Thu Oct 29, 2026 | 04:12 PM IST

Medically Reviewed by Archana Jain , Nutritionist

हाई यूरिक एसिड के मरीज पिएं ये 5 जूस? खुद एक्सपर्ट ने बताए हैं फायदे

Juice for High Uric Acid: जिन लोगों को भी हाई यूरिक एसिड की समस्या होती है उनके लिए इन 5 प्रकार के जूस को पीना फायदेमंद हो सकता है जो कि प्यूरिन को जमने से रोकने के साथ प्रोटीन मेटाबॉलिज्म को तेज करने में मददगार हैं।
हाई यूरिक एसिड के मरीज पिएं ये 5 जूस? खुद एक्सपर्ट ने बताए हैं फायदेहाई यूरिक एसिड के मरीज पिएं ये 5 जूस? खुद एक्सपर्ट ने बताए हैं फायदे

Juice for High Uric Acid: हाई यूरिक एसिड की दिक्कत आजकल बहुत से लोगों को परेशान कर रही है। दरअसस, जब शरीर में यूरिक एसिड बढ़ा रहता है जो पैरों की हड्डियों और उंगलियों की जोड़ों में दर्द हो सकता है। ऐसे में जरूरी है कि आप इस समस्या से पहले ही बचें। इसके लिए आपको अपने शरीर में प्यूरिन को जमा होने से रोकने के लिए सही डाइट लेनी होगी। साथ ही आपको प्रोटीन का मेटाबॉलिज्म तेज करना होगा और इन दोनों में कामों में कुछ जूस फायदेमंद हो सकते हैं। कैसे? इस बारे में हमने जयपुर स्थित Angelcare-A Nutrition and Wellness Center की निदेशक, डाइटीशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन से बात की।

यूरिक एसिड में कौन सा जूस पीना चाहिए?

डाइटिशियन अर्चना जैन कहती हैं कि अगर आप चाहते हैं कि आप आपका प्रोटीन मेटाबॉलिज्म तेज रहे और प्यूरिन की पथरियां आपकी हड्डियों के आस-पास जमा न हो तो आपको अपनी डाइट में ज्यादा से ज्यादा विटामिन सी से भरपूर फलों को खाना चहिए। इसके अलावा आपको किसी भी हाल में पानी की कमी से बचना चाहिए। ऐसे में आप इन चीजों का जूस पी सकते हैं जैसे-

1. खीरे का जूस

अर्चना जैन कहती हैं कि यूरिक एसिड को कम करने के लिए जरूरी है कि आप खीरे का जूस पिएं। यह शरीर को हाइड्रेट करने के साथ प्यूरिन की पथरियों को पानी के माध्यम से डिटॉक्स करने में मदद कर सकता है। इसके अलाव खीरे का जूस शरीर को ठंडा करता है और विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालने में मदद करता है। साथ ही, इनमें प्यूरीन की मात्रा बहुत कम होती है, जिससे यूरिक एसिड की समस्या कंट्रोल होने में मदद मिलती है। आप घर पर भी एक खीरे को पीसकर जूस बना सकते हैं, जिसमें आप नमक मिलाकर पी सकते हैं।

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2. अजमोद का जूस

अर्चना जैन कहती हैं कि अजमोद का जूस (Celery Juice) पीना हाई यूरिक एसिड को कम करने में मददगार है। अजमोद का जूस, एंटी इंफ्लेमेटरी गुणों से भरपूर है। यह ड्यूरेटिक गुणों से भरपूर है जो पेशाब के जरिए प्यूरिन की पथरियों को डिटॉक्स करने में मददगार है। इसके अलावा, अजमोद जूस पीने से जोड़ों की सूजन कम होती है और यह बढ़े हुए प्यूरिन के लेवल यानी गाउट के दर्द को कम करने में मदद कर सकता है।

Researchgate नामक जर्नल में प्रकाशित स्टडी बताती है कि अजमोद, हल्के मूत्रवर्धक के रूप में कार्य करती है और इसमें प्राकृतिक तेल होते हैं जो गुर्दे को मूत्र के माध्यम से अतिरिक्त तरल पदार्थ और यूरिक एसिड को बाहर निकालने में मदद कर सकते हैं, साथ ही अधिक क्षारीय पीएच संतुलन बनाए रखने में भी मददगार है।

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3. संतरे का जूस

संतरे का जूस पीना, हाई यूरिक एसिड को कम करने में मदद कर सकता है। अर्चना जैन कहती हैं कि विटामिन सी शरीर से प्यूरिन की पथरियों को जमा होने से रोकते हैं। संतरे के जूस का साइट्रिक एसिड, शरीर में जमा अतिरिक्त यूरिक एसिड को तोड़ने और बाहर निकालने में भई सहायक होते हैं। इसके अलावा, यह शरीर को अधिक क्षारीय (अल्कलाइन) बनाता है, जिससे एसिड का जमाव नहीं होता। इसके अलावा आप मौसमी जूस भी पी सकते हैं जिसमें विटामिन सी होता है जो कि यूरिक एसिड को कम करने में मददगार है।

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4. आंवले का जूस

आंवले का जूस पीना, यूरिक एसिड को भी कम करने में मददगार है। Food Science and Nutrition जर्नल में प्रकाशित यह स्टडी बताती है कि आंवले में मौजूद पॉलीफेनोलिक एंटीऑक्सीडेंट, विशेष रूप से एलैजिक एसिड, गैलिक एसिड और कैटेचिन हाइड्रेट किडनी को डिटॉक्स करने में मदद करते हैं। आंवला में विटामिन C और पॉलीफेनोलिक एंटीऑक्सीडेंट का एक समृद्ध प्राकृतिक स्रोत है। विटामिन C, किडनी के जरिए अपशिष्ट पदार्थों को बाहर निकालने की प्रक्रिया को बेहतर बनाकर, सीरम यूरिक एसिड के स्तर को कम करने में मदद करता है।

5. अनानास का जूस

अनानास में ब्रोमेलैन नाम का एक एंजाइम होता है, जो सूजन और दर्द को कम कर सकता है। यह गाउट (gout) को भी कम करने में मददगार है। इसके अलावा अनानास के टुकड़े खाएं या फिर इन्हें ब्लेंड करके स्मूदी बना लें। इसे पीने से गाउट की समस्या को भी कम करने में मददगार है। हालांकि, एक्सपर्ट अंजली कहती हैं कि गाउट के मरीजों को अनानास जूस पीने से ज्यादा इसे खाना चाहिए।

निष्कर्ष:

हालांकि, डाइट से ज्यादा आपको इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि आपके शरीर में यूरिक एसिड का लेवल किस तरह से बढ़ रहा है। साथ ही शरीर में जैसे ही आपको लक्षण नजर आए तो तुरंत ड़क्टर को दिखाएं और पूरी जांच करवाएं ताकि समय रहते इस समस्या का हल हो सके और गाउट की बीमारी बढ़े नहीं।

FAQ

  • क्या गाउट ठीक हो सकता है?

    गाउट कंट्रोल हो सकता है लेकिन पूरी तरह से ठीक नहीं हो सकता। आप इसके लक्षणों को नियंत्रित कर सकते हैं और समस्या बढ़ने से रोक सकते हैं।
  • गाउट में क्या नहीं खाना चाहिए?

    गाउट में आपको हाई प्यूरिन फूड्स जैसे सी फ्रूट्स, राजमा, छोले, उड़द की दाल और मैदा, सफेद ब्रेड और बेकरी वाली चीजों को ज्यादा खाने से बचना चाहिए।

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Pallavi Kumari

चीफ सब-एडिटर

पल्लवी,  हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में करीब 8 साल का अनुभव रखती हैं। शुरुआती कई सालों तक All India Radio में सक्रिय रहीं, फिर विभिन्न वेब पोर्ट्ल्स जैसे TheHealthsite, Indiatv और Jansatta के लिए हेल्थ, लाइफस्टाइल, धर्म, स्त्री विमर्श और साहित्य से जुड़े विषयों पर खूब लिखा और संपादन किया। फिलहाल ओनलीमायहेल्थ में चीफ सब एडिटर के पद पर रहते हुए ये हेल्थ और लाइफस्टाइल से जुड़े गंभीर विषयों को आमजन की सरल-सहज भाषा में परोसने का काम कर रही हैं। इन लेखों को विश्वसनीय और तथ्यपरक बनाने के लिए ये न सिर्फ विषयों पर गहन शोध करती हैं बल्कि, एक्सपर्ट्स और डॉक्टर्स से बात भी करती हैं। Editorial Policy: पल्लवी द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Oct 29, 2026 14:26 IST

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