Wed Oct 28, 2026 | 07:07 PM IST

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World Psoriasis Day: क्या सोरायसिस छूने से फैलता है? मरीज के साथ खाना खाने और रहने पर जानें डॉक्टर की राय

सोरायसिस स्किन से जुड़ी गंभीर समस्या है लेकिन यह संक्रामक यानी छूने से फैलने वाली बीमारी नहीं होती है। वर्ल्ड सोरायसिस डे के मौके पर डॉक्टर से जानिए, सोरायसिस के बारे में जरूरी जानकारियां।
World Psoriasis Day: क्या सोरायसिस छूने से फैलता है? मरीज के साथ खाना खाने और रहने पर जानें डॉक्टर की रायWorld Psoriasis Day: क्या सोरायसिस छूने से फैलता है? मरीज के साथ खाना खाने और रहने पर जानें डॉक्टर की राय

हर साल 29 अक्टूबर को वर्ल्ड सोरायसिस डे (World Psoriasis Day) मनाया जाता है। इस दिन को मनाने का उद्देश्य सोरायसिस से जुड़ी सही जानकारी फैलाना, लोगों को इस बीमारी के प्रति जागरुक करना और मरीजों के साथ होने वाले भेदभाव को कम करना है। स्किन पर सोरायसिस के लक्षण साफ नजर आने के कारण कई बार लोग इसे छूने से फैलने वाली बीमारी समझ लेते हैं। यशोदा हॉस्पिटल, हैदराबाद की सीनियर कंसल्टेंट डर्मेटोलॉजिस्ट डॉ. पद्मजा के अनुसार, सोरायसिस कोई संक्रामक बीमारी नहीं है। यह शरीर के इम्यून सिस्टम में होने वाली गड़बड़ी से जुड़ा होता है, जिसके कारण स्किन की सेल्स तेजी से बनने लगती हैं। ऐसे में मरीज को छूने, उसके साथ बैठने या भोजन करने से यह बीमारी दूसरे व्यक्ति में नहीं फैलती है।

क्या सोरायसिस छूने से फैलता है?

डर्मेटोलॉजिस्ट डॉ. पद्मजा बताती हैं कि सोरायसिस छूने से नहीं फैलता है। यह स्किन की एक क्रॉनिक इंफ्लेमेटरी बीमारी है, जो शरीर के इम्यून सिस्टम में होने वाली गड़बड़ी से जुड़ी होती है। इसमें स्किन सेल्स सामान्य से तेजी से बनने लगती हैं, जिसके कारण स्किन पर मोटी पपड़ी, लालिमा और सूजन दिखाई दे सकती है। यह कोई संक्रामक यानी फैलनी वाली बीमारी नहीं है, इसलिए मरीज की स्किन को छूने, हाथ मिलाने या गले मिलने से दूसरे व्यक्ति को सोरायसिस नहीं होता है। इस बीमारी को लेकर लोगों में जागरुकता की कमी के कारण कई बार मरीज को गलत नजर से देखा जाता है। जबकि सोरायसिस से पीड़ित व्यक्ति के साथ सामान्य व्यवहार करना बिल्कुल सुरक्षित है।

साल 2022 में Cureus Journal of Medical Science में प्रकाशित रिव्यू के अनुसार-

  • सोरायसिस का कोई पक्का इलाज नहीं है। इसमें स्किन की कोशिकाएं बहुत तेजी से बढ़ने लगती हैं, जिससे कोहनी, घुटनों और सिर पर सूखे और पपड़ीदार चकत्ते बन जाते हैं।
  • यह कोई छूत की बीमारी नहीं है, यानी यह छूने या हवा से नहीं फैलती। हालांकि, आनुवंशिक कारण, तनाव और धूम्रपान इसे बढ़ा सकते हैं। यह किसी को भी हो सकती है।
  • हालांकि इसका कोई इलाज नहीं है, लेकिन सही देखभाल और लाइफस्टाइल में बदलाव करके इसके लक्षणों को कंट्रोल किया जा सकता है और हेल्दी जीवन जिया जा सकता है।

क्या सोरायसिस मरीज के साथ खाना सुरक्षित है (Is eating with psoriasis patient safe)

डर्मेटोलॉजिस्ट डॉ. पद्मजा के अनुसार, सोरायसिस से पीड़ित व्यक्ति के साथ खाना खाने में कोई परेशानी नहीं है। एक ही टेबल पर बैठकर भोजन करने, एक ही कमरे में रहने या साथ में समय बिताने से यह बीमारी नहीं फैलती है। सोरायसिस बैक्टीरिया, वायरस या फंगस से होने वाला नॉर्मल स्किन इंफेक्शन नहीं है, इसलिए भोजन शेयर करने से इसके फैलने का खतरा नहीं होता। हालांकि, भोजन शेयर करते समय सफाई का पालन करना चाहिए, जैसे हाथ धोना और साफ बर्तनों का इस्तेमाल करना। ये सावधानियां सभी लोगों के लिए जरूरी हैं, न कि केवल सोरायसिस के मरीजों के साथ खाना खाते समय।

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क्या सोरायसिस के मरीज के कपड़े या तौलिया इस्तेमाल कर सकते हैं?

  • डर्मेटोलॉजिस्ट डॉ. पद्मजा सलाह देती हैं कि सोरायसिस के कारण मरीज के कपड़ों, चादर या तौलिये से यह बीमारी दूसरे व्यक्ति में नहीं फैलती है।
  • हालांकि, पर्सनल हाइजीन के लिहाज से कपड़े, तौलिया और दूसरी निजी चीजें अलग-अलग इस्तेमाल करना बेहतर होता है।
  • इसका कारण सोरायसिस का इंफेक्शन होना नहीं, बल्कि हाइजीन बनाए रखना है। यदि किसी व्यक्ति को स्किन पर चकत्ते, खुजली या पपड़ी दिखाई देती है, तो उसे केवल देखकर सोरायसिस समझ लेना सही नहीं है।
  • स्किन की कुछ अन्य समस्याएं, जैसे फंगल इंफेक्शन, संक्रामक हो सकता है। इसलिए सही पहचान के लिए डर्मेटोलॉजिस्ट से चेकअप कराना जरूरी है।

सोरायसिस के लक्षण दिखने पर क्या करें?

डर्मेटोलॉजिस्ट डॉ. पद्मजा सलाह देती हैं कि अगर स्किन पर लाल चकत्ते, मोटी पपड़ी, लगातार खुजली या स्किन में दरारें दिखाई दे रही हैं, तो डर्मेटोलॉजिस्टम से सलाह लें। बिना डॉक्टर की सलाह के स्टेरॉयड क्रीम या अन्य दवाओं का इस्तेमाल न करें, क्योंकि गलत इलाज से समस्या बढ़ सकती है। डॉक्टर बीमारी की गंभीरता और प्रभावित हिस्सों के आधार पर मॉइश्चराइजर, लगाने वाली दवाएं, फोटोथेरेपी या जरूरत पड़ने पर अन्य इलाज बता सकते हैं। स्किन को नम रखना, खुजलाने से बचना और तनाव कंट्रोल करना भी मददगार हो सकता है।

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निष्कर्ष

सोरायसिस एक गैर-संक्रामक स्किन डिजीज है, जो छूने, साथ खाना खाने या एक ही घर में रहने से नहीं फैलता है। इसलिए इस बीमारी से पीड़ित व्यक्ति से दूरी बनाने या उसके साथ भेदभाव करने की जरूरत नहीं है। अगर स्किन पर सोरायसिस जैसे लक्षण दिखाई दें, तो खुद से दवा लेने के बजाय डर्मेटोलॉजिस्ट से सलाह लें। सही जानकारी और समय पर इलाज से बीमारी के लक्षणों को बेहतर तरीके से कंट्रोल किया जा सकता है।

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FAQ

  • क्या सोरायसिस की बीमारी हमेशा जीवनभर रहती है?

    सोरायसिस एक क्रॉनिक बीमारी है, जिसमें लक्षण लंबे समय तक बने रह सकते हैं या बीच-बीच में दोबारा उभर सकते हैं। सही इलाज से इन्हें कंट्रोल किया जा सकता है।
  • क्या बच्चों को सोरायसिस हो सकता है?

    सोरायसिस बच्चों और वयस्कों, दोनों को हो सकता है। बच्चों की स्किन पर असामान्य चकत्ते दिखने पर डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।
  • क्या तनाव से सोरायसिस के लक्षण बढ़ सकते हैं?

    तनाव कुछ लोगों में सोरायसिस के लक्षणों को बढ़ा सकता है। हालांकि, हर व्यक्ति में तनाव का प्रभाव अलग हो सकता है।

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Akanksha Tiwari

Health & Lifestyle Journalist

आकांक्षा तिवारी पिछले 6 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं, जिनमें से करीब 3 साल उन्होंने हेल्थ जर्नलिज्म को दिए हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। वह पोषण, आयुर्वेद, प्रेगनेंसी, हार्ट हेल्थ और फिटनेस जैसे विषयों पर लिखती हैं और स्वास्थ्य से जुड़ी जानकारी को प्रमाणित स्रोतों और रिसर्च के आधार पर सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास करती हैं। जिन लेखों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है। OnlyMyHealth से पहले वह India TV, India Ahead और News Nation के साथ काम कर चुकी हैं। Editorial Policy: आकांक्षा द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

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    Oct 28, 2026 18:01 IST

    Published By : Akanksha Tiwari