Fri Sep 11, 2026 | 07:30 PM IST

Medically Reviewed by Dr Shrey Sharma , BAMS

मेटाबॉलिज्म बेहतर बनाने में मदद कर सकती हैं ये 5 आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियां, एक्‍सपर्ट से जानें फायदे

कई ऐसी आयुर्वेद‍िक हर्ब्स हैं जो मेटाबॉल‍िज्‍म को सपोर्ट करती हैं ज‍िससे एनर्जी लेवल बढ़ता है, वेट लॉस में मदद म‍िलती है और शरीर स्‍वस्‍थ रहता है। जानें ऐसी पांच हर्ब्स के फायदे।

शरीर को स्‍वस्‍थ रखने के ल‍िए मेटाबॉल‍िज्‍म को बेहतर बनाना जरूरी है। मेटाबॉल‍िज्‍म एक प्रक्र‍िया है ज‍िसमें शरीर खाने को एनर्जी में बदलता है। अन‍िद्रा, स्‍ट्रेस, अनहेल्‍दी लाइफस्‍टाइल और एज‍िंग वगैरह मेटाबॉल‍िक हेल्‍थ को प्रभाव‍ित करते हैं। आयुर्वेद के मुताब‍िक कुछ ऐसी हर्ब्स हैं जो न स‍िर्फ मेटाबॉल‍िज्‍म को सपोर्ट करती हैंं, बल्‍क‍ि पाचन को बेहतर बनाने का भी काम करती हैं। ऐसी पांच फायदेमंंद हर्ब्स के बारे में जानने के ल‍िए हमने Dr. Shrey Sharma, Ayurveda Expert, Ramhans Charitable Hospital, Haryana से बात की।

1. अदरक

मेटाबॉल‍िज्‍म को बेहतर बनाने के ल‍िए अदरक को अपनी डाइट में शाम‍िल कर सकते हैं। अदरक ब्‍लोट‍िंग की समस्‍या दूर करता है और गट हेल्‍थ को सपोर्ट करता है। अदरक की चाय पी सकते हैं या अदरक को ड्राई करके पाउडर के फॉर्म में ले सकते हैं।

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2. त्र‍िफला

त्र‍िफला एक असरदार आयुर्वेद‍िक म‍िश्रण कहलाता है। यह डाइजेशन और शरीर को ड‍िटॉक्‍स करने के ल‍िए जाना जाता है। त्र‍िफला से बाउल मूवमेंट बेहतर होते हैं, न्‍यूट्र‍िएंट्स बेहतर ढंग से अब्‍जॉर्ब होते हैं और मेटाबॉल‍िक फंक्‍शन को बेहतर बनाने में मदद म‍िलती है। त्र‍िफला चूर्ण को सुबह खाली पेट पानी के साथ ले सकते हैं।

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3. अश्वगंधा

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अश्वगंधा को स्‍ट्रेस दूर करने की जड़ी-बूटी कहा जाता है। लंबे समय तक जब व्‍यक्‍त‍ि स्‍ट्रेस में रहता है, तो उसका बुरा असर मेटाबॉल‍िज्‍म पर पड़ता है और खान-पान की आदतें ब‍िगड़ जाती हैं। ऐसे में अश्वगंधा स्‍ट्रेस मैनेज करने के साथ-साथ हार्मोनल बैलेंस में भी मदद करता है ज‍िससे मेटाबॉल‍िक हेल्‍थ को सपोर्ट म‍िलता है। अश्वगंधा के पाउडर का सेवन कर सकते हैं।

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4. दालचीनी

दालचीनी की मदद से डाइजेशन को बेहतर बनाने में मदद म‍िलती है और ब्‍लड शुगर लेवल भी कंट्रोल होता है। कुछ स्‍टडीज में बताया गया है क‍ि दालचीनी मेटाबॉल‍िज्‍म को बेहतर बनाने में मदद करता है। दालचीनी को चाय, ओटमील या स्‍मूदी के साथ म‍िलाकर डाइट में शामि‍ल कर सकते हैं।

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5. हल्‍दी

हल्‍दी में करक्‍यूम‍िन होता है ज‍िसमें एंटीइंफ्लेमेटरी और एंटीऑक्‍सीडेंट गुण होते हैं। आयुर्वेद के मुताब‍िक, हल्‍दी की मदद से डाइजेशन को बेहतर बनाने में मदद म‍िलती है। शरीर में डाइजेशन अच्‍छा रहेगा और सूजन कम होगी, तो मेटाबॉल‍िज्‍म और एनर्जी लेवल पर इसका अच्‍छा असर पड़ेगा। चुटकी भर हल्‍दी को दूध के साथ म‍िलाकर पी सकते हैं।

न‍िष्‍कर्ष:

मेटाबॉल‍िज्‍म और पाचन को बेहतर रखने के ल‍िए हल्‍दी, दालचीनी, अश्वगंधा, त्र‍िफला और अदरक जैसी प्राकृत‍िक हर्ब्स को डाइट का ह‍िस्‍सा बनाएं। इससे मेटाबॉलि‍ज्‍म को नेचुरली बूस्‍ट करने में मदद म‍िलेगी और बीमारि‍यों से बचाव भी होगा।

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Yashaswi Mathur

Yashaswi Mathur

Senior Sub Editor

यशस्वी माथुर पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं, जिनमें से करीब 8 साल उन्होंने हेल्थ जर्नलिज्म को दिए हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। यहां वह स्वास्थ्य, महिला स्वास्थ्य, पोषण और लाइफस्टाइल से जुड़े विषयों पर लिखती हैं। यशस्वी की खासियत है जटिल मेडिकल विषयों और रिसर्च को आसान भाषा में समझाना, ताकि आम पाठक भी उन्हें आसानी से समझ सके। लेख तैयार करते समय वह विशेषज्ञ डॉक्टरों की राय, मेडिकल रिसर्च और भरोसेमंद स्रोतों का ध्यान रखती हैं। जिन विषयों में मेडिकल वैरिफिकेशन जरूरी होता है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत हिंदुस्तान अखबार से की थी। उस दौरान स्वास्थ्य से जुड़ी उनकी एक खोजी रिपोर्ट के बाद लखनऊ के KGMU स्थित क्वीन मेरी अस्पताल के गायनेकोलॉजी विभाग में व्यवस्थाओं को लेकर स्वास्थ्य विभाग को सुधारात्मक कदम उठाने पड़े। Editorial Policy: यशस्वी द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    May 11, 2026 17:45 IST

    Modified By : Yashaswi Mathur
  • May 11, 2026 17:45 IST

    Published By : Yashaswi Mathur
    Reviewed By : Dr Shrey Sharma

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