दांत दर्द, फुंसी, घाव जैसी इन 5 समस्याओं में फायदेमंद है सरफोंका (शरपुंखा), जानें प्रयोग का तरीका

सरफोंका एक पौधा है ज‍िसमें औषध‍िय गुण हैं, इससे कई बीमार‍ियों को दूर क‍िया जाता है। चल‍िए जानते हैं इसके फायदे 

Yashaswi Mathur
Written by: Yashaswi MathurPublished at: Aug 26, 2021Updated at: Aug 26, 2021
दांत दर्द, फुंसी, घाव जैसी इन 5 समस्याओं में फायदेमंद है सरफोंका (शरपुंखा), जानें प्रयोग का तरीका

सरफोंका एक पौधा है ज‍िसका इस्‍तेमाल आयुर्वेद में बीमार‍ियों को दूर करने के ल‍िए क‍िया जाता है। इस पौधे की जड़, छाल, पत्‍त‍ियां, तना, फूल सभी का इस्‍तेमाल स्‍वास्‍थ्‍य के ल‍िए क‍िसी न क‍िसी तरीके से लाभदायक बताया गया है। सरफोंका के इस्‍तेमाल से खांसी की समस्‍या दूर होती है। अगर आपको कहीं घाव या फुंसी है तो उसे ठीक करने में भी सरफोंका फायदेमंद माना जाता है। दांत का दर्द दूर करने के ल‍िए सरफोंका का इस्‍तेमाल क‍िया जाता है। सरफोंका में एंटी-बैक्‍टीर‍ियल गुण होते हैं, इसे घाव पर लगाने से घाव जल्‍दी भर जाते हैं। इस लेख में हम सरफोंका के फायदे और उसे इस्‍तेमाल करने के तरीके पर चर्चा करेंगे। इस व‍िषय पर ज्‍यादा जानकारी के ल‍िए हमने लखनऊ के व‍िकास नगर में स्‍थित प्रांजल आयुर्वेद‍िक क्‍लीन‍िक के डॉ मनीष स‍िंह से बात की।

sharphunka benefits

(image credit:Dinesh Valke)

1. दांत का दर्द दूर करे सरफोंका (Sharphunka cures toothache)

दांत का दर्द को दूर करने के उपाय में सरफोंका फायदेमंद माना जाता है। सरफोंका के फूल का रस पकाएं और उसे ठंडा करने के बाद दांत पर कॉटन की मदद से लगा लें, इससे दांत का दर्द दूर हो जाएगा। इसके अलावा आप दांत का दर्द दूर करने के ल‍िए सरफोंका के फूल को कूटकर दांत के नीचे दबाएं तो इससे दांत का दर्द दूर हो जाएगा। 

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2. फुंसी होने पर इस्‍तेमाल करें सरफोंका (Sharphunka cures pimple)

अगर आपकी स्‍क‍िन पर फुंसी हो गई तो भी आप सरफोंका का इस्‍तेमाल कर सकते हैं। सरफोंका के इस्‍तेमाल से फुंसी में जमा पस निकल जाता है और फुंसी की समस्‍या दूर होती है, इस औषध‍ि में मौजूद बैक्‍टीर‍ियल गुण के कारण फुंसी या फोड़े में इंफेक्‍शन भी नहीं होता। बवासीर जैसी समसया में भी सरफोंका के पत्‍तों का काढ़ा बनाकर पीया जाता है। 

3. घाव को भरने में मदद करता है सरफोंका (Sharphunka cures wound)

sharphunka uses

(image credit:J.M.Garg)

सरफोंका में एंटी-बैक्‍टीरियल गुण होते हैं, इससे इंफेक्‍शन दूर होता है इसल‍िए इसे घाव पर लगा सकते हैं। घाव होने पर सरफोंका के फूल को पीसकर उसे शहद में म‍िलाकर चोट या घाव पर लेप को लगाएं तो घाव जल्‍द ही ठीक हो जाएगा। शरीर में गांठ बनने पर सरफोंका के पत्‍तों का इस्‍तेमाल फायदेमंद माना जाता है। आप पत्‍ते का रस गांठ पर लगा सकते हैं या पत्‍ते को गांठ वाले ह‍िस्‍से में बांध दें।

4. दस्‍त होने पर इस्‍तेमाल करें सरफोंका (Sharphunka cures diarrhoea)

अगर पेट गड़बड़ है या दस्‍त की समस्‍या है तो आप सरफोंका का इस्‍तेमाल करें। सरफोंका का काढ़ा बनाकर पीने से दस्‍त की समस्‍या दूर होती है। इसके ल‍िए आप सरफोंका के फूल को पीस लें और उसमें लौंग म‍िलाकर म‍िश्रण तैयार करें अब इसे गुनगुने पानी में उबालकर इसका सेवन करें तो दस्‍त की समस्‍या दूर हो जाएगी। ज‍िन बच्‍चों के पेट में कीड़े हो जाते हैं उन्‍हें सरफोंका के पत्‍तियों का चूरण ख‍िलाने से पेट के कीड़े खत्‍म हो जाते हैं। अगर आप सरफोंका की जड़ का पानी पीएं तो आपकी भूख बढ़ जाएगी, जो लोग खाना नहीं खा पाते उन्‍हें ये औषध‍ि के गुण जानने चाह‍िए।

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5. खांसी की समस्‍या दूर करता है सरफोंका (Sharphunka cures cough)

ज‍िन लोगों को खांसी की समस्‍या होती है उन्‍हें सरफोंका का इस्‍तेमाल करना चाहिए। सरफोंका के फूल के रस को शहद के साथ म‍िलाकर चाटने से खांसी की समस्‍या दूर हो जाती है। कुछ लोग सरफोंका के फूल को जलाकर उसका धुंआ सूंघकर भी खांसी की समस्‍या दूर करते हैं पर ज‍िन लोगों को सांस लेने में परेशानी हो या ज‍िन्‍हें अस्‍थमा हो उन्‍हें ये तरीका नहीं आजमाना चाह‍िए। 

अगर आप क‍िसी गंभीर बीमारी के श‍िकार हैं या आपको स्‍क‍िन से जुड़ी कोई समस्‍या है तो डॉक्‍टर की सलाह पर ही इस औषध‍ि को इस्‍तेमाल क‍रें। 

(main image credit:J.M.Garg)

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