Fri Sep 11, 2026 | 06:55 PM IST

Medically Reviewed by Archana Jain , Nutritionist

चीनी के नेचुरल विकल्प: स्टीविया बेहतर है या शहद? जानें डायटिशियन से

अच्छे स्वास्थ्य के लिए अक्सर लोग मीठे का विकल्प ढूंढते हैं। ऐसे में स्टीविटा या शहद क्या ज्यादा बेहतर है? आइए लेख में जानें -

वजन कम करने और अच्छे स्वास्थ्य के लिए अक्सर लोग मीठा खाना छोड़ देते हैं। वहीं, इसके लिए लोग अक्सर नेचुरल मीठे का विकल्प ढूंढने लगते हैं, जिनमें शहद और स्टीविया जैसे ऑप्शन होते हैं। ऐसे में अक्सर लोगों के मन में सवाल उठता है कि अच्छे स्वास्थ्य के लिए स्टीविया या शहद दोनों में से एक मीठे का अच्छा विकल्प क्या है? आइए जयपुर स्थित Angelcare-A Nutrition and Wellness Center की निदेशक, डाइटिशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन से जानें।

क्या है शहद?

शहद एक नेचुरल मीठा है, जिसको मधुमक्खियां फूलों के रस से बनाती हैं। शहद में कैलोरी, विटामिन्स, मिनरल्स, एंटीऑक्सीडेंट्स, एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटीबैक्टीरियल के गुण होते हैं। इसका सेवन सीमित मात्रा में किया जाए तो, इससे इम्यूनिटी को बूस्ट करने और बैक्टीरियल इंफेक्शन से बचाव करने में मदद मिलती है। यह स्वास्थ्य के लिए कई तरीकों से फायदेमंद होता है। इससे शरीर को डिटॉक्स करने, गले की खराश, इंफेक्शन और सूजन जैसी समस्याओं से राहत देने में मदद मिलती है।

इसे भी पढ़ें: क्या बच्चों के लिए स्टीविया सेफ है? जानें एक्सपर्ट से इसके 4 फायदे

natural sugar alternatives stevia vs honey in hindi 2 (1)

क्या है स्टीविया?

स्टीविया पौधे सी पत्तियों से मिलता है और यह चीनी के मुकाबले अधिक मीठा होता है यानी यह बहुत कम मात्रा में पर्याप्त होता है। इसमें कैलोरीज नहीं होती है और यह ब्लड शुगर के स्तर को तेजी से नहीं बढ़ाता है। जिसके कारण यह आज के समय में एक लोकप्रिय ऑप्शन है। इसको किसी किसी भी फूड में डालकर इसका सेवन किया जा सकता है।

इसे भी पढ़ें: शहद खाते समय इन 5 गलत‍ियों से बचें, वरना फायदे की जगह हो सकते हैं नुकसान

स्टीविया बेहतर है या शहद?

डाइटिशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन के अनुसार, स्टीविया और शहद दोनों अपनी-अपनी जगह फायदेमंद होते हैं, लेकिन शहद मीठे का एक नेचुरल विकल्प है। इसका सेवन करना स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद है, लेकिन ध्यान रहे, इसका सेवन सीमित मात्रा में ही करें। इसके अलावा, ब्लड शुगर या कोई भी परेशानी होने पर डॉक्टर से पूछकर ही डाइट में शामिल करें।

सावधानियां

चीनी के बजाए शहद के सेवन किया जा सकता है, लेकिन ध्यान रहे, इसका सेवन सीमित मात्रा में और डॉक्टर की सलाह के साथ ही करें। इसके अलावा, ब्लड शुगर या किसी अन्य मेडिकल कंडीशन में इसका सेवन करने से पहले डॉक्टर से बात जरूर करें।

निष्कर्ष

चीनी के विकल्प के तौर पर स्टीविया और शहद दोनों ही अपनी-अपनी जगह फायदेमंद हैं। लेकिन शहद एक नेचुरल विकल्प है। इसका सेवन करने स्वास्थ्य को स्वास्थ्य को दुरुस्त रखने, इंफेक्शन से बचाव करने और स्वास्थ्य में सुधार करने में मदद मिलती है। ध्यान रहे, इसका सेवन सीमित मात्रा में ही करें। इसके अलावा, इससे किसी भी तरह की परेशानी होने या मेडिकल कंडीशन होने पर डॉक्टर से सलाह जरूर लें।

All Images Credit- Freepik

FAQ

  • वजन घटाने के लिए शहद और स्टीविया में से कौन सा बेहतर है?

    वजन कम करने के लिए स्टीविया को अक्सर बेहतर माना जाता है क्योंकि इसमें 'जीरो कैलोरी' होती है। शहद एक प्राकृतिक विकल्प जरूर है, लेकिन इसमें कैलोरी होती है, इसलिए वजन कम करने के दौरान इसका सेवन बहुत सीमित मात्रा में करना चाहिए।
  • 1 दिन में कितना शहद खाना चाहिए?

    1 दिन में 1-2 छोटी चम्मच शहद का सेवन करना सेफ माना जाता है। इसका सेवन करने से इम्यूनिटी को बूस्ट करने, पाचन में सुधार करने, शरीर को एनर्जी देने और स्वास्थ्य में सुधार करने में मदद मिलती है। 
  • शहद कब नहीं खाना चाहिए?

    डायबिटीज और फैटी लिवर की समस्या होने पर व्यक्ति को शहद का सेवन करने से बचना चाहिए। 

Read Next

क्या कोल्ड ड्रिंक्स पीने से पाचन खराब होता है? एक्सपर्ट से जानें

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

Priyanka Sharma

Priyanka Sharma

Sub Editor

प्रियंका शर्मा हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में करीब 3 साल का अनुभव रखती हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत डिजिटल मीडिया से की है। फिलहाल प्रियंका जागरण न्यू मीडिया (Onlymyhealth) में बतौर सब एडिटर काम कर रही हैं। प्रियंका को स्वास्थ्य, पोषण, स्किन केयर और फिटनेस जैसे विषयों पर लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से मास्टर्स इन जर्नलिज्म की है। Editorial Policy: प्रियंका द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

Read More..

How we keep this article up to date:

We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.

  • Current Version

    May 03, 2026 23:59 IST

    Modified By : Priyanka Sharma
  • May 03, 2026 23:59 IST

    Modified By : Priyanka Sharma
  • May 03, 2026 23:59 IST

    Published By : Priyanka Sharma
    Reviewed By : Archana Jain

Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content