Thu Sep 24, 2026 | 05:38 PM IST

Medically Reviewed by Archana Jain , Nutritionist

रात में दूध पीने के कितनी देर बाद सोना चाहिए? एक्सपर्ट से जानें सही समय

बच्चे से लेकर बुजुर्ग तक सभी लोग दूध पीना पसंद करते हैं, जिसके अनेक फायदे होते हैं। यहां न्यूट्रिशनिस्ट से जानिए, रात में दूध पीने का सही समय और किन लोगों को सावधानी रखनी चाहिए।
रात में दूध पीने के कितनी देर बाद सोना चाहिए? एक्सपर्ट से जानें सही समयरात में दूध पीने के कितनी देर बाद सोना चाहिए? एक्सपर्ट से जानें सही समय

रात को सोने से पहले एक गिलास गर्म दूध पीना भारतीय घरों में काफी पुरानी आदत है। कई लोग मानते हैं कि रात में दूध पीने से शरीर को ताकत मिलती है और नींद भी अच्छी आती है लेकिन क्या दूध पीते ही बिस्तर पर चले जाना सही है? या फिर दूध पीने और सोने के बीच कुछ समय का अंतर रखना जरूरी है? जयपुर स्थित Angelcare-A Nutrition and Wellness Center की निदेशक, डाइटीशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन के अनुसार, रात में दूध पीने का सही समय हर व्यक्ति के लिए एक जैसा नहीं हो सकता है। कुछ लोगों को दूध आसानी से पच जाता है और इसे पीने के बाद किसी तरह की परेशानी नहीं होती, जबकि कुछ लोगों को रात में दूध पीने के बाद पेट भारी लगना, गैस, पेट फूलना या सीने में जलन जैसी समस्या हो सकती है। खासकर अगर दूध पीने के तुरंत बाद लेटने की आदत हो, तो कुछ लोगों में असहजता बढ़ सकती है।

रात में दूध पीने के कितनी देर बाद सोना चाहिए?

न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन के अनुसार, आमतौर पर रात में दूध पीने के बाद करीब 30 मिनट से 1 घंटे का अंतर रखकर सोना एक सही तरीका हो सकता है। इससे दूध पीने के तुरंत बाद लेटने की स्थिति से बचा जा सकता है और शरीर को इसे पचाने के लिए कुछ समय मिल जाता है। हालांकि, ऐसा कोई एक निश्चित समय नहीं है जो हर व्यक्ति पर समान रूप से लागू हो। अगर किसी व्यक्ति को दूध आसानी से पच जाता है और इसे पीने के बाद कोई परेशानी नहीं होती, तो उसका रूटीन थोड़ा अलग हो सकता है।

  • दूध पीने के तुरंत बाद लेटने से कुछ लोगों को पेट भारी लग सकता है।
  • खासकर जिन लोगों को अपच, गैस या एसिड रिफ्लक्स की समस्या रहती है, उन्हें खाने-पीने के तुरंत बाद लेटने से असहजता हो सकती है।
  • दूध में लैक्टोज नामक नेचुरल शुगर होती है। जिन लोगों को लैक्टोज पचाने में परेशानी होती है, उन्हें दूध पीने के बाद पेट फूलना, गैस, मरोड़ या दस्त जैसे लक्षण भी हो सकते हैं।
  • ऐसे लोगों के लिए सोने से ठीक पहले दूध पीना परेशानी बढ़ा सकता है।

साल 2020 में International Journal of Environmental Research and Public Health में प्रकाशित सिस्टमैटिक रिव्यू के अनुसार, बैलेंस डाइट में दूध और डेयरी प्रोडक्ट्स को शामिल करना अच्छी नींद की क्वालिटी के लिए फायदेमंद हो सकता है। हालांकि कुछ स्टडीज के नतीजे मिले-जुले थे, लेकिन पर्याप्त मात्रा में दूध पीने वाले लोग अक्सर अपनी रोजाना की कैल्शियम की जरूरत को पूरा करते हैं और उनकी लाइफस्टाइल व नींद की आदतें बेहतर होती हैं। अच्छी नींद बनाए रखने के लिए केवल एक चीज पर निर्भर रहने के बजाय हेल्दी डाइट सहित अन्य सभी अच्छी आदतों का ध्यान रखना भी जरूरी है।

क्या रात में दूध पीने से नींद अच्छी आती है?

न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन बताती हैं कि रात में गर्म दूध पीने से कुछ लोगों को आराम महसूस हो सकता है और यह उनके सोने के रूटीन का हिस्सा बन सकता है लेकिन दूध को नींद की समस्या का इलाज नहीं माना जा सकता। अगर किसी व्यक्ति को लगातार नींद नहीं आती या रात में बार-बार नींद खुलती है, तो केवल दूध पर निर्भर रहने के बजाय इसके कारणों पर ध्यान देना जरूरी है।

milk before sleep timemilk before sleep time

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दूध में क्या मिलाकर पीना चाहिए?

न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन सलाह देती हैं कि कई लोग रात के दूध में चीनी, हल्दी, ड्राई फ्रूट्स या अन्य चीजें मिलाकर पीते हैं लेकिन हर व्यक्ति के लिए इन चीजों की जरूरत नहीं होती। अगर आप रोजाना दूध पीते हैं, तो उसमें ज्यादा चीनी की मात्रा पर ध्यान देना जरूरी है। खासकर जिन लोगों को अपनी कैलोरी या ब्लड शुगर का ध्यान रखना पड़ता है, उन्हें दूध में मीठी चीजें मिलाने से पहले डाइटीशियन की सलाह लेनी चाहिए।

दूध किन लोगों को नहीं पीना चाहिए?

न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन सलाह देती हैं कि जिन लोगों को दूध पीने के बाद बार-बार गैस, पेट फूलना, दर्द या दस्त होते हैं, उन्हें लैक्टोज इनटॉलरेंस जैसी समस्या हो सकती है। ऐसे लोगों को बिना सलाह के दूध पीना जारी रखने के बजाय एक्सपर्ट से बात करनी चाहिए। इसी तरह, अगर दूध पीने के बाद सीने में जलन या खट्टी डकार की समस्या बढ़ती है, तो सोने के बिल्कुल करीब दूध पीने से बचना बेहतर हो सकता है।

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निष्कर्ष

रात में दूध पीने के बाद तुरंत सोने के बजाय करीब 30 मिनट से 1 घंटे का अंतर रखना कई लोगों के लिए बेहतर विकल्प हो सकता है। इससे दूध पीने और लेटने के बीच थोड़ा समय मिल जाता है। हालांकि, दूध पीने का सही समय हर व्यक्ति की पाचन क्षमता, डिनर के समय और हेल्थ कंडीशन पर निर्भर करता है। अगर दूध पीने के बाद नियमित रूप से गैस, पेट फूलना, सीने में जलन या अन्य परेशानी होती है, तो डाइटीशियन या डॉक्टर से सलाह लेना सही है।

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FAQ

  • क्या सुबह की बजाय रात में दूध पीना ज्यादा फायदेमंद होता है?

    दूध पीने का समय अपने आप में इसे ज्यादा पौष्टिक नहीं बनाता। इसे कब लेना फायदेमंद है, यह व्यक्ति की डाइट और डेली रूटीन पर निर्भर करता है।
  • क्या दूध पीने के बाद टहलना चाहिए?

    दूध पीने के बाद हल्की एक्टिविटी कुछ लोगों को आरामदायक लग सकती है, खासकर अगर पेट भारी महसूस होता हो। 
  • क्या रात में दूध पीने से वजन बढ़ता है?

    सिर्फ रात में दूध पीने से वजन नहीं बढ़ता है। वजन पर पूरे दिन के कुल कैलोरी सेवन, फिजिकल एक्टिविटी और खान-पान का असर पड़ता है।

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Akanksha Tiwari

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Senior Sub Editor

आकांक्षा तिवारी हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में 6 साल का अनुभव रखती हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत डिजिटल मीडिया से की और फिलहाल जागरण न्यू मीडिया (Onlymyhealth) में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। आकांक्षा को स्वास्थ्य, पोषण और फिटनेस जैसे विषयों पर लिखने का अच्छा अनुभव है। वे पत्रकारिता और जनसंचार में पोस्ट ग्रैजुएट हैं। रिसर्च, SEO और फैक्ट-चेकिंग में उनकी खास पकड़ है और वे हमेशा प्रमाणिक और भरोसेमंद जानकारी देने की कोशिश करती हैं। Editorial Policy: आकांक्षा द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Sep 24, 2026 16:53 IST

    Published By : Akanksha Tiwari
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