आयुर्वेद में बालों के झड़ने की समस्या को खालित्य कहा जाता है। आयुर्वेद में विशेष रूप से पित्त दोष के असंतुलन को बालों के झड़ने से जोड़ा जाता है। इसके अलावा वात और कफ दोष का असंतुलन भी बालों और स्कैल्प की स्थिति को प्रभावित कर सकता है। आयुर्वेद के अनुसार, शरीर में पित्त बढ़ने, खान-पान में पोषक तत्वों की कमी, तनाव, अनियमित दिनचर्या और पर्याप्त नींद न लेने जैसी स्थितियां हेयर फॉल का कारण बनती हैं। आयुर्वेदिक उपचार में दोषों का संतुलन बनाए रखने और हेयर फॉल को कंट्रोल करने के लिए भृंगराज, आंवला, त्रिफला, मेथी और अश्वगंधा जैसी जड़ी-बूटियों का इस्तेमाल पारंपरिक रूप से किया जाता है। आइए जानते हैं इन जड़ी-बूटियों का सेवन कैसे करें और इनके क्या फायदे हैं? बेहतर जानकारी के लिए हमने Ayurveda Expert Dr. Shrey Sharma, Ramhans Charitable Hospital, Haryana से बात की।
Journal Of Ayurveda And Integrated Medical Sciences के अनुसार,
अष्टांग हृदय के मुताबिक, जब पित्त दोष का संपर्क वात या कफ दोष से होता है, तो बाल झड़ने की समस्या हो सकती है। आचार्य चरक के अनुसार, तेज और वात आदि दोषों का प्रभाव तेजी से सिर की त्वचा पर पड़ता है, जिससे खालित्य रोग यानी हेयर फॉल हो सकता है।
1. भृंगराज
आयुर्वेद में भृंगराज का इस्तेमाल बालों की देखभाल के लिए किया जाता है। भृंगराज लिवर टॉनिक भी होता है। यह शरीर को डिटॉक्स करता है। साल 2025 में Journal Of Ayurveda And Integrated Medical Sciences में प्रकाशित एक अध्ययन के मुताबिक, भृंगराज एक्सट्रैक्ट के सेवन से बाल झड़ने में कमी देखी गई। हफ्तेभर में बाल झड़ने की औसत संख्या 512.6 से घटकर 205.4 रह गई।
सेवन का तरीका:
भृंगराज के पौधे के अलग-अलग हिस्से सेहत के लिए फायदेमंद माने जाते हैं। भृंगराज को धोकर इसकी जड़, टहनी, फूल को कूटकर रस बना लें और इसका सेवन करें।
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2. त्रिफला
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त्रिफला को आंवला, हरड़ और बहेड़ा के मिश्रण से बनाया जाता है। इसका इस्तेमाल पारंपरिक रूप से पाचन संबंधित समस्याओं में किया जाता है। साथ ही, यह हेयर फॉल रोकने में भी मदद करता है। त्रिफला के पानी से बालों को धोना और डाइट में शामिल करना, दोनों ही तरीके फायदेमंद हैं।
सेवन का तरीका:
- त्रिफला के पाउडर को गुनगुने पानी में डालकर पी सकते हैं।
- त्रिफला का काढ़ा बनाकर पी सकते हैं।
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3. आंवला
आंवले में विटामिन सी और एंटीऑक्सीडेंट्स होते हैं। यह बालों को मजबूत बनाने में मदद कर सकता है। साल 2024 में Journal Of Ethnopharmacology में प्रकाशित एक अध्ययन के मुताबिक, आंवले का सेवन करने वाली महिलाओं में एंड्रोजेनेटिक हेयर लॉस को कम करने में मदद मिली और बालों की ग्रोथ को बढ़ावा मिला।
सेवन का तरीका:
- रोज भोजन के बाद एक छोटा ताजा आंवला खा सकते हैं।
- ताजा आंवले का जूस भी पी सकते हैं।
4. मेथी
मेथी के बीजों में फाइबर, प्रोटीन और अन्य पोषक तत्व होते हैं। इससे हेयर फॉल कंट्रोल करने में मदद मिलती है। साल 2006 में Cosmetic Medicine में प्रकाशित एक अध्ययन के मुताबिक, बाल झड़ने की समस्या से परेशान पुरुषों और महिलाओं पर मेथी के बीजों के अर्क के असर का अध्ययन किया गया। नतीजों में मेथी के अर्क और माइक्रोन्यूट्रिएंट्स वाले फूड सप्लीमेंट से बाल झड़ने की समस्या में लाभ देखा गया।
सेवन का तरीका:
- दाल, सब्जी या भोजन में सामान्य मात्रा में मेथी के बीज इस्तेमाल करें।
- सुबह मेथी के बीज का पानी पी सकते हैं।
5. अश्वगंधा
अगर स्ट्रेस के कारण हेयर फॉल हो रहा है, तो अश्वगंधा को डाइट में शामिल करें। यह बालों को मजबूत बना सकता है, स्ट्रेस कंट्रोल करता है और अनिद्रा की समस्या दूर करने में मदद करता है।
सेवन का तरीका:
- अश्वगंधा पाउडर को गुनगुने पानी या दूध में मिलाकर लिया जा सकता है।
- अश्वगंधा पाउडर की थोड़ी मात्रा को काढ़ा बनाने में भी इस्तेमाल किया जा सकता है।
बाल झड़ना बंद न होने पर क्या करें?
अगर बाल लगातार झड़ रहे हैं, मांग चौड़ी हो रही है या सिर पर खाली जगह दिखने लगी है, तो डर्मेटोलॉजिस्ट से संपर्क करें। डॉक्टर की सलाह के अनुसार CBC, आयरन और थायराइड की जांच कराएं।
निष्कर्ष:
बाल लगातार झड़ रहे हैं, तो भृंगराज, त्रिफला, आंवला, मेथी और अश्वगंधा जैसी जड़ी-बूटियों को डाइट में शामिल कर सकते हैं। इन सभी का इस्तेमाल काढ़ा बनाकर, पानी के रूप में या पाउडर के रूप में किया जा सकता है। इसे पेस्ट फॉर्म में बालों पर भी अप्लाई कर सकते हैं। अगर इन उपायों की मदद लेकर भी फर्क नजर न आए, तो सीबीसी, आयरन और थायराइड की जांच कराएं और हेयर फॉल के कारण का पता लगाएं।
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FAQ
क्या विटामिन की कमी से बाल झड़ते हैं?
हां, आयरन, जिंक, विटामिन बी12 और विटामिन डी जैसे पोषक तत्वों की कमी से कुछ लोगों में बाल झड़ने की समस्या हो सकती है।क्या बाल झड़ने पर बायोटिन सप्लीमेंट लेना चाहिए?
हर व्यक्ति को बाल झड़ने पर बायोटिन लेने की जरूरत नहीं होती। बायोटिन की कमी दुर्लभ है और इसकी कमी न होने पर सप्लीमेंट लेने से बाल बढ़ने का ठोस प्रमाण नहीं है।
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Oct 28, 2026 18:27 IST
Published By : Yashaswi Mathur
Reviewed By : Dr Shrey Sharma
