Fri Sep 18, 2026 | 01:44 PM IST

Medically Reviewed by Dr Vineet Malhotra , Consultant Urologist, Andrologist & Microsurgeon

Chemsex क्या है और क्यों खतरनाक है? युवाओं में बढ़ रहे इस कल्चर को लेकर NCB ने क्यों जारी किया अलर्ट

हाल ही में NCB ने केमसेक्स (Chemsex) के बढ़ते ट्रेंड को लेकर एडवाइजरी जारी की है। ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर इस शब्द का तेजी से चलन बढ़ रहा है, लेकिन इससे सेहत को होने वाले नुकसान के बारे में जानना बहुत जरूरी है। इस लेख में डॉक्टर ने Chemsex के बारे में पूरी जानकारी दी है और साथ ही यह भी बताया है कि क्यों सेहत के लिए खतरनाक हो सकती है।

नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) ने पब्लिक एडवाइजरी जारी करके पेरेंट्स, टीचर्स और इससे जुड़े लोगों को अलर्ट किया है कि केमसेक्स (Chemsex) तेजी से ट्रेंड हो रहा है। खासतौर पर युवा इससे काफी ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं। NCB के मुताबिक, इस ट्रेंड के कारण लोगों में नशे की लत, फिजिकल और मेंटल हेल्थ को नुकसान पहुंच रहा है। इसलिए यह समझना बहुत जरूरी है कि Chemsex क्या है, इसमें कौन से ड्रग्स शामिल है और यह कितना खतरनाक हो सकता है? इस बारे में जानने के लिए हमने Dr. Vineet Malhotra, Senior Consultant in Urology & Andrology, VNA Hospital, Delhi से बात की।

Chemsex क्या है?

Dr. Vineet Malhotra कहते हैं, “Chemsex का मतलब है कि यौन संबंध बनाने से पहले या उसके दौरान कुछ खास तरह के नशीले पदार्थों का जानबूझकर इस्तेमाल किया जाता है, ताकि यौन इच्छा, उत्तेजना या सेक्शुअल एक्टिविटीज का समय बढ़ाया जा सके। कुछ लोगों को इन नशीले पदार्थों की लत लग जाती है, लेकिन असल में यह शारीरिक और मानसिक सेहत के लिए गंभीर खतरा बन सकता है।”

Dr. Vineet Malhotra ने बताया कि Chemsex में इस्तेमाल ड्रग्स सीधे दिमाग पर असर डालते हैं और इंसान की फैसला लेने की क्षमता को प्रभावित कर सकते हैं। इस वजह से दुर्घटना, ओवरडोज, असुरक्षित यौन संबंध और मृत्यु का खतरा बढ़ सकता है।

Chemsex में किन ड्रग्स का इस्तेमाल होता है?

NCB और Dr. Vineet Malhotra के अनुसार, Chemsex में आमतौर पर इन ड्रग्स का इस्तेमाल ज्यादा होता है, जो सीधे दिमाग के न्यूरोट्रांसमीटर पर असर डालते हैं। इससे शुरुआत में व्यक्ति को बहुत ज्यादा एनर्जी महसूस होती है।

  • क्रिस्टल मेथामफेटामाइन (Crystal Methamphetamine)
  • गामा हाइड्रॉक्सीब्यूटिरेट (GHB)
  • गामा ब्यूटिरोलैक्टोन (GBL)
  • मेफेड्रोन (Mephedrone)
  • सिंथेटिक स्टिमुलेंट्स और नशीले पदार्थ

ड्रग्स का हेल्थ पर असर क्या पड़ता है?

Dr. Vineet Malhotra कहते हैं, “दरअसल, इन ड्रग्स का असर कुछ घंटों तक नहीं रहता, बल्कि जो लोग इन ड्रग्स का बार-बार इस्तेमाल करते हैं, वे इसके आदी हो जाते हैं। ऐसे में कई बार लोग ज्यादा एनर्जी के लिए अलग-अलग ड्रग्स एक साथ ले लेते हैं, जिससे ओवरडोज हो सकता है।”

NCB के अनुसार, अगर ये ड्रग्स लेने के बाद अचानक ये बदलाव दिखें, तो तुरंत डॉक्टर को दिखाएं।

  • आंखों की पुतलियों का असामान्य रूप से बड़ा होना
  • आंखों का लाल होना
  • बहुत ज्यादा बेचैनी महसूस होना
  • बिना वजह गुस्सा आना
  • भ्रम महसूस होना
  • हाथ कांपना
  • लगातार कई घंटों तक नींद न आना
  • खाने और सोने की आदतों में अचानक बदलाव 

chemsex

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क्या कहती है स्टडी?

Current Neuropharmacology के मुताबिक, इसमें वे पुरुष शामिल होते हैं, जो पुरुषों के साथ ही सेक्शुअल संबंध बनाते हैं। हालांकि, यह ट्रेंड किसी एक कम्युनिटी तक सीमित नहीं है। इसलिए इसे पब्लिक हेल्थ की समस्या माना जा रहा है। इस स्टडी में बताया गया है कि Chemsex में इस्तेमाल होने वाले ड्रग्स के कारण मलाशय में चोट लगने से ट्रॉमा, बिना सहमति के यौन संबंध बनाना, नशे के असर के कारण कंडोम का इस्तेमाल करने से HIV, हेपेटाइटिस सी और STI रोग हो सकते हैं। इससे आंतों में संक्रमण होने का खतरा बढ़ सकता है।

ओवरडोज होने पर क्या हो सकता है?

Dr. Vineet Malhotra बताया कि जब कोई एक से ज्यादा ड्रग लेता है, तो उसे पॉलीड्रग यूज कहा जाता है। इस कंडीशन में शरीर पर कई तरह के केमिकल्स एक साथ असर करते हैं, जिससे खतरा कई गुना बढ़ सकता है। खासतौर पर GHB और GBL जैसी ड्रग्स के ओवरडोज से ये समस्याएं हो सकती हैं।

फिजिकल हेल्थ पर असर

  • सांस लेने में दिक्कत
  • अचानक बेहोशी
  • हार्ट बीट का असामान्य हो जाना
  • ब्लड प्रेशर का बहुत कम या बहुत ज्यादा होना
  • दौरे पड़ना
  • कोमा में चले जाना
  • मृत्यु तक का खतरा

ड्रग्स का मेंटल हेल्थ पर असर

Dr. Vineet Malhotra ने कहा कि शरीर पर ही नहीं, बल्कि ड्रग्स के लगातार इस्तेमाल या ओवरडोज से ये मानसिक समस्याएं देखने को मिल सकती हैं।

  • एंग्जायटी
  • डिप्रेशन
  • घबराहट
  • पैनिक अटैक
  • भ्रम
  • बहुत ज्यादा चिड़चिड़ापन
  • आत्महत्या के विचार

डॉक्टर की सलाह

Dr. Vineet Malhotra कहते हैं कि Chemsex से जुड़े रिस्क को देखते हुए लोगों में इससे जुड़ी जानकारी पहुंचाना बहुत जरूरी है। सेक्शुअल जीवन को बेहतर बनाने के लिए नशीले पदार्थों का इस्तेमाल बिल्कुल नहीं करना चाहिए, क्योंकि इससे कई तरह की फिजिकल और मेंटल हेल्थ से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं। कई लोग STI से जुड़ी समस्याओं का इलाज सामाजिक शर्म या डर की वजह से नहीं कराते, जबकि शुरुआती मदद मिलने पर रिकवरी की संभावना बेहतर होती है।

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निष्कर्ष
Chemsex के बढ़ते चलन को रोकने के लिए इससे जुड़ी बीमारियों के प्रति जागरूक कराना जरूरी है। ड्रग्स का इस्तेमाल करने से फिजिकल और मेंटल हेल्थ से जुड़ी गंभीर समस्याएं हो सकती हैं। अगर किसी व्यक्ति को सेक्शुअल हेल्थ से जुड़ी समस्या हो, तो उसकी मेडिकल सलाह लेनी चाहिए। अगर किसी को ड्रग्स की लत है और उससे जुड़े लक्षण परेशान कर रहे हो, तो बिना देर किए तुरंत डॉक्टर को दिखाना चाहिए।

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FAQ

  • क्या Chemsex से HIV का खतरा बढ़ सकता है?

    अगर नशे की वजह से असुरक्षित यौन संबंध बनाए जाएं या संक्रमित सुइयों का इस्तेमाल हो, तो HIV और अन्य यौन संचारित संक्रमणों का जोखिम बढ़ सकता है।
  • क्या Chemsex की लत लग सकती है?

    हां। इसमें इस्तेमाल होने वाले कई पदार्थ बहुत ज्यादा नशे की लत पैदा कर सकते हैं और मानसिक व शारीरिक स्वास्थ्य पर गंभीर असर डाल सकते हैं।

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Aneesh Rawat

Aneesh Rawat

Chief Sub Editor

अनीश रावत को हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में 16+ साल का अनुभव है। फिलहाल जागरण न्यू मीडिया के Onlymyhealth में चीफ सब एडिटर हैं। महिला स्वास्थ्य, बच्चों की सेहत, कैंसर, मेडिटेशन और योग पर Research based, doctor verified और SEO फ्रेंडली लेख लिखने में विशेषज्ञ हैं। न्यूज 24, ऑल इंडिया रेडियो और ThinkRight मेडिटेशन ऐप जैसे भरोसेमंद platforms पर काम कर चुकी हैं। Editorial Policy: अनीश द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Aug 03, 2026 19:26 IST

    Modified By : Aneesh Rawat
  • Aug 03, 2026 19:26 IST

    Published By : Aneesh Rawat
    Reviewed By : Dr Vineet Malhotra

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