर किसी तरह का नेगेटिव असर पड़ता है। Frontiers in Psychology में प्रकाशित साइंटिफिक रिव्यू आर्टिकल के अनुसार, हस्तमैथुन या वीर्यपात से सामान्य या मानसिक स्वास्थ्य पर कोई प्रत्यक्ष या हानिकारक प्रभाव नहीं पड़ता है। असल में, इस संबंध में कोई वैज्ञानिक साक्ष्य मौजूद नहीं है। हालांकि, कोई हस्तमैथुन क्रिया को किस तरह अंजाम देता है, वह भी मायने रखती है।
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क्या सीमित हस्तमैथुन पुरुषों की सेहत के लिए फायदेमंद है?
विशेषज्ञ साफ करते हैं कि सीमित हस्तमैथुन करना पुरुष मानसिक, शारीरिक और भावनात्मक स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद है। इससे पुरुषों को निम्न लाभ मिल सकते हैं, जैसे-
- हस्तमैथुन करने से तनाव का स्तर कम होता है और एंग्जाइटी में कमी आती है।
- हस्तमैथुन करने से नींद की गुणवत्ता में सुधार होता है।
- हस्तमैथुन मूड को एन्हैंस करने के लिए भी फायदेमंद माना जाता है।
- वहीं, हस्तमैथुन करने से शारीरिक स्वास्थ्य में भी सुधार होता है।
- हस्तमैथुन करने से मांसपेशियों के तनाव में कमी आती है और कुछ पल के दर्द से भी राहत मिलती है।
- हस्तमैथुन से सेक्शुअल रिलेशनशिप में सुधार होता है।
अत्यधिक हस्तमैथुन (Over-masturbation) से शरीर पर क्या असर पड़ता है?
साल 2026 में Basic and Clinical Andrology में प्रकाशित साइंटिफिक रिसर्च के अनुसार, अत्यधिक हस्तमैथुन सीधे तौर पर शारीरिक नुकसान नहीं पहुंचाता। लेकिन यह मनोवैज्ञानिक कारक जैसे मानसिक तनाव, अपराध बोध यौन क्षमता को प्रभावित करते हैं। इसमें कोई दो राय नहीं है कि सीमित हस्तमैथुन करने से मानसिक, शारीरिक और भावनात्मक लाभ मिलते हैं। लेकिन, अगर कोई पुरुष अत्यधिक हस्तमैथुन करता है, तो इसका शरीर पर बुरा प्रभाव पड़ सकता है, जैसे-
- बार-बार हस्तमैथुन करने से लिंग की त्वचा पर खिंचाव पैदा हो सकता है।
- हस्तमैथुन की अत्यधिकता लिंग की सेंसिटिविटी को कम कर सकती है।
- लगातार हस्तमैथुन से लिंग की मांसपेशियों पर दबाव पड़ सकता है।
- अत्यधिक हस्तमैथुन से रोजमर्रा के कामकाज भी बाधित हो सकते हैं।
- कुछ पुरुषों को बार-बार हस्तमैथुन करने का गिल्ट यानी अपराधबोध भी होने लगता है।
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हस्तमैथुन की लत से बचने के टिप्स
अगर किसी पुरुष को हस्तमैथुन की लत हो गई, जिसकी वजह से उनकी निजी जिंदगी भी प्रभावित हो रही है और रिश्तों पर भी बुरा असर पड़ रहा है, तो डॉ. विजय दहिफले द्वारा बताए गए टिप्स अपना सकते हैं, जैसे-
- उन चीजों को समझें, जो हस्तमैथुन के लिए ट्रिगर करते हैं।
- पोर्न आदि अश्लील चीजों से दूरी बनाने की कोशिश करें।
- दिन भर एक्टिव रहें और खुद को अन्य कामों में व्यस्त रखें।
- अकेले रहने से बचें, ताकि हस्तमैथुन के लिए समय न मिले।
- तनाव है, तो उसे मैनेज करने के लिए अन्य तरीकों को अपनाएं।
- अगर आप हस्तमैथुन की आदत को छोड़ नहीं पा रहे हैं, तो प्रोफेशनल की मदद लें।
- जरूरी हो, तो सपोर्ट ग्रुप का हिस्सा बन सकते हैं।
निष्कर्ष
हस्तमैथुन एक सामान्य क्रिया है। इसे करने में कोई बुराई नहीं है, बशर्ते आप इसकी लत का शिकार न हो जाएं। कभी-कभार हस्तमैथुन करने से पुरुषों को स्वास्थ्य लाभ मिल सकते हैं। यहां तक कि इसका सकारात्मक असर उनकी मेंटल हेल्थ पर भी पड़ता है। वहीं, अगर किसी को हस्तमैथुन की आदत हो जाए, तो इसका नेगेटिव प्रभाव भी नजर आ सकता है। इसलिए, अगर कभी लगे कि हस्तमैथुन के कारण स्वास्थ्य बिगड़ रहा है, तो प्रोफेशनल की मदद लेने में हिचकिचाए नहीं।
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FAQ
क्या हस्तमैथुन करने से चेहरे पर मुंहासे या डार्क सर्कल्स हो सकते हैं?
नहीं, यह पूरी तरह से एक मिथक है। हस्तमैथुन का त्वचा के मुंहासों या डार्क सर्कल्स से कोई प्रत्यक्ष वैज्ञानिक संबंध नहीं है।क्या हस्तमैथुन की वजह से शादी के बाद बच्चे पैदा करने में कोई परेशानी आती है?
ऐसा नहीं होता है। सीमित हस्तमैथुन करने से पुरुषों की प्रजनन क्षमता या शुक्राणुओं के स्वास्थ्य पर कोई स्थायी बुरा प्रभाव नहीं पड़ता है।
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Oct 13, 2026 16:26 IST
Published By : Meera Tagore
Reviewed By : Dr Vijay S Dahiphale
