Thu Oct 15, 2026 | 11:01 PM IST

Medically Reviewed by Dr Rajeev Chowdry , General Physician & Internal Medicine Specialist, Yatharth Super Speciality Hospital, Faridabad | 23 Years of Clinical Experience

क्‍या आपको भी अचानक खड़े होने पर चक्कर आते हैं? डॉक्टर से जानें इसकी वजह

बैठने या लेटने के बाद जब अचानक खड़े होते हैं, तो कई बार चक्‍कर आ जाता है। इसके पीछे ऑर्थोस्टेटिक हाइपोटेंशन जैसी कई समस्‍याएं हो सकती हैं। डॉक्‍टर से जानें अन्‍य कारण।
क्‍या आपको भी अचानक खड़े होने पर चक्कर आते हैं? डॉक्टर से जानें इसकी वजहक्‍या आपको भी अचानक खड़े होने पर चक्कर आते हैं? डॉक्टर से जानें इसकी वजह

आपने नोट‍िस क‍िया होगा क‍ि कभी-कभी जब हम लेटे होते हैं या बैठे होते हैं और अचानक से खड़ा होना पड़ता है, तो चक्‍कर आ जाते हैं। इसे ऑर्थोस्टेटिक हाइपोटेंशन (Orthostatic Hypotension) कहा जाता है। आम भाषा में समझें, तो बीपी के अचानक ग‍िरने के कारण ऐसा होता है। जब कोई व्‍यक्‍त‍ि बैठने या लेटने के बाद अचानक खड़ा होता है, तो शरीर बीपी को स्‍थ‍िर रखने के ल‍िए तुरंत प्रत‍िक्र‍ि‍या करता है, लेक‍िन जब यह प्रक्र‍िया ठीक से नहीं हो पाती है, तो बीपी लो होता है और चक्‍कर, कमजोरी, धुंधला द‍िखना या बेहोशी जैसे लक्षण नजर आते हैं। हालांक‍ि, ऑर्थोस्टेटिक हाइपोटेंशन, अचानक खड़े होने पर चक्‍कर आने का केवल एक कारण है। इसके पीछे और भी कारण हो सकते हैं ज‍िनके बारे में वि‍स्‍तार से आगे जानते हैं। बेहतर जानकारी के ल‍िए हमने Dr. Rajeev Chowdry, Internal Medicine Specialist At Yatharth Super Speciality Hospital, Faridabad से बात की।

ऑर्थोस्टेटिक हाइपोटेंशन में क्या होता है?

dizziness-while-standing-updizziness-while-standing-up

खड़े होने पर शरीर के निचले हिस्से में कुछ मात्रा में ब्‍लड जमा हो जाता है। सामान्य स्थिति में शरीर तुरंत प्रतिक्रिया करके ब्लड फ्लो और ब्लड प्रेशर को बनाए रखता है, लेकिन ऑर्थोस्टेटिक हाइपोटेंशन में यह प्रतिक्रिया तुरंत से नहीं हो पाती। इसके कारण कुछ समय के लिए द‍िमाग तक ब्‍लड फ्लो कम हो सकता है और चक्कर जैसा महसूस होने लगता है। Mayo Clinic के मुताब‍िक, ऑर्थोस्टैटिक हाइपोटेंशन के लक्षण बार-बार दिखने पर डॉक्टर से संपर्क करना जरूरी है। कुछ सेकंड के लिए भी होश खो देना गंभीर बात है। ऐसे में तुरंत मेड‍िकल हेल्‍प लें।

यह भी पढ़ें- एक्‍सरसाइज के बाद अचानक चक्कर या कमजोरी महसूस होती है? जानें कब यह नॉर्मल है और कब खतरे का संकेत?

लंबे समय तक बैठे या लेटे रहने पर चक्‍कर आ सकते हैं

अगर आप लंबे समय तक बैठे या लेटे रहते हैं और अचानक खड़े हो जाते हैं, तो शरीर को ब्लड प्रेशर को तुरंत सामान्य रखने में थोड़ी दिक्कत हो सकती है। इससे कुछ समय के लिए चक्कर या अस्थिरता महसूस हो सकती है।

कम भोजन करना या लंबे गैप के बाद खाना

लंबे समय तक भोजन न खाने या पर्याप्त भोजन न लेने से कुछ लोगों में ब्लड शुगर लेवल कम हो सकता है। इसके साथ कमजोरी, कंपकंपी, पसीना और चक्कर जैसी समस्या महसूस हो सकती है।

यह भी पढ़ें- पीर‍ियड्स में चक्कर और कमजोरी क्यों महसूस होती है? जानें इसके पीछे की असल वजह

अल्‍कोहल का सेवन

अल्‍कोहल का सेवन करने से ड‍िहाइड्रेशन हो सकता है। ब्‍लड वैसल्‍स फैलने के कारण बीपी लो हो सकता है। इससे चक्‍कर, कमजोरी या आंखों के सामने अंधेरा छाने जैसी समस्या हो सकती है।

पार्किंसन रोग या पेरिफेरल न्यूरोपैथी

जब कोई व्यक्ति खड़े होता है, तो यह तंत्र‍िका तंत्र ब्‍लड वेसल्‍स को सिकोड़ने और हार्ट की धड़कन में जरूरी बदलाव करने में मदद करता है, ताकि द‍िमाग तक पर्याप्त रक्त पहुंचता रहे। कुछ न्यूरोलॉजिकल समस्‍याएं जैसे पार्किंसन रोग या पेरिफेरल न्यूरोपैथी में यह प्रक्रिया ठीक से काम नहीं कर पाती है। ऐसे में खड़े होने पर लो बीपी की समस्‍या हो सकती है और चक्‍कर आ सकता है।

चक्‍कर आने की समस्‍या से कैसे बचें?

American Heart Association में प्रकाश‍ित एक लेख के अनुसार, अचानक खड़े होने पर चक्कर आने की समस्‍या से बचने के ल‍िए बीपी, कोलेस्‍ट्रॉल और ब्‍लड शुगर लेवल कंट्रोल करें, पर्याप्‍त नींद लें, हेल्‍दी डाइट लें, हेल्‍दी वजन मेनटेन करें, शारीर‍िक रूप से एक्‍ट‍िव रहें और धूम्रपान से बचें।

  • अपनी दवाओं की जांच करें। कुछ दवाएं लो बीपी का कारण बन सकती हैं। डॉक्‍टर की सलाह लेकर डोज चेंज करवा सकते हैं।
  • अगर भोजन के बाद चक्‍कर आते हैं, तो मात्रा पर गौर करें। एक बार में अध‍िक मात्रा में खाने से बचें।
  • पर्याप्‍त मात्रा में पानी का सेवन करें और ड‍िहाइड्रेशन से बचें।
  • सुबह थोड़ी कसरत करें। सुबह हल्की-फुल्की कसरत करने से ब्‍लड सर्कुलेशन बेहतर होता है और बीपी कंट्रोल होता है।
  • जब भी खड़ा होना हो, तो धीरे-धीरे उठें। लंबे समय तक लेटने या बैठने के बाद अचानक खड़े होने में जल्‍दबाजी न करें।

न‍िष्‍कर्ष:

बैठने या लेटने के बाद जब व्‍यक्‍त‍ि अचानक खड़ा होता है, तो कई बार उसे चक्‍कर आ जाता है। ऐसा बीपी अचानक लो होने के कारण होता है ज‍िसे ऑर्थोस्टेटिक हाइपोटेंशन कहा जाता है। लंबे समय तक बैठे या लेटे रहने से, कम खाना या लंबे गैप के बाद खाने से भी अचानक खड़े होने पर चक्‍कर आ सकते हैं। अल्‍कोहल का सेवन या पार्किंसन रोग या पेरिफेरल न्यूरोपैथी जैसी न्यूरोलॉजिकल समस्‍याओं के कारण भी ऐसा हो सकता है। चक्‍कर आने की समस्‍या से बचने के ल‍िए दवाओं की जांच करें, कुछ दवाएं लो बीपी का कारण बन सकती हैं, ड‍िहाइड्रेशन से बचें, ओवरईट‍िंग से बचें, सुबह हल्‍की कसरत करें, खड़े होने के ल‍िए धीरे-धीरे उठें, अचानक खड़े होने में जल्‍दबाजी न करें।

image credit: magnific

FAQ

  • क्या गर्भवती मह‍िला को खड़े होने पर चक्कर आना सामान्‍य है?

    गर्भावस्था के दौरान शरीर में होने वाले बदलावों के कारण कुछ महिलाओं को चक्कर महसूस हो सकते हैं। बार-बार या तेज चक्कर आने पर डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।
  • क्या ज्यादा पसीना भी चक्कर आने का कारण है?

    हां, ज्यादा पसीना आने से शरीर में पानी और कुछ इलेक्ट्रोलाइट्स की कमी हो सकती है, जिससे चक्कर जैसे लक्षण महसूस हो सकते हैं।

Read Next

→ आंखों के सामने अचानक से तैरने लगते हैं काले धब्बे? डॉक्टर से जानें कारण

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

How we keep this article up to date:

We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.

  • Current Version

    Sep 11, 2026 18:25 IST

    Published By : Yashaswi Mathur
    Reviewed By : Dr Rajeev Chowdry