तुलसी की पत्ती प्रेग्नेंसी में होती है बेहद गुणकारी!

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Feb 01, 2016
Quick Bites

  • भ्रूण के मस्तिष्क का विकास करता है।
  • शिशु के हड्डियों का गठन करता है।
  • रक्तहीनता रोग से रक्षा करता है।

वेदों और प्राचीन ग्रंथों में तुलसी के स्वास्थ्य लाभ के बारे में विस्तृत चर्चा की गई है। इस कारण इसके पौधे की घर-घर में पूजा की जाती है। तुलसी का पौधा एक आयुर्वेदिक औषधीय जड़ी-बूटी है। यह गर्भवती महिला और शिशु के लिए बहुत फायदेमंद मानी जाती है। खासकर तो इसके सेवन से कोई भी साइड-इफेक्ट नहीं होता। इस कारण इसे आप बिना किसी की सलाह के भी ले सकते हैं। तुलसी, विटामिन, पोषक तत्‍वों, खनिजों और अन्‍य शक्तिशाली तत्‍वों का मिश्रण है। इसके सेवन से कई बीमारियां और संक्रमण को होने से बचाया जा सकता है। इसकी पत्तियां, शरीर में कीटाणुओं को मारने में सक्षम और शरीर को शक्तिशाली बनाने में सहायक होती हैं।

इसे भी पढ़ें : ये नैचुलर उपाय अपनाएं, त्वचा के दाग-धब्बे हटाएं

basil

दवा बनाने के लिए

तुलसी में औषधीय गुण होने के कारण इसका इस्तेमाल दवा बनाने में होता है। तुलसी में घाव को भरने का मतलब हीलिंग का गुण होता है। इसकी पत्तियां एंटी-बैक्‍टीरियल, एंटी-वायरल और एंटी-फंगल होती हैं जिससे इसके सेवन से किसी भी प्रकार का नुकसान नहीं होता है। इसके रोजाना के सेवन से मौसमी बीमारियों से बचा जा सकता है। यह कैंसर जैसी घातक बीमारी से भी लड़ने के लिए शरीर को ताकत प्रदान करता है। तुलसी में मौजूद तत्‍व, शरीर में एंटीबॉडी के उत्‍पादन को बढ़ा देते हैं जिस कारण उम्र में बढ़ोत्‍तरी होती है।

गर्भवती मां और शिशु के लिए गुणकारी

गर्भावस्‍था के दौरान तुलसी का सेवन होने वाले शिशु के लिए काफी फायदेमंद होता है। अगर शिशु के गर्भाधान के दौरान आपको थोड़े कॉमपलेक्शन हुए हैं तो रोजाना तुलसी का सेवन करें। इसके रोजाना सेवन से गर्भावस्था के कॉम्पलेक्शन दूर होंगे। गर्भावस्था में तुलसी के सेवन से कई फायदे होते हैं जिनके बारे में नीचे लिखे प्वाइंटर में विस्तार से जानें-

  1. भ्रूण का विकास - तुलसी मां के गर्भ में पल रहे बच्‍चे के लिए बेहद फायदेमंद होती है। तुलसी में मौजूद विटामिन ए भ्रूण के विकास के लिए काफी उपयोगी है। यह शिशु के तंत्रिका तंत्र के समुचित विकास में मदद करता है।
  2. भ्रूण की हड्डियों का गठन - हड्डियों के गठन के लिए मैग्नीशियम काफी जरूरी होता है। तुलसी शरीर में मैग्‍नीशियम की मात्रा को संतुलित करने में मददगार होता है जिससे बच्‍चे की हड्डियों का गठन बिलकुल सही रहता है।
  3. तनाव कम करता है - गर्भावस्था के दौरान महिलाएं तनाव में रहती है। तुलसी में मौजूद मैगनींज, तनाव को कम करता है और सेलुलर क्षति के जोखिम से बचाता है।  
  4. रक्‍त का थक्‍का जमने में सहायक -  तुलसी में विटामिन के होता है जो रक्‍त को जमने में सहायक होता है। गर्भवती महिला को रोजाना तुलसी के दो पत्तों का सेवन करना चाहिए। इससे गर्भवती महिला के शरीर में खून की कमी नहीं होगी और न ही उसकी हानि होगी। साथ ही ये शरीर में खून साफ करने का काम भी करता है।  
  5. एनिमिया से बचाएं - रक्तहीनता के मरीजों को तुलसी के पत्‍तों का सेवन रोजाना करना चाहिए। इसमें ऐसे तत्‍व होते हैं तो हीमोग्‍लोबिन को बूस्‍ट कर देता है और लाल रक्‍त कोशिकाओं को बढ़ाता है। इससे ऊर्जा के स्‍तर में भी इज़ाफा होता है और गर्भावस्‍था के दौरान होने वाली थकान भी दूर हो जाती है।

ऐसे अन्य स्टोरीज के लिए डाउनलोड करें: ओनलीमायहेल्थ ऐप

Image Source : Getty

Read more articles on Pregnancy in hindi

Loading...
Is it Helpful Article?YES49 Votes 15630 Views 0 Comment
संबंधित जानकारी
  • सभी
  • लेख
  • स्लाइडशो
  • वीडियो
  • प्रश्नोत्तर
I have read the Privacy Policy and the Terms and Conditions. I provide my consent for my data to be processed for the purposes as described and receive communications for service related information.
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK