महिलाओं की सेहत से जुड़ा एक खास पहलू है ब्रेस्ट हेल्थ यानी स्तनों का स्वास्थ्य। अक्सर महिलाएं शरीर के अन्य हिस्सों के मुकाबले, ब्रेस्ट की सेहत पर गौर नहीं करतीं। जबकि यह महिलाओं के शरीर का एक संवेदनशील हिस्सा है जिससे एक्सट्रा केयर की जरूरत होती है। ब्रेस्ट हेल्थ के लिए महंगे प्रोडक्ट की जरूरत नहीं होती, बल्कि रोजाना की कुछ आसान आदतें ब्रेस्ट हेल्थ को बेहतर बना सकती हैं। आइए जानते हैं ब्रेस्ट को स्वस्थ रखने के लिए महिलाओं को कौन-कौन सी आदतें अपनानी चाहिए? बेहतर जानकारी के लिए हमने Dr. Smriti Agrawal, Professor & Gynaecologist At Department Of Obstetrics & Gynaecology, King George's Medical University, Lucknow से बात की।
Mayo Clinic के मुताबिक, ब्रेस्ट कैंसर से बचाव की शुरुआत स्वस्थ आदतों से होती है। कई आदतें हैं जिनकी मदद से ब्रेस्ट कैंसर के जोखिम को कम कर सकते हैं और ब्रेस्ट को स्वस्थ बनाए रख सकते हैं। जैसे-
- अल्काेहल और धूम्रपान से परहेज।
- हेल्दी वजन बनाए रखना और फिजिकली एक्टिव होना।
- शिशु को स्तनपान कराना और हेल्दी डाइट लेना।
उम्र, पीरियड्स, गर्भावस्था, हार्मोनल बदलाव और स्तनपान के दौरान ब्रेस्ट में बदलाव होना सामान्य है, लेकिन ब्रेस्ट में असामान्य बदलाव को जानना जरूरी है। जब हमें इन बदलावों की जानकारी होगी, तो इलाज आसान हो जाएगा। यह जानकारी अच्छी आदतों की मदद से पता चलती है। आइए जानते हैं ब्रेस्ट हेल्थ से जुड़ी कुछ अच्छी आदतों के बारे में-
1. ब्रेस्ट और निप्पल की नियमित सफाई करें

नहाते समय ब्रेस्ट की त्वचा को साफ करने पर गौर करें। रोज नहाने के दौरान, ब्रेस्ट और निप्पल की त्वचा के आस-पास की त्वचा को पानी और साबुन की मदद से धीरे-धीरे साफ करें। ब्रेस्ट एरिया को साफ करने के बाद मुलायम तौलिए से त्वचा को रगड़ने के बजाय हल्के हाथों से सुखाएं। ब्रेस्ट पर ज्यादा साबुन, स्क्रब या तेज खुशबू वाले प्रोडक्ट का इस्तेमाल न करें क्योंकि इससे सेंसिटिव त्वचा में ड्राईनेस और जलन हो सकती है।
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2. ब्रा रोज बदलें और सही साइज चुनें
ब्रेस्ट को स्वस्थ रखने के लिए रोजाना ब्रा को बदलें। जरूरत होने पर एक से अधिक बार भी बदल सकते हैं। दिनभर ब्रा पहनने के बाद ब्रा में पसीना, त्वचा का ऑयल, गंदगी जमा हो सकती है इसलिए नियमित रूप से ब्रा को बदलें और साफ ब्रा पहनें। ज्यादा टाइट या ढीली ब्रा पहनने के बजाय सही साइज वाली ब्रा को चुनें। ब्रा का स्ट्रैप ज्यादा टाइट नहीं होना चाहिए। अगर ब्रा पहनने के बाद लाल निशान या असहजता महसूस हो, तो फिटिंग दोबारा चेक करें। किसी भी मौसम में कॉटन फैब्रिक की ब्रा पहनना ही त्वचा के लिए ज्यादा सुरक्षित माना जाता है।
3. सेल्फ ब्रेस्ट एग्जामिनेशन की आदत बनाएं
ब्रेस्ट को स्वस्थ रखने के लिए उसमें होने वाले बदलावों पर गौर करना जरूरी है। समय-समय पर सेल्फ ब्रेस्ट एग्जामिनेशन करें। शीशे के सामने ब्रेस्ट के आकार और त्वचा को देखें। अगर हाथ लगाने से गांठ जैसा महसूस हो, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। इसके अलावा त्वचा में बदलाव, निप्पल से असामान्य डिस्चार्ज हो, तो भी डॉक्टर से सलाह लें।
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4. ब्रेस्ट के नीचे नमी जमा न होने दें
ब्रेस्ट के नीचे वाले हिस्से को पसीने और नमी से बचाना चाहिए, वरना इससे इंफेक्शन हो सकता है। अगर ब्रेस्ट के नीचे का हिस्सा अक्सर गीला रहता है, तो इस पर गौर करने की जरूरत है। खासकर उमस वाले मौसम में। नमी से त्वचा में रेडनेस, खुजली, जलन और फंगल इंफेक्शन जैसी समस्याएं हो सकती हैं। नहाने के बाद ब्रेस्ट को अच्छी तरह से ड्राई करें। पसीना आने के बाद ब्रा को बदल लें और बहुत टाइट ब्रा पहनने से बचें, इससे पसीना ज्यादा नहीं आएगा।
5. ब्रेस्ट की त्वचा में बदलाव पर गौर करें
ब्रेस्ट की त्वचा की नियमित जांच करें। समय-समय पर ब्रेस्ट की त्वचा में बदलाव पर गौर करें। ब्रेस्ट की त्वचा में असामान्य गांठ, रेडनेस, सूजन पर गौर करें। हालांकि, त्वचा में बदलाव के पीछे हमेशा गंभीर बीमारी नहीं होती, लेकिन बदलावों को नजरअंदाज न करें।
निष्कर्ष:
ब्रेस्ट और निप्पल की नियमित सफाई करें, रोजाना ब्रा बदलें और सही साइज चुनें, खुशबू वाले किसी प्रोडक्ट को ब्रेस्ट पर अप्लाई न करें, समय-समय पर सेल्फ ब्रेस्ट एग्जामिनेशन करें, ब्रेस्ट के नीचे नमी को जमा होने न दें और ब्रेस्ट की त्वचा में बदलाव पर गौर करें। गांठ, रेडनेस, खुजली या जलन होने पर डॉक्टर से सलाह लें।
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FAQ
क्या ब्रेस्ट में दर्द होना सामान्य है?
पीरियड्स के आसपास हार्मोनल बदलाव होते हैं जिसके कारण ब्रेस्ट में दर्द हो सकता है, लेकिन दर्द बार-बार हो या बिना किसी कारण के हो, तो डॉक्टर से संपर्क करें।निप्पल से डिस्चार्ज हो तो क्या करें?
गर्भावस्था और स्तनपान में दूध जैसा डिस्चार्ज सामान्य हो सकता है, लेकिन इसके अलावा निप्पल से निकलने वाले डिस्चार्ज को डॉक्टर को दिखाना चाहिए। हालांकि, इसके पीछे हमेशा गंभीर बीमारी नहीं होता, लेकिन जांच जरूरी है।
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Aug 31, 2026 16:52 IST
Published By : Yashaswi Mathur
Reviewed By : Prof Dr Smriti Agrawal