हर माता-पिता चाहते हैं कि उनका बच्चा हेल्दी रहे और उसकी ग्रोथ अच्छी हो। बच्चों की अच्छी ग्रोथ के लिए उन्हें पौष्टिक आहार देना जरूरी है। कई माता-पिता बच्चे को जरूरत से ज्यादा खिला देते हैं ताकि बच्चे को पोषक तत्व मिलें, लेकिन इससे बच्चे को डायबिटीज या मोटापे का खतरा रहता है। वहींं कुछ माता-पिता बच्चे को जरूरत से कम आहार देते हैं, जिससे उसके शरीर में पोषक तत्वों की कमी हो सकती है। ये गलतियांं किसी भी पैरेंट्स से हो सकती है इसलिए जानें बच्चों के पोषण से जुड़ी तीन जरूरी बातेंं ताकि उनकी ग्रोथ में कोई रुकावट न आए। यह जानकारी सभी माता-पिता को पता होना चाहिए ताकि वे बच्चे की हेल्दी ग्रोथ को मॉनिटर कर पाएंं। बेहतर जानकारी के लिए हमने Neha Sinha, Nutritionist At The Nutriwise Clinic, Lucknow से बात की।
1. उम्र के साथ बदलती हैं पोषण की जरूरतें

बच्चों की पोषण जरूरतें उनकी उम्र के साथ बदलती रहती हैं। बच्चे जैसे-जैसे बड़े होते हैं, उन्हें प्रोटीन, कैल्शियम, आयरन, विटामिन और अन्य पोषक तत्वोंं की ज्यादा जरूरत होती है। इसलिए माता-पिता को समय-समय पर बच्चे की उम्र और जरूरतों के मुताबिक, आहार को बदलते रहना चाहिए। उदाहरण के लिए, स्कूल जाने वाले बच्चों को शारीरिक और मानसिक विकास के लिए पर्याप्त प्रोटीन और आयरन की जरूरत होती है। वहीं किशोरावस्था में तेजी से होने वाली ग्रोथ के लिए कैल्शियम, विटामिन डी और प्रोटीन की जरूरत बढ़ जाती है।
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2. सिर्फ पेट भरने पर नहीं बल्कि पोषण पर भी गौर करें
कई बार माता-पिता इस बात से संतुष्ट हो जाते हैं कि बच्चा भरपेट खाना खा रहा है, लेकिन जरूरी नहीं है कि पेट भरने वाला हर भोजन पौष्टिक भी हो। उदाहरण के लिए, चिप्स, बिस्किट, इंस्टेंट नूडल्स, मीठे पेय पदार्थ और जंक फूड पेट, तो भर सकते हैं, लेकिन इनमें जरूरी पोषक तत्वों की कमी होती है। बच्चों के शरीर और दिमाग के सही विकास के लिए ऐसे भोजन की जरूरत होती है, जो उन्हें एनर्जी के साथ-साथ प्रोटीन, विटामिन, मिनरल्स और फाइबर भी दे। माता-पिता को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि बच्चे की थाली रंग-बिरंगे फलों और सब्जियों, दालों, दूध या दही तथा साबुत अनाज से भरपूर हो। इससे बच्चे को विभिन्न प्रकार के पोषक तत्व मिलते हैं, जो उसकी इम्यूनिटी के लिए जरूरी हैं।
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3. स्मार्ट स्नैकिंग की आदत डालें
बच्चों को अक्सर मेन मील्स के बीच छोटी-छोटी भूख लगती है। कई बच्चे स्नैक्स के नाम पर चॉकलेट, कैंडी, पैकेट वाले नमकीन या शुगर युक्त खाद्य पदार्थ खाना पसंद करते हैं। इसके बजाय माता-पिता को बच्चों में स्मार्ट स्नैकिंग की आदत बनानी चाहिए। स्मार्ट स्नैकिंग का मतलब है ऐसे स्नैक्स चुनना, जो स्वादिष्ट होने के साथ-साथ पौष्टिक भी हों। उदाहरण के लिए, ताजे फल, दही, भुना चना, मखाना, मूंगफली, सूखे मेवे, घर में बने सैंडविच या स्प्राउट्स अच्छे विकल्प हो सकते हैं।
निष्कर्ष:
बच्चों की ग्रोथ के लिए पोषण से संंबंधित तीन बातें सबसे ज्यादा जरूरी होती हैं- पहली उम्र के साथ बदलती हैं पोषण की जरूरतें, दूसरी स्मार्ट स्नैकिंग और तीसरी पोषक तत्वों से भरपूर डाइट। इन तीन बातों का ध्यान रखकर आप बच्चे की ग्रोथ को सुनिश्चित कर सकते हैं।
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Jun 10, 2026 19:38 IST
Modified By : Yashaswi Mathur Jun 10, 2026 19:38 IST
Published By : Yashaswi Mathur
Reviewed By : Neha Mohan Sinha