PMOS (पूर्व नाम PCOS) एक हार्मोनल समस्या है जिसका एक कॉमन लक्षण है पीरियड्स अनियमित होना। PMOS में हल्की ब्लीडिंग, हैवी ब्लीडिंग, दो पीरियड साइकिल के बीच अनियमित गैप जैसी समस्याएं हो सकती हैं। पीरियड्स अनियमित होने पर महिलाएं ये अंदाजा लगाती हैं कि उन्हें PMOS है, हालांकि पीरियड्स रेगुलर होने पर भी PMOS हो सकता है। PMOS और पीरियड्स पर अधिक जानकारी के लिए हमने Dr. Smriti Agrawal, Professor & Gynaecologist At Department Of Obstetrics & Gynaecology, King George's Medical University, Lucknow से बात की।
हर PMOS मरीज में पीरियड्स अनियमित नहीं होते
- कुछ महिलाओंं में PMOS होने के बावजूद ओवरीज एग रिलीज करती रहती है। ऐसी स्थिति में पीरियड्स रेगुलर आते हैं, लेकिन शरीर में एंड्रोजन जो कि एक मेल हार्मोन है, उसका लेवल ज्यादा हो सकता है। इससे पता चलता है कि महिला को PMOS हो सकता है।
- इंसुलिन रेजिस्टेंस के कारण भी PMOS होता है जिसमें शरीर इंसुलिन का सही ढंग से इस्तेमाल नहींं कर पाता है और इस स्थिति में भी पीरियड्स सामान्य हो सकते हैं।
- कई बार पीरियड्स नियमित होते हैं, लेकिन अल्ट्रासाउंंड में सिस्ट नजर आने पर डॉक्टर PMOS की पुष्टि करते हैं।
- PMOS की शुरुआत में हार्मोनल बदलाव कम होते हैं इसलिए शुरू में पीरियड्स नियमित हो सकते हैं।
साल 2010 में European Journal Of Obstetrics & Gynecology And Reproductive Biology नामक जर्नल में प्रकाशित एक स्टडी के मुताबिक, नियमित पीरियड्स वाली महिलाओं को भी PMOS हो सकता है। स्टडी में यह भी बताया गया है कि जिन महिलाओं के पीरियड्स अनियमित होते हैं उनमें डायबिटीज, मोटापा और हार्मोनल समस्याओं का खतरा ज्यादा हो सकता है।
PMOS में अनियमित पीरियड्स ही नहीं इन लक्षणोंं पर भी गौर करें

- गर्भधारण में दिक्कत होना।
- गर्दन या अंडरआर्म्स में कालापन।
- वजन बढ़ना।
- हेयर फॉल होना।
- बार-बार एक्ने होना।
- चेहरे या शरीर पर अनचाहे बाल बढ़ना।
क्या PMOS का इलाज संभव है?
PMOS को पूरी तरह ठीक नहीं किया जा सकता, लेकिन इसके लक्षणों को कंट्रोल करने के लिए रोजाना एक्सरसाइज करें, पर्याप्त नींद लें, स्ट्रेस कम करें, योग एवंं मेडिटेशन करें, ज्यादा प्रोसेस्ड चीजों का सेवन न करें और डॉक्टर की सलाह पर दवाएं लें।
निष्कर्ष:
पीरियड्स रेगुलर होने के बावजूद भी PMOS हो सकता है। शुरू में हार्मोनल बदलाव कम होते हैं जिसके कारण पीरियड्स नियमित रहते हैं, कई बार सिस्ट नजर आने पर PMOS की पुष्टि होती है। एंड्रोजन हार्मोन ज्यादा होने या इंंसुलिन रेजिस्टेंस में भी सामान्य पीरियड्स के साथ PMOS हो सकता है।
FAQ
PMOS की जांंच कैसे होती है?
अल्ट्रासाउंंड, ब्लड शुगर टेस्ट, हार्मोनल टेस्ट वगैरह की मदद से PMOS की जांंच होती है। ब्लड टेस्ट में टेस्टोस्टेरोन, LH और FSH का स्तर भी देखा जाता है।PMOS से कैसे बचें?
वजन कंट्रोल करें, पीरियड्स के अनियमित होने पर डॉक्टर से संपर्क करें, अचानक वजन बढ़ने पर गौर करें, स्ट्रेस कम करें, हेल्दी डाइट और एक्सरसाइज पर फोकस करें।
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May 20, 2026 11:32 IST
Modified By : Yashaswi Mathur May 20, 2026 11:32 IST
Published By : Yashaswi Mathur
Reviewed By : Prof Dr Smriti Agrawal