Fri Sep 11, 2026 | 08:59 PM IST

Medically Reviewed by Payal Asthana , Fitness Expert

घर बैठे करें ये 4 स्‍ट्रेंथ एक्‍सरसाइज, मांसपेश‍ियां रहेंगी मजबूत और फ‍िट द‍िखेगा शरीर

फ‍िटनेस के ल‍िए घर बैठे स्‍ट्रेंथ एक्‍सरसाइज कर सकते हैं। इससे शरीर की ताकत बढ़ती है, मसल्‍स मजबूत होती हैं और सहनशक्ति बढ़ती है।  

स्‍ट्रेंथ एक्‍सरसाइज की मदद से मसल्‍स की ताकत बढ़ती है ज‍िससे शरीर ज्‍यादा फ‍िट और एक्‍ट‍िव होता है। साथ ही इससे हड्ड‍ियों की डेंस‍िटी को बढ़ाने में भी मदद म‍िलती है ज‍िससे फ्रैक्‍चर या हड्ड‍ियों से संबंध‍ित बीमार‍ियों का खतरा कम होता है। मसल्‍स बढ़ने से मेटाबॉल‍िज्‍म बढ़ता है और शरीर ज्‍यादा कैलोरी बर्न कर पाता है। इस लेख में जानेंगे चार स्‍ट्रेंथ एक्‍सरसाइज के बारे में ज‍िन्‍हें आप घर बैठे कर सकते हैं। स्ट्रेंथ एक्‍सरसाइज के फायदे और इन्‍हें करने का तरीका जानने के ल‍िए हमने Director Ozefit Fitness Club, Australia & Certified Fitness Coach Payal Asthana से बात की।

1. स्क्वैट्स

squats-benefits-in-hindi

स्क्वैट्स (Squats) एक साथ कई मसल्‍स को एक्‍ट‍िव करने वाली एक्‍सरसाइज है। इसे आसानी से घर बैठे क‍िया जा सकता है। स्क्वैट्स की मदद से हैमस्‍ट्र‍िंग, ग्‍लूट्स, कोर और लोअर बैक जैसे मसल्‍स मजूबत होते हैं।

कैसे करें?

  • स्क्वैट्स करने के ल‍िए दोनों पैरोंं को कंधों की चौड़ाई जितना खोलकर खड़े हों।
  • शरीर को इस तरह नीचे करें जैसे आप किसी कुर्सी पर बैठ रहे हों।
  • दोबारा ऊपर की ओर उठें।
  • इससे आपके पैरों और ग्लूट्स में ताकत बढ़ाने में मदद मिलती है।

यह भी पढ़ें- स्ट्रेंथ ट्रेनिंग से जुड़े इन 5 म‍िथकोंं पर न करें भरोसा, एक्‍सपर्ट से जानें सच

2. पुश-अप्‍स

push-ups

पुश-अप्‍स (Push-ups) की मदद से शोल्‍डर, ट्राइसेप्‍स और कोर मजबूत होते हैं। सही ढंग से पुश-अप्‍स करेंगे, तो कोर मसल्‍स मजबूत होंंगी और शरीर का बैलेंस सुधरेगा।

कैसे करें?

  • प्‍लैंक पोजीशन में शुरू करें।
  • छाती को फर्श की ओर नीचे लेकर जाएं।
  • फि‍र दोबारा ऊपर उठें।
  • अगर फुल पुश-अप्‍स मुश्‍क‍िल लगें, तो इसे घुटनों के बल भी क‍िया जा सकता है।

यह भी पढ़ें- क्या रोज वॉक करने से फैटी लिवर का खतरा कम होता है? डॉक्टर से जानें

3. प्‍लैंक होल्‍ड

plank-hold

प्‍लैंक होल्‍ड (Plank Hold) की मदद से स‍िर्फ पेट नहीं, बल्‍क‍ि शोल्‍डर, ग्‍लूट्स और पैर भी टाइट होते हैं। इस एक्‍सरसाइज की मदद से शरीर का बैलेंस और कंट्रोल बेहतर होता है। सही ढंग से इस कसरत को करने से स्‍पाइन को सपोर्ट म‍िलता है और कमर दर्द से भी राहत म‍िलती है।

कैसे करें?

  • शरीर को सीधी रेखा में रखें।
  • कोहन‍ियों और पंजों पर ट‍िके रहें।
  • कोर पर काम करने के ल‍िए 20 से 30 सेकंंड तक इसी स्‍थ‍ित‍ि में रहें।

यह भी पढ़ें- एक्सरसाइज के बाद मांसपेशियों की जकड़न कैसे दूर करें? अपनाएं ये 3 आसान उपाय

4. ग्लूट ब्रिज

glute-bridge

ग्लूट ब्रिज (Glute Bridge) की मदद से ग्‍लूट्स यानी ह‍िप्‍स को एक्‍ट‍िव और मजबूत बनाने में मदद म‍िलती है। मजबूत ग्‍लूट्स की मदद से स्‍पाइन पर दबाव कम होता है ज‍िससे कमर दर्द से राहत म‍िलती है।

कैसे करें?

  • ग्लूट ब्रिज करने के ल‍िए अपनी पीठ के बल लेट जाएं।
  • कूल्‍हों को ऊपर उठाएं।
  • धीरे-धीरे कूल्‍हों को दोबारा नीचे लेकर जाएं।
  • इससे ग्‍लूट्स और पीठ के न‍िचले ह‍िस्‍से पर असर होता है।

न‍िष्‍कर्ष:

शरीर की मजबूती पाने के ल‍िए स्क्वैट्स, पुश-अप्‍स, प्‍लैंक होल्‍ड और ग्लूट ब्रिज जैसी एक्‍सरसाइज को घर बैठे कर सकते हैं। इनकी मदद से कोर मसल्‍स मजबूत होती हैं और घर बैठे ही आप फ‍िटनेस हास‍िल कर सकते हैं।

Read Next

वेट लॉस ही नहीं हार्ट हेल्‍थ के ल‍िए भी फायदेमंंद है ट्रेडम‍िल वॉक, एक्‍सपर्ट से जानें फायदे

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

Yashaswi Mathur

Yashaswi Mathur

Senior Sub Editor

यशस्वी माथुर पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं, जिनमें से करीब 8 साल उन्होंने हेल्थ जर्नलिज्म को दिए हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। यहां वह स्वास्थ्य, महिला स्वास्थ्य, पोषण और लाइफस्टाइल से जुड़े विषयों पर लिखती हैं। यशस्वी की खासियत है जटिल मेडिकल विषयों और रिसर्च को आसान भाषा में समझाना, ताकि आम पाठक भी उन्हें आसानी से समझ सके। लेख तैयार करते समय वह विशेषज्ञ डॉक्टरों की राय, मेडिकल रिसर्च और भरोसेमंद स्रोतों का ध्यान रखती हैं। जिन विषयों में मेडिकल वैरिफिकेशन जरूरी होता है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत हिंदुस्तान अखबार से की थी। उस दौरान स्वास्थ्य से जुड़ी उनकी एक खोजी रिपोर्ट के बाद लखनऊ के KGMU स्थित क्वीन मेरी अस्पताल के गायनेकोलॉजी विभाग में व्यवस्थाओं को लेकर स्वास्थ्य विभाग को सुधारात्मक कदम उठाने पड़े। Editorial Policy: यशस्वी द्वारा लिखे गए सभी लेखों की हमारी संपादकीय टीम द्वारा तथ्य-जांच की जाती है और आवश्यकता पड़ने पर संबंधित विषय विशेषज्ञों द्वारा समीक्षा की जाती है।

Read More..

How we keep this article up to date:

We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.

  • Current Version

    Apr 28, 2026 20:02 IST

    Modified By : Yashaswi Mathur
  • Apr 28, 2026 20:02 IST

    Published By : Yashaswi Mathur
    Reviewed By : Payal Asthana

Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content
Medically reviewed content
200+ medical reviewers in network
17 Years of Trusted Health Content