शिशुओं और छोटे बच्चों को दवा देना पेरेंट्स के लिए एक मुश्किल काम होता है। खासकर जब बात सिरप देने की आती है तो पेरेंट्स ज्यादा परेशान हो जाते हैं। बच्चों के सिरप के साथ एक माप वाला ढक्कन आता है, लेकिन अक्सर वह कहीं खो जाता है या फिर टूट जाता है। ऐसी स्थिति में पेरेंट्स बच्चों को सिरप देने के लिए घर में मौजूद किसी भी चम्मच का इस्तेमाल करने लगते हैं और अंदाजे से दवा पिला देते हैं। हालांकि, दवा की मात्रा में छोटी-सी गलती भी बच्चे की सेहत पर बुरा असर डाल सकती है। कई बार कम मात्रा में दवा देने से बीमारी ठीक नहीं होती है, जबकि जरूरत से ज्यादा मात्रा में दवा देने पर ओवरडोज का जोखिम बढ़ जाता है। इसलिए, आइए इस लेख में Dr. Gopal Agrawal, Paediatrics & Neonatology, Cloudnine Group of Hospitals, Gurugram से जानते हैं कि शिशुओं को चम्मच से सिरप देते समय किन गलतियों से बचना चाहिए
शिशुओं को चम्मच से सिरप देते समय न करें ये 5 गलतियां
Dr. Gopal Agrawal का मानना है कि शिशुओं को सिरप देते समय सही माप, साफ-सफाई और सही तरीके का ध्यान रखना बहुत जरूरी है। देखने में आपको ये गलतियां बहुत आम लग सकती हैं, लेकिन इससे बच्चे की सेहत पर बुरा असर पड़ सकता है।
1. दवा की मात्रा कम या ज्यादा होना
शिशुओं को सिरप देते समय सबसे आम गलती होती है सही मात्रा का ध्यान न रखना। कई बार माता-पिता सोचते हैं कि थोड़ा ज्यादा सिरप देने से बच्चा जल्दी ठीक हो जाएगा। बच्चे को सिरप ज्यादा या कम देना नुकसानदायक हो सकता है। कम दवा देने से इंफेक्शन या बीमारी पूरी तरह ठीक नहीं होती है, जबकि जरूरत से ज्यादा दवा देने पर उल्टी, चक्कर आना, एलर्जी या अन्य समस्याएं बढ़ सकती हैं। इसलिए, डॉक्टर द्वारा बताई गई मात्रा ही बच्चों को दें, कम या ज्यादा खुराक होने से बचाएं।
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2. चम्मच का साफ न होना
शिशुओं का इम्यून सिस्टम बड़ों के मुकाबले काफी कमजोर होता है। इसलिए, बच्चे को जिस चम्मच से दवा दी जा रही है वह सही तरह से साफ नहीं है तो उस पर मौजूद बैक्टीरिया या गंदगी बच्चे के शरीर में पहुंच कर उन्हें ज्यादा बीमार कर सकती है। गंदे चम्मच से इंफेक्शन, दस्त, पेट खराब होने या अन्य स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याएं होने का जोखिम बढ़ सकता है। इसलिए, हर बार दवा देने से पहले चम्मच को अच्छी तरह धोकर सुखा लें। अगर संभव हो तो दवा के साथ मिलने वाला नाप का ढक्कन ही इस्तेमाल करें।
3. सिरप को सीधे गले में डाल देना
कई माता-पिता जल्दी-जल्दी शिशु को दवा देने के लिए सिरप को चम्मच से सीधे बच्चे के गले की ओर डाल देते हैं। शिशुओं को दवा पिलाने का यह एक गलत तरीका माना जाता है। ऐसा करने से बच्चे को खांसी आ सकती है, दवा सांस की नली में जा सकती है और बच्चे की सांस फूल सकती है। बच्चे को दवा देने के लिए धीरे-धीरे मुंह के किनारे यानी गाल के अंदरूनी हिस्से में डालें ताकि बच्चा आराम से उसे निगल सके। अगर बच्चा बहुत छोटा है तो उसे हल्का सा सीधा पकड़कर दवा दें और जल्दबाजी करने से बचें।

4. घर के खाने वाले चम्मच का उपयोग करना
किचन में इस्तेमाल होने वाले छोटे या बड़े चम्मच दवा मापने के लिए नहीं बनाए जाते हैं। अलग-अलग घरों के चम्मचों का आकार अलग-अलग होता है। इसलिए उनसे सही मात्रा का अंदाजा लगना मुश्किल होता है। ऐसे में आप हमेशा दवा की बोतल के साथ मिलने वाला दवा मापने का चम्मच, ओरल सिरिंज या मापने वाले कप का इस्तेमाल करें। इससे दवा बिल्कुल सही मात्रा में दी जा सकती है।
5. 'mL' और 'चम्मच' के माप में गलती
कई लोग डॉक्टर द्वारा लिखे गए 2.5 mL या 5 mL को सामान्य चम्मच के हिसाब से समझ लेते हैं। इसी गलती के कारण दवा की गलत मात्रा बच्चों को पेरेंट्स दे देते हैं। ऐसे में दवा की मात्रा समझ में न आए तो डॉक्टर या फार्मासिस्ट से जरूर पूछें। किसी भी तरह का खुद से अनुमान लगाने से बचें
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निष्कर्ष
शिशुओं को चम्मच से सिरप देने की गलती ज्यादातर पेरेंट्स कर देते हैं, जो बच्चे की सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकता है। सिरप का सही माप, साफ चम्मच या ढक्कन का इस्तेमाल, दवा देने का सही तरीका और डॉक्टर द्वारा दी गई गाइडलाइन को फॉलो करने से बच्चे को जल्दी ठीक और सुरक्षित रखा जा सकता है।
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FAQ
बच्चे दवाई न पिएं तो क्या करें?
बच्चों को दवा पिलाने के लिए उन्हें डराने या जबरदस्ती करने से बचना चाहिए। इसके स्थान पर ओरल सिरिंज का इस्तेमाल करें, और दवा का स्वाद कम करने के लिए कुछ मीठा दें।दो दवाओं के बीच टाइम गैप कितना होना चाहिए?
दो अलग-अलग तरह की दवाओं के बीच 1 से 2 घंटे का अंतर रखना जरूरी है ताकि दवा के अवशोषण को बेहतर बनाने और उनके बीच किसी भी तरह का हानिकारक रिएक्शन को रोकने के लिए जरूरी है।
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Jul 16, 2026 16:45 IST
Published By : Katyayani Tiwari
Reviewed By : Dr Gopal Agrawal