पेट में एसिड की कमी (हाइपोक्लोरहाइड्रिया) होने पर दिखाई देते हैं ये 9 लक्षण, जानें कारण और बचाव

हाइपोक्लोरहाइड्रिया यानि पेट में हाइड्रोक्लोरिक एसिड की कमी हो जाना। पेट से संबंधित इस समस्या के बारे में पता होना जरूरी है। जानें कारण, लक्षण और बचाव

Garima Garg
Written by: Garima GargPublished at: Sep 30, 2021
पेट में एसिड की कमी (हाइपोक्लोरहाइड्रिया) होने पर दिखाई देते हैं ये 9 लक्षण, जानें कारण और बचाव

खराब जीवनशैली या गलत खानपान की आदतों के कारण अक्सर लोग पेट की कई समस्याओं का शिकार हो जाते हैं। ऐसी ही एक समस्या है हाइपोक्लोरहाइड्रिया। यह समस्या पेट से जुड़ी समस्या होती है। आम भाषा में जब व्यक्ति के पेट में एसिड की कमी हो जाती है तब यह समस्या हो सकती है। बता दें कि इस एसिड का नाम हाइड्रोक्लोरिक एसिड होता है, जो हमारे पेट में मौजूद होता है। जब इसका स्तर कम होने लगता है तब व्यक्ति हाइपोक्लोरहाइड्रिया का शिकार हो जाता है। पाचन क्रिया के लिए यह एसिड एक बेहद उपयोगी होता है। इस एसिड के माध्यम से भोजन को पचाने में मदद मिलती है। यह एसिड मुख्य तौर पर म्यूकस कोटिंग के साथ-साथ और कुछ जरूरी ओ एंग्जाइम्स (several enzymes and mucus coating) द्वारा निर्मित होता है, जो भोजन को पचाने में, उसका अवशोषित करने में और प्रोटीन को तोड़ने आदि में काम आता है। इसके अलावा हाइड्रोक्लोरिक एसिड पेट में मौजूद बैक्टीरिया और वायरस को शरीर से बाहक निकालने में भी उपयोगी है। ऐसे में इसकी कमी से पाचन क्रिया काफी प्रभावित हो सकती है। आज का हमारा लेख इसी विषय पर है। आज हम आपको अपने इस लेख के माध्यम से बताएंगे कि हाइपोक्लोरिक एसिड का स्तर कम होने पर सेहत को क्या-क्या नुकसान होते हैं। साथ ही इसके लक्षण, कारण और बचाव के बारे में जानना जरूरी है। पढ़ते हैं आगे...

 

हाइपोक्लोरहाइड्रिया के लक्षण

शरीर में हाइपोक्लोरहाइड्रिया होने पर व्यक्ति को कई लक्षण नजर आ सकते हैं। ये लक्षण निम्न प्रकार हैं- 

1 - व्यक्ति के जल्दी-जल्दी बाल झड़ना।

2 - दस्त की समस्या हो जाना।

3 - पेट में गैस बनना।

4 - बलोंटिंग की समस्या होना।

5 - हार्टबर्न की समस्या होना।

6 - पेट में संक्रमण हो जाना।

7 - शरीर में जरूरी पोषक तत्वों की कमी हो जाना।

8 - नाखून का कमजोर होना।

9 - पेट की समस्या हो जाना।

ऊपर बताए गए लक्षण हाइपोक्लोरहाइड्रिया होने पर नजर आते हैं। लेकिन ध्यान दें कि पेट में इस एसिड की कमी होने पर यदि व्यक्ति अधिक तनाव में हो या पेट की सर्जरी करवाई या उसकी उम्र 65 साल से ज्यादा है तो उस दौरान इसका जोखिम और बढ़ सकता है।

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हाइपोक्लोरहाइड्रिया के कारण

पेट में एसिड की कमी कई कारणों से हो सकती है। यह कारण निम्न प्रकार हैं-

1 - जब शरीर में जरूरी विटामिंस की कमी हो जाती है जैसे विटामिन बी  या जिंक आदि की कमी हो जाती है तब शरीर में स्टमक एसिड की मात्रा कम होने लगती है।

2 - जो व्यक्ति अत्यधिक तनाव में रहता है या उसे लंबे समय से किसी बात की चिंता है तो उसके शरीर में भी इस प्रकार की समस्या हो सकती है।

3 - कुछ लोग हेलीकोबेक्टर पिलोरी (H. Pylori) की समस्या का शिकार हो जाते हैं, जिसके कारण उनके पेट में एसिड की कमी हो जाती है।

4 - जब कुछ लोग किसी कारणवश पेट की सर्जरी करवाते हैं तो उस दौरान भी पेट में बनने वाला यह जरूरी एसिड कम हो सकता है।

5 - जिन लोगों की उम्र 65 से ज्यादा होती है तो उनके शरीर में भी स्टमक एसिड की कमी हो सकती है। 

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हाइपोक्लोरहाइड्रिया से बचाव

1 - नियमित रूप से योगा करना।

2 - तनाव कम करने के लिए डीप ब्रीथिंग या प्रोग्रेसिव मसल्स रिलैक्सेशन टेक्निक का सहारा लेना।

3 - अटेंडिंग थेरेपी की मदद लेना।

4 - डाइट में जरूरी पोषक तत्व को जोड़ना। इसके लिए आप कद्दू के बीज, काजू या उन चीजों को जोड़ सकते हैं, जिसमें भरपूर मात्रा में जिंक मौजूद होता है।

5 - भरपूर मात्रा में पानी पीना।

नोट - ऊपर बताए गए बिंदुओं से पता चलता है कि व्यक्ति अपनी दिनचर्या में थोड़ा सा बदलाव करके अपने खानपान की आदतों को सही करके हाइपोक्लोरहाइड्रिया समस्या से बच सकता है। हालांकि, यदि यह समस्या किसी संक्रमण के कारण हुई है तो डॉक्टर की सलाह लेनी जरूरी है। 

इस लेख में फोटोज़ shutterstock से ली गई हैं। 

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