Fri Sep 11, 2026 | 06:55 PM IST

Medically Reviewed by Dr Chanchal Sharma , BAMS-Ayurveda

गर्मी में गिलोय का सेवन सुरक्षित है या नहीं? आयुर्वेदिक डॉक्टर से जानें

औषधीय गुणों से भरपूर गिलोय का सेवन करना स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद माना जाता है, लेकिन क्या गर्मियों में इसका सेवन करना सही होता है या नहीं? आइए लेख में जानें।

आयुर्वेदिक जड़ी बूटियों में से एक और औषधीय गुणों से भरपूर गिलोय का सेवन करने से स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद माना जाता है। गिलोय में अच्छी मात्रा में बहुत से पोषक तत्व, एंटीऑक्सीडेंट्स, एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-इंफ्लेमेटरी के गुण होते हैं, साथ ही इसकी तासीर गर्म होती है। इसका सेवन सही तरीके से करना जरूरी होता है। इसी तरह कई लोगों के मन में यह सवाल भी उठता है कि क्या गर्मी में गिलोय का सेवन करना सेफ है या नहीं? आइए इस बारे में आयुर्वेदा की डायरेक्टर और स्त्री रोग विशेषज्ञ और आयुर्वेदिक डॉक्टर चंचल शर्मा (Ayurvedic Dr. Chanchal Sharma, Director and Gynecologist, Asha Ayurveda) से जानें।

गर्मियों में गिलोय का सेवन करना सेफ है या नहीं?

डॉ. चंचल शर्मा के अनुसार, गर्मियों में गिलोय का सेवन करना पूरी तरह से सेफ है, लेकिन सीमित मात्रा में। इसमें बहुत से पोषक तत्व होते हैं। इसका सेवन करने से इम्यूनिटी को बूस्ट करने और डेंगू के बुखार को कम करने जैसे कई स्वस्थ्य लाभ मिलते हैं, लेकिन इसका अधिक सेवन किया जाए तो इससे शरीर में गर्मी बढ़ने और पाचन से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं।

इसे भी पढ़ें: गिलोय का काढ़ा, जूस या चाय - रोज पीना कितना सुरक्षित है? आयुर्वेदाचार्य से जानें

गिलोय का सेवन कितनी मात्रा में करें?

डॉ. चंचल शर्मा के अनुसार, गिलोय की तासीर गर्म होती है। ऐसे में गर्मियों में 1 दिन में 10-15 ml और 1-2 दिन में एक बार तक गिलोय की गोली का सेवन किया जा सकता है। इसके अलावा, गिलोय के रस का सेवन भी किया जा सकता है।

giloy in summer safe or not 101

गिलोय का सेवन किन लोगों को नहीं करना चाहिए?

डॉ. चंचल शर्मा के अनुसार, गर्मी या किसी भी मौसम में कुछ लोगों को गिलोय का सेवन करने से बचना चाहिए। इसके अलावा, इन स्थितियों में या किसी भी मेडिकल कंडीशन में गिलोय का सेवन करने से बचना चाहिए।

  • ब्रेस्टफीडिंग या प्रेग्नेंसी के दौरान
  • पाचन संबंधी समस्या होने
  • लो ब्लड शुगर
  • ब्लड प्रेशर की समस्या
  • कमजोर इम्यूनिटी होने
  • सर्जरी के आस-पास
  • रुमेटाइड आर्थराइटिस
  • ऑटोइम्यून बीमारियां होने
  • दवाइयों का सेवन करने के दौरान

इसे भी पढ़ें: तुलसी, दालचीनी और गिलोय चाय के फायदे, आयुर्वेदिक डॉक्टर से जानें

निष्कर्ष

गर्मियों में गिलोय का सेवन करना सेफ है, लेकिन सीमित मात्रा में। इसका अधिक सेवन करने से स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। इसके अलावा, ध्यान रहे, किसी भी मेडिकल कंडीशन में, पाचन से जुड़ी समस्या होने, कमजोर इम्यूनिटी होने, सर्जरी के आस-पास, ऑटोइम्यून बीमारियां होने, ब्रेस्टफीडिंग या प्रेग्नेंसी के दौरान इसका सेवन करने से बचना चाहिए। ध्यान रहे, किसी भी तरह की स्वास्थ्य समस्या महसूस होने या गिलोय का सेवन करने से पहले डॉक्टर से सलाह जरूर लें।

All Images Credit- Freepik

FAQ

  • गिलोय कब नहीं खाना चाहिए?

    प्रेग्नेंसी, ब्रेस्टफीडिंग कराने वाली महिलाओं, ऑटोइम्यून बीमारियों, सर्जरी के आस-पास, लो ब्लड प्रेशर और पाचन से जुड़ी समस्या होने पर गिलोय का सेवन करने से बचना चाहिए। ऐसा करने से स्वास्थ्य को नुकसान हो सकता है।
  • खाली पेट गिलोय खाने के फायदे?

    खाली पेट गिलोय का सेवन करने से इम्यूनिटी को बूस्ट करने, शरीर को डिटॉक्स करने, सर्दी-खांसी से बचाव करने, पाचन में सुधार करने, ब्लड शुगर के स्तर को नियंत्रित करने, डेंगु के बुखार को कम करने और स्किन को हेल्दी रखने में मदद मिलती है। 

Read Next

क्या है 'सोलो' जड़ी बूटी, जिसे PM मोदी ने बताया था संजीवनी, आयुर्वेदाचार्य से जानें इसके फायदे

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

Priyanka Sharma

Priyanka Sharma

Sub Editor

प्रियंका शर्मा हेल्थ और लाइफस्टाइल पत्रकारिता में करीब 3 साल का अनुभव रखती हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत डिजिटल मीडिया से की है। फिलहाल प्रियंका जागरण न्यू मीडिया (Onlymyhealth) में बतौर सब एडिटर काम कर रही हैं। प्रियंका को स्वास्थ्य, पोषण, स्किन केयर और फिटनेस जैसे विषयों पर लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से मास्टर्स इन जर्नलिज्म की है। Editorial Policy: प्रियंका द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

Read More..

How we keep this article up to date:

We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.

  • Current Version

    May 30, 2026 22:50 IST

    Modified By : Priyanka Sharma
  • May 30, 2026 22:50 IST

    Published By : Priyanka Sharma
    Reviewed By : Dr Chanchal Sharma

Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content