Fri Sep 11, 2026 | 06:53 PM IST

Medically Reviewed by Dt Rakshita Mehra , Consultant Dietetics

स्तनपान कराती हैं तो जरूर खाएं कैल्शियम से भरपूर ये फूड्स, कमी से हो सकती हैं समस्याएं

प्रेग्नेंसी के बाद ब्रेस्टफीडिंग मदर्स को अपनी डाइट का खास ध्यान रखने की जरूरत होती है। ऐसे में महिलाएं अपनी डाइट में कैल्शियम से भरपूर फूड्स शामिल कर सकती हैं, जो बच्चे के विकास में भी मदद करते हैं। 

प्रेग्नेंसी के बाद महिलाओं के शरीर में कई तरह के बदलाव आते हैं। ऐसे में ब्रेस्टफीडिंग कराने के दौरान महिलाओं को ज्यादा पोषण की जरूरत होती है, ताकि वे अपने स्वास्थ्य को बेहतर रख सकें और शिशु के सही विकास में भी मदद मिल सके। प्रेग्नेंसी के बाद ब्रेस्टीफीड कराने वाली महिलाओं में अक्सर कैल्शियम की कमी हो जाती है। कैल्शियम महिलाओं की हड्डियों को मजबूत बनाने और बच्चे की हड्डियों के विकास में मदद करता है। अगर डाइट में कैल्शियम की कमी हो जाए तो मां को कमजोरी, पीठ दर्द और थकान जैसी समस्याएं हो सकती हैं। इसलिए, आइए दिल्ली की क्लिनिकल डाइटिशियन और न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा से जानते हैं कि ब्रेस्टफीडिंग मदर्स के लिए कैल्शियम से भरपूर फूड्स के बारे में।

ब्रेस्टफीडिंग मदर्स के लिए कैल्शियम से भरपूर फूड्स

न्यूट्रिशनिस्ट रक्षिता मेहरा के अनुसार प्रेग्नेंसी के बाद कैल्शियम न सिर्फ मां की हड्डियों को मजबूत बनाने में मदद करते हैं, बल्कि दूध की गुणवत्ता को बढ़ाकर शिशु की हड्डियों और दांतों के निर्माण में भी अहम भूमिका निभाता है।

1. मिल्क प्रोडक्ट्स का सेवन

बच्चे को अपना दूध पीलाने वाली महिलाएं अपनी डाइट में दूध और उससे बने प्रोडक्ट्स जैसे दूध, दही, पनीर और छाछ शामिल कर सकते हैं। दूध कैल्शियम का सबसे अच्छा सोर्स माना जाता है। इसलिए, रोजाना एक गिलास दूध पीना शरीर को अच्छी मात्रा में कैल्शियम की कमी पूरी करने में मदद कर सकता है। जबकि दही कैल्शियम की कमी पूरी करने में मदद करने के साथ पाचन को भी बेहतर बनाता है।

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2. हरी पत्तेदार सब्जियां

पालक, मेथी, सरसों और बथुआ जैसी ताजी हरी पत्तेदार सब्जियां कैल्शियम और आयरन से भरपूर होती हैं। इन सब्जियों का नियमित सेवन ब्रेस्टफीड कराने वाली महिलाओं की हड्डियों को मजबूत बनाने में मदद करती है। इसके साथ ही, पोषक तत्वों की कमी को भी पूरा करता है। इन सब्जियों का नियमित सेवन आपके लिए फायदेमंद होता है।

3. ड्राई फ्रूट्स और सीड्स

बादाम, अंजीर, तिल और चिया सीड्स जैसे ड्राई फ्रूट्स और सीड्स का सेवन कैल्शियम के अच्छे सोर्स होते हैं। खासकर तिल में बहुत ज्यादा कैल्शियम पाया जाता है। इनका सेवन आप लड्डू, स्मूदी या सलाद में मिलाकर किया जा सकता है। ड्राई फ्रूट्स और सीड्स ब्रेस्टफीड कराने वाली महिलाओं के शरीर में ताकत बढ़ाने और एनर्जी देने में मदद करता है।

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4. दालें और अन्य फूड्स

चना, राजमा, सोयाबीन और टोफू जैसे फूड्स भी कैल्शियम से भरपूर होते हैं। ऐसे में सोया प्रोडक्ट्स ब्रेस्टफीडिंग मदर्स के लिए फायदेमंद माने जाते हैं। इसके अलावा, रागी और ओट्स भी अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं।

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निष्कर्ष

ब्रेस्टफीडिंग मदर्स में कैल्शियम की कमी के कारण हड्डियों के कमजोर होने और कमजोरी की समस्या बढ़ सकती है। ऐसे में आप डेयरी प्रोडक्ट्स, हरी पत्तेदार सब्जियां, ड्राई फ्रूट्स और दाल या सोया प्रोडक्ट्स को अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं। सही खानपान न सिर्फ मां को हेल्दी रखने में मदद करते हैं, बल्कि शिशु के विकास में भी अहम भूमिका निभाते हैं।
Image Credit: Freepik

FAQ

  • सबसे ज्यादा कैल्शियम क्या खाने से मिलता है?

    सबसे ज्यादा कैल्शियम डेयरी प्रोडक्ट्स, तिल, रागी और हरी पत्तेदार सब्जियों में मिलता है।
  • तेजी से कैल्शियम कैसे बढ़ाएं?

    शरीर में तेजी से कैल्शियम बढ़ाने के लिए डेयरी प्रोडक्ट्स, तिल, बादाम, अंजीर और सोयाबीन जैसी चीजों का सेवन कर सकते हैं। कैल्सियम के अवशोषण के लिए विटामिन डी, और बीजों का सेवन भी बहुत जरूरी है।

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Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

कात्यायनी तिवारी पिछले 6 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। करियर की शुरुआत उन्होंने न्यूज चैनल से की और बाद में डिजिटल मीडिया में हेल्थ और लाइफस्टाइल विषयों पर काम करना शुरू किया। फिलहाल वह OnlyMyHealth में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हैं।वह महिला स्वास्थ्य, पोषण, आयुर्वेद, योग, स्किन हेल्थ और प्रेग्नेंसी जैसे विषयों पर लिखती हैं। उनका प्रयास रहता है कि ताजा रिसर्च, विशेषज्ञ डॉक्टरों की राय और प्रमाणित स्रोतों के आधार पर सही स्वास्थ्य जानकारी सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचे। जिन लेखों में मेडिकल पुष्टि जरूरी होती है, उन्हें प्रकाशित होने से पहले डॉक्टरों द्वारा रिव्यू किया जाता है।OnlyMyHealth से पहले वह Jantantra TV और Boldsky के साथ काम कर चुकी हैं।

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    May 29, 2026 21:44 IST

    Modified By : Katyayani Tiwari
  • May 29, 2026 21:44 IST

    Published By : Katyayani Tiwari
    Reviewed By : Dt Rakshita Mehra

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