Fri Sep 11, 2026 | 07:30 PM IST

Medically Reviewed by Dr Kiran Gupta , Yoga, Naturopathy Consultant & Nutrition & Dietician

क्या ड्राई स्कैल्प पर मुल्तानी मिट्टी लगाना सही है? डॉक्टर से जानें इसके नुकसान

मुल्तानी मिट्टी का इस्तेमाल ड्राई स्कैल्प के लिए हानिकारक हो सकता है, जिससे ड्राइनेस, खुजली और डैंड्रफ जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं। यह बालों को कमजोर कर टूटने का जोखिम भी बढ़ा सकती है।

मुल्तानी मिट्टी का सदियों से महिलाएं अपनी स्किन और बालों की देखभाल के लिए करती आ रही हैं। मुल्तानी मिट्टी का इस्तेमाल करने से स्किन पर मौजूद ज्यादा तेल को सोखने, स्कैल्प की गंदगी को साफ करने और बालों को ताजगी देने के लिए जानी जाती है। हालांकि, हर नेचुरल चीज का इस्तेमाल सभी व्यक्ति के लिए एक जैसा नहीं होता है। अगर आपकी स्कैल्प पहले से ही ड्राई है तो मुल्तानी मिट्टी का इस्तेमाल आपके लिए फायदेमंद होने के स्थान पर बहुत ज्यादा नुकसानदायक हो सकती है। इसलिए, आइए इस लेख में मेवाड़ विश्वविद्यालय में प्रोफेसर एवं प्राकृतिक चिकित्सालय बापू नगर, जयपुर की वरिष्ठ चिकित्सक योग, प्राकृतिक चिकित्सा पोषण और आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. किरण गुप्ता से जानते हैं कि ड्राई स्कैल्प पर मुल्तानी मिट्टी लगाने से क्या-क्या नुकसान हो सकते हैं?

ड्राई स्कैल्प पर मुल्तानी मिट्टी इस्तेमाल करने के नुकसान

आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. किरण गुप्ता के अनुसार, ड्राई स्कैल्प पर मुल्तानी मिट्टी इस्तेमाल करने पर इसके कुछ साइड इफेक्ट्स हो सकते हैं, जैसे-

1. स्कैल्प की ड्राइनेस ज्यादा बढ़ना

मुल्तानी मिट्टी में ज्यादा ऑयल को सोखने की क्षमता होती है। इसी कारण यह ऑयली स्कैल्प वाले लोगों के लिए फायदेमंद मानी जाती है। हालांकि, ड्राई स्कैल्प पर लगाने से यह नेचुरल सीबम को भी कम कर सकती है, जिससे स्कैल्प की स्किन और ज्यादा ड्राई और बेजान महसूस हो सकती है।

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2. खुजली और जलन होना

जब स्कैल्प में नमी की कमी हो जाती है तो खुजली, खिंचाव और हल्की जलन जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं। अगर मुल्तानी मिट्टी को बार-बार या लंबे समय तक स्कैल्प पर छोड़ दिया जाए तो ड्राई स्कैल्प वाले लोगों में असुविधा बढ़ने की संभावना बढ़ जाती है।

3. डैंड्रफ की समस्या

कई लोग डैंड्रफ दूर करने के लिए मुल्तानी मिट्टी का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन अगर डैंड्रफ का कारण स्कैल्प ड्राइनेस है तो मुल्तानी मिट्टी इस स्थिति को और ज्यादा खराब कर सकती है। इससे स्कैल्प की सूखी परतें ज्यादा झड़ सकती हैं और डैंड्रफ पहले से ज्यादा नजर आने लगता है।

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4. बालों में ड्राइनेस बढ़ना

ड्राई स्कैल्प के साथ अक्सर बाल भी ड्राई होते हैं। ऐसे में स्कैल्प पर मुल्तानी मिट्टी का इस्तेमाल करने से नमी कम हो सकती है, जिससे बाल बहेजान, उलझे हुए और फ्रिजी दिखाई देने लगते हैं। इससे बालों की चमक भी कम हो सकती है।

5. बाल टूटने और झड़ने का जोखिम

स्कैल्प और बाल दोनों में नमी की कमी होने पर बाल कमजोर होकर टूटने लगते हैं। मुल्तानी मिट्टी सीधे तौर पर आपके बाल झड़ने का कारण नहीं बनती है, बल्कि मुल्तानी मिट्टी का इस्तेमाल करने के कारण स्कैल्प में ज्यादा ड्राइनेस बढ़ सकती है, जिससे बालों को नुकसान पहुंचा सकती है और टूटने की समस्या बढ़ सकती है।

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6. स्कैल्प में एलर्जी का खतरा

कुछ लोगों की स्कैल्प सेंसिटिव होती है। ऐसे में मुल्तानी मिट्टी लगाने से स्कैल्प में रेडनेस, जलन या हल्की एलर्जी जैसे रिएक्शन हो सकते हैं। इसलिए, पहली बार इस्तेमाल करने से पहले पैच टेस्ट करना जरूरी होता है।

निष्कर्ष

मुल्तानी मिट्टी एक नेचुरल सामग्री है, लेकिन इसका इस्तेमाल स्कैल्प के टाइफ को ध्यान में रखकर करना सही होता है। ड्राई स्कैल्प वाले लोगों के लिए इसका बार-बार या अकेले इस्तेमाल करना स्कैल्प में ड्राइनेस, खुजली, डैंड्रफ और बालों की ड्राइनेस जैसी समस्याएं बढ़ सकती है। इसलिए, किसी भी घरेलू उपाय को अपनाने से पहले अपने स्कैल्प की जरूरतों को समझना जरूरी है।
Image Credit: Freepik

FAQ

  • क्या मुल्तानी मिट्टी रोजाना बालों पर लगा सकती हूं?

    नहीं, मुल्तानी मिट्टी का इस्तेमाल रोजाना बालों पर करना बिल्कुल सही नहीं माना जाता है। यह बालों के नेचुरल ऑयल को गहराई से सोखती है, इसलिए, रोजाना मुल्तानी मिट्टी का इस्तेमाल करने से बाल ज्यादा ड्राई, बेजान और कमजोर होकर टूटने लगते हैं।
  • मुल्तानी मिट्टी से बाल धोने के क्या फायदे हैं?

    मुल्तानी मिट्टी से बाल धोने से स्कैल्प साफ होता है, ज्यादा तेल कंट्रोल में रहता है और डैंड्रफ की समस्या कम होती है। यह बालों को नेचुरस चमक देने, स्कैल्प को ठंडा रखने और बालों को झड़ने से रोकने में मदद करता है।

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Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

कात्यायनी तिवारी पिछले 6 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। करियर की शुरुआत उन्होंने न्यूज चैनल से की और बाद में डिजिटल मीडिया में हेल्थ और लाइफस्टाइल विषयों पर काम करना शुरू किया। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हैं।वह महिला स्वास्थ्य, पोषण, आयुर्वेद, योग, स्किन हेल्थ और प्रेग्नेंसी जैसे विषयों पर लिखती हैं। उनका प्रयास रहता है कि ताजा रिसर्च, विशेषज्ञ डॉक्टरों की राय और प्रमाणित स्रोतों के आधार पर सही स्वास्थ्य जानकारी सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचे। जिन लेखों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है।OnlyMyHealth से पहले वह Jantantra TV और Boldsky के साथ काम कर चुकी हैं।

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    Jun 30, 2026 12:12 IST

    Modified By : Katyayani Tiwari
  • Jun 30, 2026 12:12 IST

    Published By : Katyayani Tiwari
    Reviewed By : Dr Kiran Gupta

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