Sun Oct 18, 2026 | 05:20 PM IST

Medically Reviewed by Dr Major Rajesh Bhardwaj , ENT Specialist & Head and Neck Surgeon

कान में चला गया है कीड़ा इस तरीके से निकालें बाहर, नहीं होगा दर्द

कान में कीड़ा जाने पर घबराना नहीं चाहिए, बल्कि सुरक्षित तरीके से उसे निकालने की कोशिश करनी चाहिए। डॉक्टर के अनुसार, उंगली या ईयरबड का उपयोग करने से बचें और यदि कीड़ा न निकले तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
कान में चला गया है कीड़ा इस तरीके से निकालें बाहर, नहीं होगा दर्दकान में चला गया है कीड़ा इस तरीके से निकालें बाहर, नहीं होगा दर्द

किसी भी व्यक्ति के कान में कीड़ा चला जाना एक डरावना और दर्द भरा अनुभव हो सकता है। ऐसी स्थिति में कई बार व्यक्ति घबराकर कान में उंगली, ईयरबड या कोई दूसरी चीज डालकर कीड़े को निकालने की कोशिश करता है। हालांकि, ऐसा करने से कीड़ा कान के और अंदर जा सकता है या कान की नाजुक स्किन और पर्दे को चोट पहुंचा सकता है। इसलिए, कान से कीड़े बाहर निकालने के लिए खास ध्यान रखना जरूरी है। Dr. (Major) Rajesh Bhardwaj, Consultant MedFirst ENT Centre, New Delhi का कहना है कि कान में कीड़ा जाने पर घबराना नहीं चाहिए, बल्कि इसे आराम से बाहर निकालने की कोशिश करनी चाहिए।

कान में कीड़ा चला जाए, तो उसे कैसे निकालें?

Dr. Rajesh Bhardwaj का कहना है कि अगर कीड़ा कान के बाहरी हिस्से में दिखाई दे रहा है तो सिर को प्रभावित कान की तरफ झुकाकर देखें कि क्या वह अपने आप बाहर निकलता है। कान को जोर से झटकने या सिर को बार-बार पटकने से बचें। अगर कीड़ा कान से बाहर नहीं निकलता है या कान में कीड़े के कारण दर्द हो रहा है तो उसे खुद से बाहर निकालने की कोशिश जारी न रखें।

Clinical Practice and Cases in Emergency Medicine के अनुसार, कान में फंसे कीड़े को तुरंत मारने के लिए मिनरल ऑयल और 1–2% नॉन-विस्कस लिडोकेन घोल सबसे प्रभावी और सुरक्षित विकल्प हैं। लिडोकेन में सुन्न करने के गुण होते हैं, जो लगभग 20 सेकंड के अंदर कीड़े की हलचल बंद कर देते हैं और दर्द से तुरंत राहत दिलाते हैं।

कान में कीड़ा होने पर कौन सी गलतियां करने से बचें?

Dr. Rajesh Bhardwaj के अनुसार, कान में कीड़ा चले जाने पर इन्हें बाहर निकालने के लिए इन गलतियों को करने से बचना चाहिए, ताकि कान में इंफेक्शन या घाव जैसी समस्याओं से बचा जा सके-

1. कान में उंगली या ईयरबड न डालें

अगर कान में कीड़ा चला गया है, तो उसे निकालने के लिए उंगली, चिमटी, माचिस की तीली या ईयरबड का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। इससे कान की नली में खरोंच आ सकती है और कीड़ा अंदर की ओर धकेला जा सकता है। अगर कीड़ा हिल रहा है तो इससे दर्द और परेशानी भी बढ़ सकती है।

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2. कान में तेल या पानी डालने से पहले सावधानी बरतें

कई लोग कान में कीड़ा जाने पर सरसों का तेल या पानी डालने की सलाह दी जाती है, लेकिन ऐसा हर स्थिति में सुरक्षित नहीं होता है। अगर कान के पर्दे में छेद है, कान में इंफेक्शन है या कान से पानी अथवा खून निकल रहा है तो किसी भी तरह का लिक्विड डालने से नुकसान बढ़ सकता है। इसलिए, बिना डॉक्टर की सलाह के कान में तेल, पानी या कोई अन्य घरेलू चीज नहीं डालनी चाहिए।

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इन लक्षणों को नजरअंदाज न करें

Dr. Rajesh Bhardwaj बताते हैं कि अगर कान में तेज दर्द, खून आना, सुनाई देने में परेशानी, चक्कर आना या कान से किसी तरह का लिक्विड निकलने लगे तो तुरंत डॉक्टर से कंसल्ट करना चाहिए। कीड़े के निकल जाने के बाद भी दर्द या कान में कुछ फंसा होने का एहसास बना रहे तो डॉक्टर से चेक करवाना जरूरी है।

कान के अंदर कीड़ा जाने पर क्या समस्याएं होती हैं?

Dr. Rajesh Bhardwaj के अनुसार, कान के अंदर कीड़ा चले जाने पर व्यक्ति को कई तरह की समस्याएं हो सकती हैं, जिनमें शामिल हैं-

  • तेज दर्द और बेचैनी- कान के अंदर कीड़े जाने पर उनके हिलने या डुलने या काटने के कारण कान के अंदर तेज चुभन, दर्द और असुविधा महसूस होती है।
  • खुजली और गुदगुदी- कीड़े के पैरों या पंखों की हरकत के कारण कान के अंदर लगातार गुदगुदी या खलबली होती रहती है।
  • कम सुनाई देना- कीड़े के कान में जाने पर सूजन हो सकती है, जिसके कारण उस कान से कम सुनाई देने लगती है।
  • कान में अजीब आवाजें- कान में कीड़े के फड़फड़ाने या रेंगने के कारण कान के अंदर लगातार भिनभिनाहट, सरसराहट या गूंजने जैसी आवाजें सुनाई देती हैं।
  • इंफेक्शन और सूजन- अगर कीड़ा कान के अंदर ही मर जाए या उसे निकालने की कोशिश में कान की अंदरूनी स्किन छिल जाए, तो वहां सूजन, पस और गंभीर इंफेक्शन का खतरा बढ़ जाता है।
  • चक्कर आना या घबराहट- कान के अंदरूनी हिस्से पर प्रेशर पड़ने से कई बार चक्कर आने की समस्या या ज्यादा मानसिक तनाव बढ़ने लगता है।

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कब डॉक्टर के पास जाना चाहिए? 

अगर कीड़ा कान के अंदर चला गया है और बाहर नहीं निकल रहा है तो ईएनटी स्पेशलिस्ट से संपर्क करना चाहिए। डॉक्टर सही उपकरणों की मदद से कीड़े को सुरक्षित तरीके से बाहर निकाल सकते हैं और यह भी देख सकते हैं कि कान की नली या पर्दे को कोई चोट तो नहीं लगी है। खासतौर पर बच्चों के मामले में घर पर कीड़ा कान से बाहर निकालने के बजाय डॉक्टर की मदद लेना बेहतर होता है।

निष्कर्ष
कान में कीड़ा चला जाना एक खराब स्थिति हो सकती है, लेकिन घबराने के बजाय सही और सुरक्षित तरीका अपनाना बहुत जरूरी है। कीड़े को बाहर निकालने के लिए सिर को टेढ़ा करना असरदार हो सकता है, लेकिन अगर कीड़ा बाहर न निकले तो तुरंत डॉक्टर से कंसल्ट करना चाहिए। कान बहुत सेंसिटिव अंग है, इसलिए कीड़ा निकालने के चक्कर में जल्दबाजी करना नुकसानदायक हो सकता है। सबसे जरूरी है कि कान में कोई भी नुकीली चीज डालने से बचें।
Image Credit: Freepik

FAQ

  • कैसे पता चलेगा कि बच्चे के कान में कीड़े हैं?

    बच्चे के कान में कीड़ा होने पर वह लगातार उस कान को खुजाता या पकड़ता है, तेज दर्द और असुविधा के कारण बहुत ज्यादा रोता है या कान के अंदर किसी चीज के रेंगने या फड़फड़ाने के कारण बेचैनी महसूस करता है।
  • क्या रात में कान में ड्रॉप डालना चाहिए?

    हां, जरूरत पड़ने पर रात में भी कान में ड्रॉप डाली जा सकती है, खासकर तब जब डॉक्टर ने ऐसा समय तय किया हो। हालांकि, ड्रॉप डालने के बाद तुरंत सोने के बजाय थोड़ी देर करवट लेकर लेटें।

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कात्यायनी तिवारी पिछले 6 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। करियर की शुरुआत उन्होंने न्यूज चैनल से की और बाद में डिजिटल मीडिया में हेल्थ और लाइफस्टाइल विषयों पर काम करना शुरू किया। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हैं।वह महिला स्वास्थ्य, पोषण, आयुर्वेद, योग, स्किन हेल्थ और प्रेग्नेंसी जैसे विषयों पर लिखती हैं। उनका प्रयास रहता है कि ताजा रिसर्च, विशेषज्ञ डॉक्टरों की राय और प्रमाणित स्रोतों के आधार पर सही स्वास्थ्य जानकारी सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचे। जिन लेखों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है।OnlyMyHealth से पहले वह Jantantra TV और Boldsky के साथ काम कर चुकी हैं।

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    Oct 18, 2026 16:02 IST

    Published By : Katyayani Tiwari
    Reviewed By : Dr Major Rajesh Bhardwaj