प्रेगनेंसी के दौरान इन 6 सामान्य लक्षणों को अंजाने में महिलाएं समझ लेती हैं गर्भपात (मिसकैरेज)

प्रेगनेंसी के शुरुआती दिनों में गर्भपात (मिसकैरेज) का खतरा ज्यादा होता है, लेकिन कई बार महिलाएं सामान्य लक्षणों को भी गर्भपात का संकेत समझ लेती हैं।

Monika Agarwal
Written by: Monika AgarwalUpdated at: Nov 11, 2021 09:00 IST
प्रेगनेंसी के दौरान इन 6 सामान्य लक्षणों को अंजाने में महिलाएं समझ लेती हैं गर्भपात (मिसकैरेज)

गर्भावस्था के शुरुआती 3 महीने बहुत देखभाल की जरूरत होती है क्योंकि इसमें जाने अनजाने में लापरवाही बरतने से गर्भपात हो सकता है। मदरहुड हॉस्पिटल में सीनियर कंसल्टेंट एंड गाइनेकोलॉजिस्ट डॉ मनीषा रंजन बताती हैं कि गर्भावस्था के शुरुआती 20 हफ्तों में गर्भ में पल रहे शिशु का नष्ट होना गर्भपात यानी कि मिसकैरेज कहलाता है। यह समय माता पिता के लिए बहुत कष्ट प्रद होता है लेकिन इन परिस्थितियों के पीछे बहुत से कारण होते हैं। हालांकि कई बार भ्रम के कारण महिलाएं कुछ सामान्य लक्षणों को भी मिसकैरिज या गर्भपात समझ लेते हैं। इसलिए आपको कुछ ऐसे संकेत जान लेने चाहिए जो नॉर्मल प्रेग्नेंसी के दौरान भी आपको देखने को मिल सकते हैं और हर बार एक संकेतों का मतलब गर्भपात (मिसकैरेज) होना नहीं होता है।

1. स्पॉटिंग होना

अगर आपको प्रेग्नेंसी के शुरुआत के दिनों में स्पोटिंग दिखाई दे रही है तो इसका अर्थ हमेशा यह नहीं होता कि बच्चे के साथ ही कुछ गड़बड़ हो। हालांकि इस स्थिति को नजरंदाज नहीं करना चाहिए और अगर आपको अधिक ब्लीडिंग हो रही है तो आपको डॉक्टर के पास भी जाना चाहिए। लेकिन कई बार जब प्लेसेंटा आपके यूटरस में इंप्लांट होता है तो भी यह स्पोटिंग होती है और यह पूरी तरह से एक हेल्दी और नॉर्मल प्रेग्नेंसी का लक्षण होता है।

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2. प्रेगनेंसी के लक्षण न महसूस होना

अगर समय के साथ साथ आपकी प्रेग्नेंसी के अधिकतर लक्षण गायब हो रहे हैं और इनके अलावा आपको मिसकैरेज के कुछ लक्षण जैसे पेट फूलना, छाती अकड़ना, मूड स्विंग आदि हो रहे हैं तो इसमें भी अधिक चिंता करने की बात नहीं है। क्योंकि तीसरे महीने के आस पास ऐसा होना सम्भव है। इसके साथ ही आपके हार्मोन्स में होने वाले बदलाव के कारण भी आपको शारीरिक बदलाव भी देखने को मिल सकते हैं।

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3. पेट में बहुत ज्यादा मरोड़ उठना

स्पोटिंग के साथ साथ अगर पेट में थोड़ा बहुत दर्द भी हो रहा है तो इसका अर्थ भी यह हो सकता है कि आप सामान्य प्रेग्नेंसी में हैं। इनका अर्थ चिंता करना बिल्कुल भी नहीं होता है। शुरू शुरू के प्रेग्नेंसी के दिनों में थोड़ा बहुत दर्द होना आम है लेकिन यह दर्द बहुत हल्का और कम समय के लिए होता है। अगर अधिक दर्द के साथ साथ ब्लीडिंग भी हो रही है तो आपको डॉक्टर के पास जाना चाहिए।

4. बार-बार अल्ट्रा साउंड के लिए बुलाया जाना

हो सकता है शुरुआत में आपके डॉक्टर बच्चे को अल्ट्रा साउंड के माध्यम से सही ढंग से देख नहीं पा रहे हों और इस कारण उसकी धड़कन और डिलीवरी डेट का भी अंदाजा न लग रहा हो। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है आपको अपने मन में बुरे-बुरे ख्याल मन में लायें। हैं। आपको अपने शरीर को रिलैक्स रखना है और खुद को टेंशन और स्ट्रेस से दूर रखना है। हमेशा ही बार बार अल्ट्रा साउंड का मतलब मिसकैरिज नहीं होता है।

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5. मॉर्निंग सिकनेस न होना

कई महिलाएं यह सोच कर ही परेशान हो जाती हैं कि उन्हें मॉर्निंग सिकनेस नहीं देखने को मिली और वह डरती हैं कि यह हेल्दी प्रेग्नेंसी नहीं है। तीन में से केवल एक ही महिला को यह लक्षण देखने को मिलते हैं और इनके बिना भी आपकी प्रेग्नेंसी हेल्दी हो सकती है। इसके अलावा हर महिला को तीसरे महीने के बाद इन लक्षणों में राहत मिलती है।

6. थ्रेटेन मिसकैरिज

यह मिसकैरिज असल में कोई मिसकैरिज नहीं होता है। लेकिन यह एक ऐसी टर्म होती है जिसे तब प्रयोग किया जाता है जब ब्लीडिंग होनी शुरू हो जाती है। लेकिन सर्विक्स फिर भी बंद ही रहता है। इसके बावजूद भी अल्ट्रासाउंड में बच्चे की धड़कन को सुना जा सकता है। इस केस में भी बहुत सी महिलाएं सामान्य ढंग से और हेल्दी रूप से बच्चे को जन्म देने में सफल हो जाती हैं।

अगर आपको भी इनमें से कोई लक्षण देखने को मिलता है तो डरिए मत और अपने डॉक्टर से सलाह लीजिए।

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