Mon Oct 19, 2026 | 06:48 PM IST

Medically Reviewed by Dr Chandni Jain Gupta , Dermatologist

क्या रोजाना सैलिसिलिक फेस वॉश का इस्तेमाल करना सुरक्ष‍ित है? डर्मेटोलॉजि‍स्‍ट से जानें

सैलिसिलिक एसिड युक्‍त फेस वॉश एक ऐसा क्लींजर है, जिसमें सैलिसिलिक एसिड होता है। यह त्वचा की मृत कोशिकाओं को हटाने में मदद करता है, लेक‍िन क्‍या इसका रोजाना इस्‍तेमाल सुरक्ष‍ित है? एक्‍सपर्ट से जानें सही जवाब।
क्या रोजाना सैलिसिलिक फेस वॉश का इस्तेमाल करना सुरक्ष‍ित है? डर्मेटोलॉजि‍स्‍ट से जानेंक्या रोजाना सैलिसिलिक फेस वॉश का इस्तेमाल करना सुरक्ष‍ित है? डर्मेटोलॉजि‍स्‍ट से जानें

क्या रोजाना सैलिसिलिक फेस वॉश का उपयोग सुरक्षित है?: अगर त्‍वचा ऑयली है, ड्राई रहती है, तो डॉक्‍टर का बताया हुआ सैलिसिलिक एसिड फेस वॉश का इस्‍तेमाल रोज कर सकते हैं। ज्यादातर क्लींजर में सैलिसिलिक एसिड की मात्रा 0.5 से 2 प्रतिशत तक होती है, यह आमतौर पर त्‍वचा के ल‍िए सुरक्ष‍ित मानी जाती है। हालांक‍ि, अलग-अलग ब्रैंड्स के फेसवॉश में इस मात्रा में फर्क हो सकता है इसल‍िए डॉक्‍टर की सलाह से ही फेस वॉश का चुनाव करें। सैलिसिलिक एसिड युक्‍त फेस वॉश का इस्‍तेमाल करने से रोमछ‍िद्र साफ होते हैं, एक्‍ने कम होते हैं और अत‍िर‍िक्‍त सीबम प्रोडक्शन को कंट्रोल करने में मदद म‍िलती है। हालांक‍ि, एक बात का ध्‍यान रखें क‍ि सैलिसिलिक एसिड युक्‍त फेस वॉश को जरूरत से ज्‍यादा इस्‍तेमाल नहीं करना चाह‍िए। साथ ही, फेस वॉश से चेहरे को साफ करने के बाद मॉइश्चराइजर अप्‍लाई करना भी जरूरी है। आइए जानते हैं क‍ि सैलिसिलिक एसिड युक्‍त फेस वॉश कैसे काम करता है और इसे इस्‍तेमाल करने का सही तरीका क्‍या है? बेहतर जानकारी के ल‍िए हमने Dr. Chandni Jain Gupta, Dermatologist, Cosmetologist And Hair Transplant Surgeon At Elantis Healthcare, New Delhi से बात की।

American Academy Of Dermatology Association के मुताब‍िक, मुंहासों के कारण त्वचा के रोमछिद्र बंद हो सकते हैं, जिससे वे ज्यादा बड़े और साफ नजर आने लगते हैं। सैलिसिलिक एसिड वाले फेस वॉश का इस्तेमाल करने से इसमें मदद मिल सकती है। अध्ययनों से पता चलता है कि सैलिसिलिक एसिड रोमछिद्रों को खोलने में मदद कर सकता है। सैलिसिलिक एसिड वाले कुछ फेस वॉश इतने हल्के होते हैं कि उनका रोजाना इस्तेमाल किया जा सकता है।

सैलिसिलिक एसिड कैसे काम करता है?

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सैल‍िस‍िल‍िक एस‍िड बीटा हाइड्रॉक्सी एसिड (BHA) की श्रेणी का एक तत्व है। सैलिसिलिक एसिड रोमछिद्रों के अंदर जमा गंदगी और अतिरिक्त तेल को हटाने में मदद करता है। सामान्य स्क्रब की तरह रगड़ने के बजाय यह अपने केम‍िकल प्रकृत‍ि की मदद से त्वचा की मृत कोशिकाओं को हटाता है। सैलिसिलिक एसिड-

  • बंद रोमछिद्रों को साफ करता है।
  • ऑयल कंट्रोल करता है।
  • मुंहासों को कम करने में मदद करता है।

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सैलिसिलिक एसिड फेस वॉश लगाने का सही तरीका

  • चेहरे को पहले पानी से गीला करें।
  • उच‍ित मात्रा में फेस वॉश लें।
  • हल्के हाथों से मसाज करें। लगभग 20 से 30 सेकंड तक चेहरे पर धीरे-धीरे लगाएं।
  • साफ पानी से फेस वॉश हटाएं और मुलायम तौलिए से थपथपाकर चेहरा सुखाएं।
  • चेहरा धोने के तुरंत बाद मॉइश्चराइजर लगाएं, ताकि त्वचा में नमी बनी रहे।
  • बाहर जाने से पहले सनस्क्रीन लगाएं।

सैलिसिलिक फेस वॉश का सही इस्तेमाल कैसे करें?

  • शुरुआत में हफ्ते में 2 से 3 बार ही फेस वॉश लगाएं।
  • अगर त्वचा में जलन या ड्राईनेस नहीं होती है, तो धीरे-धीरे इसे रोजाना इस्तेमाल कर सकते हैं।
  • दिन में दो बार से ज्‍यादा इसका इस्‍तेमाल नहीं करना चाह‍िए।
  • अगर लगातार रेडनेस, जलन, त्वचा में खिंचाव या पपड़ी निकलने जैसे लक्षण द‍िखाई दें तो फेस वॉश का इस्‍तेमाल रोक दें और डॉक्‍टर की सलाह लेना न भूलें।
  • एक ही समय पर सैलिसिलिक एसिड युक्‍त फेसवॉश के साथ दूसरे एक्सफोलिएटिंग एसिड, तेज स्क्रब या स्ट्रॉग टोनर का इस्तेमाल करने से बचें।

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सैलिसिलिक एसिड के संभावित दुष्प्रभाव

  • अगर चेहरा धोने के बाद त्वचा में बहुत खिंचाव महसूस होता है या पानी लगाने पर भी जलन होती है, तो यह संकेत हो सकता है कि आपकी त्वचा के ल‍िए सही नहीं है। ऐसी स्थिति में इस्तेमाल कम करें या बंद कर दें।
  • जरूरत से ज्यादा एक्सफोलिएशन त्वचा की प्राकृतिक सुरक्षा परत को नुकसान पहुंचा सकता है। इससे त्वचा ज्‍यादा सेंस‍िट‍िव हो सकती है और जलन या मुंहासों की समस्या बढ़ सकती है।
  • बहुत ज्यादा एक्सफोलिएशन त्वचा को रूखा बना सकता है। इससे त्वचा पर पपड़ी निकलने की समस्‍या हो सकती है।

न‍िष्‍कर्ष:

सैलिसिलिक फेस वॉश एक प्रकार का क्‍लींजर है ज‍िसमें सैल‍िस‍िल‍िक एस‍िड होता है। इसका इस्‍तेमाल रोजाना करना सुरक्ष‍ित माना जाता है। ज्‍यादातर सैल‍िस‍िल‍िक युक्‍त फेस वॉश में सैल‍िस‍िल‍िक एस‍िड की मात्रा 0.5 से 2 प्रतिशत तक होती है जो आमतौर पर त्‍वचा के ल‍िए सुरक्ष‍ित मानी जाती है। सैलिसिलिक एसिड युक्‍त फेस वॉश का इस्‍तेमाल करने से रोमछ‍िद्र साफ होते हैं, एक्‍ने कम होते हैं और अत‍िर‍िक्‍त सीबम प्रोडक्शन को कंट्रोल करने में मदद म‍िलती है। अगर सैल‍िस‍िल‍िक युक्‍त फेस वॉश का इस्‍तेमाल शुरू क‍िया है, तो शुरू में हफ्ते में 2 से 3 बार ही इसका इस्‍तेमाल करें। अगर लगातार रेडनेस, जलन, त्वचा में खिंचाव या पपड़ी निकलने जैसे लक्षण द‍िखाई दें तो फेस वॉश का इस्‍तेमाल रोक दें और डॉक्‍टर की सलाह लेना न भूलें। कई लोगों को इसके इस्‍तेमाल से त्‍वचा में ख‍िंचाव, जलन, रेडनेस, ड्राईनेस हो सकती है। सेंस‍िट‍िव स्‍क‍िन है, तो डॉक्‍टर की सलाह पर ही इसका इस्‍तेमाल करें।

image credit: magnific

FAQ

  • दिन में कितनी बार फेस वॉश करना चाहिए?

    आमतौर पर दिन में दो बार यानी सुबह और शाम को चेहरा धोना काफी होता है। ज्यादा पसीना आने या चेहरा गंदा होने पर सफाई की जरूरत हो सकती है, लेक‍िन बार-बार चेहरा धोने से त्वचा ड्राई हो सकती है।
  • ऑयली स्किन के लिए कौन सा फेस वॉश सही है?

    ऑयली स्किन के लिए हल्का, नॉन-कॉमेडोजेनिक फेस वॉश अच्छा विकल्प है। अधिक तेल और मुंहासों की समस्या होने पर सैलिसिलिक एसिड वाला फेस वॉश चुन सकते हैं।

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    Oct 19, 2026 16:46 IST

    Published By : Yashaswi Mathur
    Reviewed By : Dr Chandni Jain Gupta