पाचन और आंतों से जुड़े सभी रोगों को दूर करती है ब्लैंड डाइट, जानें फायदे

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Oct 09, 2018
Quick Bites

  • बदलते मौसम का खानपान सीधे पेट को निशाना बनाता है।
  • आपकी डाइट ऐसी हो जो आसानी से पचे और पेट को ठंडक पहुंचाए।
  • ब्लैंड डाइट पेट की गड़बड़ि‍यों को दूर करने का बेहतर विकल्प है।

बदलते मौसम का खानपान सीधे पेट को निशाना बनाता है। आप भी महसूस कर रहे होंगे कि अब मौसम पहले जैसा नहीं रह गया है। मौसम में नमी के साथ हल्की ठंड भी शुरू हो चुकी है। इस मौसम में अधिक मिर्च मसाले वाला खाना, तले भुने ऑयली फूड और फास्ट फूड लोगों को अधिक लुभाते हैं। लेकिन वह ये नहीं जानते कि ये हमारे स्वास्थ्य के लिए बहुत खतरनाक है। ऐसी चीजों का सेवन करने से अपच, गैस, पेट में दर्द और उल्टी जैसी परेशानी अधिक बढ़ जाती है। इसलिए इस मौसम में खानपान का विशेष ध्यान रखना जरूरी है। आपकी डाइट ऐसी हो जो आसानी से पचे और पेट को ठंडक पहुंचाए। ऐसे में ब्लैंड डाइट पेट की गड़बड़ि‍यों को दूर करने के लिए एक बेहतर विकल्प हो सकता है। हो सकता है आपने इस डाइट के बारे में पहले न सुना हो। लेकिन यह वाकई पेट के लिए बहुत अच्छी और स्वास्थ्य के लिए हेल्दी होती है।

 

ब्लैंड डाइट पेट की सेहत के लिए अच्छा माना जाता है। इसमें सॉफ्ट, बेहतर तरीके से पका हुआ, लो फाइबर वाला फूड होता है, जिन्हें कम मसालों और तेल में तैयार किया जाता है। इस प्रकार भोजन करने की सलाह विशेषज्ञ उन लोगों को भी देते हैं जो आंत संबंधी सर्जरी कराने वाले हों और ऐसे मरीज जो उल्टी, एसिड रिफ्लक्स, अल्सर, मितली और डायरिया का इलाज करा रहे हों उनके लिए भी बेहतर है।

क्यों फायदेमंद है ब्लैंड डाइट

इस डाइट में ऐसे खाद्य पदार्थ शामिल होते हैं जो पाचन और आंतों से जुड़ी परेशानी के कारण चिड़चिड़ाहट और असहजता के दौर से गुजर रहे मरीजों को राहत प्रदान करते हैं।

ये फूड हैं ब्लैंड डाइट का हिस्सा

 - लो फैट वाले डेयरी प्रोडक्ट जैसे दूध, पनीर और हल्के चीज़। जो लोग ब्लैंड डाइट पर हैं उन्हें इनमें से एक या दो चीज दिन में दो बार लेने की सलाह दी जाती है।

 - कद्दू, आलू, शकरकंद, चुकंदर, हरे मटर, मशरूम और गाजर जैसी सब्जियां खाई जाती हैं

 - फलों के जूस, पका केला, बिना छिलके वाले सेब

 - रिफाइंड आटे से तैयार ब्रेड, मफीन्स, रिफाइंड अनाज जैसे चावल, मछली, साथ ही ब्लैंड डाइट में खाद्य पदार्थों को भांप में पकाने, ग्रीलिंग या बेकिंग करने की सलाह दी जाती है। जैसे- टोफू, अंडे

इन चीजों से रहें बचकर

 - डायरिया का इलाज करा रहे मरीज जो ब्लैंड डाइट पर हैं, डेयरी प्रोडक्ट ना लें

 - सब्जियां जैसे हरी शिमला मिर्च, सूखे मटर, प्याज, कॉर्न, गोभी, खीरा

 - भूसी वाले अनाज, साबुत अनाज, नट्स, सीड्स

 - तले-भुने खाद्य पदार्थ, अचार,

 - चाय, कॉफी और अल्कोहलिक पेय

किस चीज में ज्यादा फायदेमंद है ब्लैंड डाइट?

जिन लोगों को लगातार सीने में जलन की समस्या होती है उन्हें थोड़े अंतराल पर दिनभर ब्लैंड डाइट लेना चाहिए, इससे गैस्टि्रक एसिटिडी में राहत मिलेगी और सीने की जलन दूर हो जाएगी। ब्लैंड डाइट चावल और उबली हुई सब्जियों से तैयार होती है इसलिए डायरिया की स्थिति में पेट में मरोड़, दर्द में इस डाइट से फायदा मिलता है।अल्सर के मरीजों के लिए जो ब्लैंड डाइट होती है उसमें मसाले ना के बराबर डाले जाते हैं।

इसे भी पढ़ें: क्‍या है चावल का दूध, जानें बाकी दूधों से कितना फायदेमंद है ये 

अच्छी डाइट के अन्य विकल्प

  • ड्राई फ्रूट्रस, बादाम, किशमिश इत्यादि में भरपूर कैलोरी होती है। बादाम और अन्य ड्राई फ्रूट्रस को रोस्ट कर उसकी क्रंची बनाकर स्नैक्स के तौर पर भी खाना अच्छा रहता है। ये आपको फिट भी रखेगा और मोटापा बढ़ाने में भी सहायक होगा ।
  • यदि आप अपना वजन बढ़ाना चाहते हैं तो आपको अपने भोजन की मात्रा बढ़ानी होगी। दिन में थोड़े-थोड़े अंतराल पर कम से 5 से 6 बार खाना खायें।
  • वसायुक्त भोजन भी वजन बढ़ाता है, आप ऐसा भोजन का सेवन करें जो पौष्टिक होने के साथ-साथ वसायुक्त हो।
  • नाश्ते के समय बादाम का दूध या मक्खन, घी इत्यादि का सेवन करने से आप स्वस्थ रहेंगे और अपना वजन भी बढ़ा पाएंगे।
  • रात को सोने से दो घंटे पहले डिनर कर लें, इससे खाना अच्‍छे से पच जायेगा और आप फिट भी रहेगें।
  • हर रोज कम से कम 50 से 60 मिनट तक व्‍यायाम कीजिए, इसके लिए आप कोई फिटनेस सेंटर ज्‍वॉइन कर सकते हैं।

ऐसे अन्य स्टोरीज के लिए डाउनलोड करें: ओनलीमायहेल्थ ऐप

Read More Articles On Diet & Nutrition In Hindi

Loading...
Is it Helpful Article?YES393 Views 0 Comment
संबंधित जानकारी
  • सभी
  • लेख
  • स्लाइडशो
  • वीडियो
  • प्रश्नोत्तर
I have read the Privacy Policy and the Terms and Conditions. I provide my consent for my data to be processed for the purposes as described and receive communications for service related information.
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK