चेहरे पर ही क्यों ज्यादा निकलते हैं पिंपल्स? जानें इससे बचने के लिए 6 जरूरी बातें

चेहरे की त्वचा में ऐसा क्या खास होता है कि चेहरे पर ही सबसे ज्यादा मुंहासे निकलते हैं और बिना दवा या क्रीम के प्राकृतिक तरीके से पिंपल्स को कैसे रोकें

Anurag Anubhav
Written by: Anurag AnubhavPublished at: Apr 07, 2020Updated at: Apr 07, 2020
चेहरे पर ही क्यों ज्यादा निकलते हैं पिंपल्स? जानें इससे बचने के लिए 6 जरूरी बातें

मुंहासे या पिंपल त्वचा पर निकलने वाले छोटे-छोटे दाने होते हैं, जो बहुत जिद्दी होते हैं और जल्दी जाते नहीं हैं। आमतौर पर पिंपल्स तब होते हैं, जब चेहरे के ऑयल ग्लैंड्स बंद हो जाते हैं या इनमें किसी तरह का इंफेक्शन हो जाता है। इसी इंफेक्शन के कारण त्वचा थोड़ी सी फूल आती है, जो दाने जैसे दिखाई देती है और इसमें मवाद जैसा तत्व भर जाने से ये लाल या पीले दिखाई देते हैं। पिंपल्स और एक्ने (Pimples And Acne) लगभग एक सी समस्याएं हैं। आमतौर पर पिंपल्स शरीर के किसी भी हिस्से में किसी भी उम्र में हो सकते हैं, मगर ज्यादातर लोगों में ये चेहरे पर ही देखे जाते हैं। इसका भी एक कारण है कि चेहरे पर ही पिंपल्स ज्यादा क्यों होते हैं।

ज्यादातर चेहरे पर ही क्यों होते हैं पिंपल्स?

चेहरे पर पिंपल्स होने का मुख्य कारण सीबम बनाने वाले ग्लैंड्स होते हैं। आमतौर पर ये ग्लैंड्स चेहरे की त्वचा पर ज्यादा पाए जाते हैं, इसलिए पिंपल्स भी चेहरे पर ही ज्यादा होते हैं। सीबम एक प्राकृतिक तेल है, जो त्वचा की नमी बनाए रखने के लिए प्राकृतिक रूप से शरीर से बाहर निकलता है। आमतौर पर शरीर के ऊपरी हिस्से यानी स्कैल्प (खोपड़ी) में ये तैलीय ग्रंथियां ज्यादा होती हैं, मगर इनकी सबसे ज्यादा संख्या चेहरे पर मौजूद होती है। चेहरे पर भी T ज़ोन में सबसे ज्यादा ग्रंथियां होती हैं। इसलिए पिंपल्स की समस्या भी सबसे ज्यादा चेहरे पर ही होती है।

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क्यों होते हैं पिंपल्स?

आमतौर पर टीनएज यानी किशोरावस्था में पिंपल्स की समस्या ज्यादा होती है। इसका एक बड़ा कारण शरीर में होने वाले हार्मोनल बदलाव हैं। हार्मोन्स के बदलावों के कारण त्वचा की ऊपरी सतह पर मौजूद तैलीय ग्रंथियां ज्यादा एक्टिव हो जाती हैं और पिंपल्स होने लगते हैं। इसके अलावा कई बार दवाओं के साइड इफेक्ट्स के कारण या कुछ खास सप्लीमेंट्स की कमी या अधिकता के कारण भी पिंपल्स होने लगते हैं। 25 की उम्र के बाद ये बहुत कम लोगों को होते हैं। एक रिसर्च के मुताबिक 25 की उम्र के बाद 3% पुरुषों को और 12% महिलाओं को ही पिंपल्स की समस्या होती है।

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पिंपल्स से कैसे बच सकते हैं आप?

  • अपने चेहरे को दिन में कम से कम 2 बार माइल्ड फेसवॉश से धोएं, ताकि चेहरे पर मौजूद धूल और प्रदूषण के कण निकल जाएं और तेल व पसीना भी साफ हो जाए।
  • त्वचा पर वाटर बेस्ड मॉइश्चराइजर का प्रयोग करें, जिससे कि चेहरे पर तेल की मात्रा भी न बढ़े और त्वचा मॉइश्चराइज भी रहे।
  • शरीर में पानी की कमी होने पर ऑयल ग्लैंड्स ज्यादा ऑयल छोड़ते हैं। इसलिए आपको पर्याप्त पानी पीना चाहिए। एक दिन में 8-12 ग्लास पानी जरूर पिएं।
  • चेहरे पर बहुत ज्यादा मेकअप के इस्तेमाल से रोमछिद्र ब्लॉक हो जाते हैं। इसलिए मेकअप प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल कम से कम करें और इस्तेमाल के बाद मेकअप रिमूवर से त्वचा को साफ करें।
  • अपने चेहरे को बार-बार न छूते रहें क्योंकि बार-बार छूने से रोमछिद्रों में बैक्टीरिया और गंदगी भर जाती है, जो कि पिंपल का कारण बनते हैं।
  • धूप में बहुत ज्यादा निकलने वालों में भी पिंपल्स की समस्या हो सकती है। इसलिए धूप में कम निकलें और निकलें तो सनस्क्रीन जरूर लगाएं।

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