Thu Oct 15, 2026 | 05:40 AM IST

Medically Reviewed by Archana Jain , Nutritionist

8 फूड्स जो बढ़ाते हैं दांतों की सेंसिटिविटी, डेंटिस्ट से जानें इनकी जगह क्या खाएं

दांतों की सेंसिटिविटी एक आम समस्या है, जो कुछ फूड्स का सेवन करने से बढ़ सकती हैं। अधिक मीठे, आइस्क्रीम, बिस्कुट और अचार जैसे फूड्स का सेवन करने से बचना चाहिए।
8 फूड्स जो बढ़ाते हैं दांतों की सेंसिटिविटी, डेंटिस्ट से जानें इनकी जगह क्या खाएं8 फूड्स जो बढ़ाते हैं दांतों की सेंसिटिविटी, डेंटिस्ट से जानें इनकी जगह क्या खाएं

कई लोगों को ठंडी आइसक्रीम खाने, गर्म फूड लेने या किसी खट्टी चीजों को खाते ही दांतों में अचानक से तेज झनझनाहट होने या दर्द महसूस होने की समस्या होती है। कुछ लोगों में ये परेशानी बढ़ जाती है, जिसके कारण लोग कुछ फूड्स को खाने से बचने लगते हैं। दांतों में सेंसिटिविटी की समस्या कुछ फूड्स के कारण बढ़ने लगते हैं। ऐसे में आइए जयपुर स्थित Angelcare-A Nutrition and Wellness Center की निदेशक, डाइटीशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन से जानें कौन से फूड्स दांतों की सेंसिटिविटी को बढ़ा सकते हैं और स्वस्थ दांतों के लिए कौन से फूड्स खाएं?

8 फूड्स बढ़ा सकते हैं दांतों की सेंसिटिविटी

डाइटीशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट अर्चना जैन के अनुसार, ठंडे, खट्टे और गर्म चीजों को खाने से लोगों में दांतों की सेंसिटिविटी होने लगती है। ऐसे में लोगों को कुछ फूड्स का सेवन करने से बचना चाहिए।

1. नींबू और खट्टे फल न खाएं

नींबू, मौसमी और कुछ अन्य खट्टे फलों में नेचुरल एसिड होता है। ऐसे में बार-बार इनका सेवन दांतों के इनेमल पर एसिड का असर बढ़ा सकता है। इसके कारण दांतों की सेंसिटिविटी को बढ़ावा मिल सकता है। ध्यान रहे, फलों को पूरी तरह छोड़े न।

क्या खाएं: पूरे फल को सीमित मात्रा में खाएं और खाने के बाद नॉर्मल पानी से मुंह कुल्ला करें। फलों का जूस पीने की बजाय पूरा फल खाना बेहतर ऑप्शन हो सकता है।

इसे भी पढ़ें: क्या मुंह के ड्राई होने से कैविटी का खतरा बढ़ सकता है? डेंटिस्ट से जानें

2. संतरे का जूस और दूसरे फ्रूट जूस न पिएं

फलों के जूस में नेचुरल शुगर के साथ एसिड भी हो सकता है। खासकर जूस को बार-बार थोड़ी-थोड़ी मात्रा में पीते रहने से दांत लंबे समय तक एसिड के संपर्क में रह सकते हैं। इसके कारण दांतों को नुकसान होने या सेंसिटिविटी बढ़ने की समस्या हो सकती है।

क्या खाएं: जूस की जगह पूरा फल लें और प्यास बुझाने के लिए पानी पीना एक अच्छा ऑप्शन है।

foods that worsen tooth sensitivity and what to eat instead 1 (4)foods that worsen tooth sensitivity and what to eat instead 1 (4)

3. खट्टी कैंडी और टॉफी से बचें

खट्टी कैंडी में अधिक मात्रा में मीठा होता है। कैंडी को लंबे समय तक मुंह में रखने से दांत लंबे समय तक मीठे के संपर्क में रह सकते हैं। इससे दांतों की सेंसिटिविटी के साथ कैविटी का खतरा भी बढ़ सकता है। इससे ओरल हेल्थ को भी नुकसान हो सकता है।

क्या खाएं: मीठा खाने की इच्छा हो तो कम मात्रा में लें और बार-बार स्नैकिंग करने से बचें। इसके बजाय ताजे फलों को खाना फायदेमंद होता है।

4. चिपचिपी मिठाइयां न खाएं

दांतों से जुड़ी समस्याओं से बचने के लिए कैंडी, टॉफी और कुछ चिपचिपी मिठाइयों का सेवन करने से बचना चाहिए। इन मिठाइयों का सेवन करने से ये दांतों के बीच और दांतों पर चिपक सकती हैं। इससे चीनी लंबे समय तक दांतों के संपर्क में रह सकती है। जिसके कारण इनेमल को नुकसान होने और कैविटी होने जैसी समस्याएं हो सकती हैं।

क्या खाएं: ऐसे स्नैक चुनें जो दांतों से चिपके नहीं और खाने के बाद पानी पीने या कुल्ला करने की आदत रखें। इसके अलावा, मीठी चीजों का सेवन सीमित मात्रा में करें।

5. कोल्ड ड्रिंक और सोडा

कार्बोनेटेड सॉफ्ट ड्रिंक दांतों के लिए परेशानी बढ़ा सकती हैं। इनमें मौजूद एसिड इनेमल को नुकसान पहुंचा सकता है, साथ ही दांतों की सेंसिटिविटी बढ़ सकती है। शुगर वाली ड्रिंक दांतों में कैविटी का खतरा भी बढ़ा सकती हैं।

क्या पिएं: कोल्ड ड्रिंक्स या सोडा का सेवन करने के बजाय नॉर्मल पानी या दूध बेहतर ऑप्शन है।

6. अचार और सिरके वाली चीजों को खाने से बचें

सिरका और सिरके वाले फूड्स को खाने से दांतों को नुकसान हो सकता है। अगर इनका सेवन बहुत ज्यादा या बार-बार किया जाए, दांतों में सेंसिटिविटी बढ़ सकती है।

क्या खाएं: अचार का सेवन सीमित करें और खाने में कम एसिड वाले ऑप्शन्स को चुनें। इसके अलावा, डाइट में सब्जियों की सलाह को भी चुना जा सकता है।

7. ज्यादा मीठे बिस्कुट और कुकीज न खाएं

चीनी दांतों की सेंसिटिविटी की समस्या हो सकती है, लेकिन बार-बार मीठा खाने से दांतों में कैविटी का खतरा बढ़ सकता है। मुंह के बैक्टीरिया शुगर को तोड़कर एसिड बनाते हैं, जो दांतों के मिनरल को प्रभावित कर सकते हैं।

क्या खाएं: बिना ज्यादा चीनी वाले स्नैक चुनें और दिनभर थोड़ी-थोड़ी मात्रा में मीठा खाते रहने की आदत कम करें। स्नैकिंग के लिए ड्राई फ्रूट्स, मखाने, भूने चने और सादा दही जैसी चीजों को चुनें।

8. ज्यादा ठंडी चीजें न खाएं

कई लोग आइसक्रीम जैसी बहुत अधिक ठंडी या मीठी चीजों का सेवन करते हैं। इनका सेवन करने से दांतों की सेंसिटिविटी को बढ़ावा मिल सकता है। इसके अलावा, दांतों में कैविटी होने या दांतों से जुड़ी अन्य समस्याएं हो सकती हैं।

सावधानियां

दातों का सेंसिटिविटी से बचाव करने और दांतों को हेल्दी बनाए रखने के लिए कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है।

  • दांतों की सेंसिटिविटी होने पर सिर्फ खाना बदलना ही पर्याप्त नहीं है।
  • जोर से ब्रश न करें और सॉफ्ट ब्रश का इस्तेमाल करें।
  • फ्लोराइड वाले टूथपेस्ट से दिन में दो बार ब्रश करें।
  • अच्छे से दांतों के बीच की सफाई करें।
  • खाना खाने के बाद कुल्ला करें।

निष्कर्ष

दांतों में सेंसिटिविटी होने पर खट्टी, मीठी और ठंडी चीजों का सेवन करने से बचें। इनका अधिक सेवन करने से व्यक्ति को दांतों में सेंसिटिविटी के बढ़ने, इनेमल को नुकसान होने, कैविटी होने और दांतों से जुड़ी अन्य स्वास्थ्य समस्याएं बढ़ सकती हैं। ध्यान रहे, दांतों से जुड़ी कोई भी परेशानी महसूस होने पर तुरंत डॉक्टर से सलाह लें।

All Images Credit- Freepik

FAQ

  • सेंसिटिव दांतों में क्या परेशानी होती हैं?

    दांतों में सेंसिटिविटी होने पर व्यक्ति को दांतों में ठंडा, गर्म, खट्टा और मीठा खाने पर दांतों में अचानक से तेज झनझनाहट होने या दर्द महसूस होने, झनझनाहट होने और चुभन होने जैसी समस्याएं होती हैं।
  • सेंसिटिव दांतों से राहत के लिए क्या करें?

    दांतों की सेंसिटिविटी से राहत के लिए नियमित रूप से ब्रश करें, गुनगुने पाने में नमक डालकर कुल्ला करें, ब्रश के लिए सॉफ्ट ब्रश का इस्तेमाल करें और एसिडिट चीजों के इस्तेमाल से बचें। 

Read Next

→ ब्लड शुगर-लो हो गया, तो कैसे पता चलेगा? डॉक्टर से जानें इसके शुरुआती लक्षण

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

Priyanka Sharma

Health & Lifestyle Journalist

प्रियंका शर्मा पिछले 4 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं, जिनमें से 2 साल उन्होंने हेल्थ जर्नलिज्म को दिए हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सब एडिटर हैं। वह महिला स्वास्थ्य, पोषण, प्रेगनेंसी, स्किनकेयर, हेयरकेयर, आयुर्वेद, योग और हार्ट हेल्थ जैसे विषयों पर शोध आधारित लेख लिखती हैं और जटिल स्वास्थ्य जानकारी को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की कोशिश करती हैं। लेख तैयार करते समय वह विशेषज्ञों की राय और भरोसेमंद मेडिकल स्रोतों का ध्यान रखती हैं। जिन लेखों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है। OnlyMyHealth से पहले वह Grehlakshmi (महिला केंद्रित हिंदी पत्रिका) और Noida Khabar के साथ काम कर चुकी हैं। Editorial Policy: प्रियंका द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

Read More..

How we keep this article up to date:

We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.

  • Current Version

    Aug 09, 2026 23:37 IST

    Published By : Priyanka Sharma
    Reviewed By : Archana Jain