तुलसी के तेल के 7 फायदे, सावधानियां और इस्तेमाल करने का तरीका

तुलसी का तेल सेहत के लिए काफी फायदेमंद होता है। यहां जानें इसके फायदे, सावधानियां और इस्तेमाल करने का तरीका।  

 
Kunal Mishra
Written by: Kunal MishraPublished at: Jul 09, 2021Updated at: Jul 09, 2021
तुलसी के तेल के 7 फायदे, सावधानियां और इस्तेमाल करने का तरीका

आयुर्वेद में तुलसी के पौधे को सर्वश्रेष्ठ दर्जा दिया गया है। तुलसी एक पवित्र पौधा है, जो अपने औषधीय गुणो के लिए दुनियाभर में जानी जाती है। तुलसी की पत्तियों, तुलसी का पानी और इसकी चाय का सेवन तो अधिकांश लोग करते हैं। लेकिन क्या आपने कभी तुलसी के तेल का प्रयोग किया है? क्या आप इस तेल के बारे में कुछ जानते हैं। अगर नहीं, तो इस लेख के माध्यम से हम आपको इस तेल के कुछ फायदों से अवगत कराएंगे। तुलसी का तेल एंटी इंफ्लेमेटरी और एंटी बैक्टीरिय़ल गुणों स भरपूर होता है। तुलसी का तेल बालों की भी अधिकांश समस्याओं का समाधान है। इसके एंटी-बायोटिक गुण आपको कई प्रकार के संक्रमण और घावों से भी बचाते हैं। यही नहीं यह तेल आपको सांस संबंधी समस्याओं, त्वचा रोगों और कैंसर आदि से भी बचाने में सहायक होता है। हालांकि इसे इस्तेमाल करने से पहले आपको कुछ सावधानियां बरतने की भी जरूरत होती है। चलिए जानते हैं तुलसी के तेल के फायदे, सावधानियां और उपयोग करने का तरीका।  

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1. हेल्दी हेयर ग्रोथ

बालों के लिए तो तुलसी का तेल किसी औषधी से कम नहीं है। बालों का झड़ना, बालों में शाइन की कमी होना, बालों की ग्रोथ रुक जाना या फिर स्कैल्प इन्फेक्शन, किसी भी प्रकार की समस्या से छुटकारा दिलाने के लिए तुलसी का तेल एक आयुर्वेदिक इलाज है। तुलसी के तेल के एंटीसेप्टिक गुण स्कैल्प के इंफेक्शन को ठीक करते हैं। साथ ही यह स्कैल्प एक्ने, इचिंग और डैंड्रफ से भी छुटकारा दिलाते हैं। तुलसी का तेल विटामिन के रिच होता है। इसे लगाने से बालों की हेल्दी ग्रोथ होती है। इसके एंटीऑक्सिडेंट्स बालों को सन डैमेज से बचाते हैं और बालों का टूटना भी रोकते हैं। 

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2. सर्दी-ज़ुकाम

सर्दी ज़ुकाम में तुलसी हमेशा से एक आयुर्वेदिक इलाज रही है। तुलसी शरीर में एंटीबॉडीज प्रोडक्शन बढ़ती है जिससे इम्यून सिस्टम को वायरस और इंफेक्शन से लड़ने की क्षमता मिलती है। तुलसी का तेल सर्दी ज़ुकाम में बेहद फायदेमंद होता है। यह गले की खराश को दूर कर खांसी से राहत दिलाता है। तुलसी का तेल ज़ुकाम के दौरान होने वाले भारी सिर दर्द से भी आराम दिलाता है। सर्दी-ज़ुकाम से जल्द ही ठीक होने के लिए तुलसी के तेल को सीने, सिर और माथे पर मालिश करें। इसे सूंघने से जाम हुई नाक भी खुल जाती है। वहीं इससे छाती की जकड़न भी दूर होती है। 

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3. एंग्जाइटी और डिप्रेशन 

एंग्जाइटी और डिप्रेशन के इलाज में भी तुलसी का तेल बहुत लाभदायक होता है। इसे एरोमाथेरेपी में भी इस्तेमाल किया जाता है। तुलसी के तेल की सुगंध बेहद उत्तेजनाहीन शांत और नीरव होती है। उदासी, अवसाद दुख और अकेलापन से जूझ रहे लोगों के लिए तुलसी के तेल का सेवन और इसकी सुगंध काफी शांत प्रभाव डालती है। एंजाइटी से उभरने के लिए तुलसी के तेल की मालिश भी की जा सकती है। यह नर्वस टेंशन कम करता है और दिमागी थकान मिटाता है। 

4. स्किन को करे हील

स्किन के लिए तुलसी के तेल का इस्तेमाल बहुत अच्छा माना जाता है। आयुर्वेद में स्किन की समस्या से उभरे लोगो की पहली सलाह तुलसी का तेल हो सकती है। तुलसी का तेल आपकी स्किन इचिंग दूर करता है। इसके सूजन रोधी गुण मच्छर, मधुमक्खी आदि के कटने के निशान को भी ठीक करने के साथ ही स्किन पर जले, कटे का निशान भी ठीक करने में मददगार होता है। इसके अलावा तुलसी का तेल एक एंटी-एजिंग एसेंशियल ऑयल होता है। खास तौर पर विटामिन सी और एंटीऑक्सिडेंट्स से भरपूर तुलसी का तेल चेहरे को सन डैमेज से बचाता है और त्वचा पर रिंकल्स नही आने देता। 

5. बेहतर ब्लड सर्कुलेशन

तुलसी के तेल से शरीर में ब्लड फ्लो इंप्रूव होता है। इससे हर बॉडी ऑर्गन तक ऑक्सीजन सप्लाई बेहतर स्टार पर होता है। तुलसी के तेल से शरीर में कोलेस्ट्रॉल लेवल कम होते है। यह ब्लड प्रेशर को नियंत्रण में रखता है। हृदय रोग से बचने के लिए भी तुलसी का तेल एक बहुत अच्छा विकल्प है। यह शरीर को एनर्जी देता है। पूअर ब्लड फ्लो के कारण होने वाली समस्याओं जैसे की मसल्स क्रैंप्स, डार्क स्पॉट्स, थकान आदि से बचाता है।

6. आंखों को रखे स्वस्थ

तुलसी के तेल की मेडिसिनल प्रॉपर्टीज के लिए इसे आयुर्वेद में बहुत मान्यता दी जाती है। तुलसी का तेल आंखों के लिए बहुत फायदेमंद होता है। तुलसी का तेल आंखों के इंफेक्शन को भी ठीक करता है। यह लाल हुई आंखो को भी ठीक करता है। तुलसी में विटामिन ए मौजूद होता है, जो कि आंखो के लिए एक अच्छा न्यूट्रीएंट है। इसके सूजनरोधी गुण आंखों में किसी भी प्रकार की सूजन को कम करते हैं। यह आंखों को बैक्टीरिया फंगी और वायरस से भी बचाता है। 

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7. पाचन क्रिया दुरुस्त करे

ग्रीक फिजिशियन हिप्पोक्रेट्स ने सालों पहले कहा था कि सभी बीमारियां गट में शुरू होती हैं। इसलिए एक हेल्दी गट मेंटेन करना बहुत जरूरी होता है। आजकल के लाइफस्टाइल के कारण डाइजेशन से संबंधित दिक्कतें अधिकांश लोगों को होती हैं। ऐसे में तुलसी का तेल बेहद फायदेमंद होता है। तुलसी का तेल पाचन क्रिया सही कर कब्ज़, डायरिया, पेट दर्द आदि से बचाता है। तुलसी के तेल के सेवन से ई कॉली बैक्टीरिया की ग्रोथ रोकने में सक्षम होता है। इसके लिए आप तुलसी के तेल का सेवन कर सकते हैं। 

तुलसी का तेल इस्तेमाल करते समय बरतें सावधानियां

  • ब्लीडिंग डिसऑर्डर के मरीजों को यह सलाह दी जाती है कि वे तुलसी के तेल के सेवन से बचें, इससे ब्लीडिंग का खतरा और बढ़ सकता है।
  • प्रेगनेंट महिलाएं तुलसी के तेल के इस्तेमाल को नजरंदाज करें। यह भी माना जाता है कि ब्रेस्टफीडिंग महिलाओं को भी इसका प्रयोग नहीं करना चाहिए।
  • तुलसी का तेल काफी गाढ़ा होता है इसलिए स्किन और हेयर के लिए नारियल तेल के साथ डाइल्यूट करके इस्तेमाल करें। 
  • हाइपरसेंसिटिव और एलर्जिक लोग तुलसी के तेल का इस्तेमाल चिकित्सक की सलाह के बाद ही करें। 

तुलसी का तेल प्रयोग करने का तरीका 

  • त्वचा संबंधी समस्याओं में आप तुलसी के तेल को स्किन या प्रभावित हिस्से पर लगा सकते हैं। 
  • बालों की समस्याओं में इस तेल को किसी एसेंशियल ऑयल के साथ मिक्स कर स्कैल्प की मालिश करने की सलाह दी जाती है। 
  • सर्दी-जुकाम आदि होने पर इसे अपनी छाती, तलवों आदि पर मल सकते हैं।  
  • तनाव या सिर दर्द होने पर इसे माथे पर लगाकर मसाज की जा सकती है। 
  • इसके सेवन से पहले अपने चिकित्सक की सलाह लें। 

तुलसी का तेल इस लेख में दी गई समस्याओं में फायदेमंद होता है। लेख में दिए गए तरीकों से इसका इस्तेमाल करें। 

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