क्या आपके शिशु के सिर पर नहीं है अच्छे बाल? जन्म के बाद शिशु के हेयर केयर रूटीन में करें ये 2 बदलाव

बच्चों के बालों की केयर करना उतना ही जरूरी है, जितना कि बड़े के बालों की। तो आइए जानते हैं बेबी हेयर केयर टिप्स।

Pallavi Kumari
Written by: Pallavi KumariUpdated at: Oct 13, 2020 22:33 IST
क्या आपके शिशु के सिर पर नहीं है अच्छे बाल? जन्म के बाद शिशु के हेयर केयर रूटीन में करें ये 2 बदलाव

बच्चे बड़े बालों वाले हों या बिना बाल के, बचपन में वो हमेशा बहुत प्यारे लगते हैं। पर बाल ऐसी चीज है, जिसकी केयर शुरुआत से ही नहीं की गई तो बच्चे के बड़े होने के साथ ये और खराब हो सकते हैं और झड़ सकते हैं। ऐसे में माता-पिता के रूप हमारी जिम्मेदारी बनती है कि हम पहले दिन से उसका हेयर केयर हो या स्किन केयर, सबका ध्यान रखें। बालों को लेकर आपने एक बात ध्यान दी होगी कि कुछ बच्चों के बाल पैदाइशी बहुत ज्यादा होते हैं, तो कुछ बच्चों के बाल बहुत कम होते हैं। पर ऐसा होता क्यों है? वहीं जिन बच्चों के बाल पैदाइशी कम होते हैं क्या उनके बालों को देखभाल से घने और मजबूत बनाया जा सकता है? तो आइए पहले समझते हैं कि क्यों बच्चों के बाल झड़ते हैं।

Insidebabyhaircaretipsinhindi

शिशु का जन्म के बाद तेजी से बाल झड़ना

गर्भ में बच्चे के शरीर में बालों की एक पतली परत होती है, जिसे लानुगो कहा जाता है। ये महीन बाल शिशु की त्वचा और एमनियोटिक द्रव के बीच एक अवरोधक बनाते हैं। इसके अलावा, बच्चे का शरीर गर्भावस्था के दौरान बहुत सारे हार्मोन स्रावित करता है जो मां और बच्चे के माध्यम से फैलता है। जन्म के बाद, ये हार्मोन धीरे-धीरे वापस ले लेते हैं और वापस सामान्य हो जाते हैं, जिससे शिशु के बाल अचानक गिरने लगते हैं। ऐसे में आप शिशु के हेयर केयर रूटीन का खास ध्यान रख कर उसके बालों को हेल्दी बना सकते हैं।

इसे भी पढ़ें : शिशु के लिए ब्रेस्ट मिल्क को स्टोर करते समय किन बातों की सावधानी है जरूरी? जानें इसका सही तरीका

शिशु के हेयर केयर रूटीन में करें ये 2 बदलाव

1.बच्चे के सिर का ब्लड सर्कुलेशन बढ़ाएं

ब्लड सर्कुलेशन बेहतर रहने से बच्चे के सिर में तेजी से बालों का विकास होता है। इसके लिए उसे राई के तकिए पर सुलाएं। इसके बाद हर दिन बच्चे के सिर की मालिश करें। अधिकांश शिशु बड़े होने के साथ सूखी खोपड़ी, रूसी और अजीब से स्किन वाले हो जाते हैं। ऐसे में जरूरी है कि, उम्र बढ़ने के साथ उनके बालों की रोजाना तेल से मालिश करें। वहीं थोड़ा बड़े हो जाने के बाद बालों की रेगुलर कटिंग करवाएं।

इसे भी पढ़ें : कहीं आप भी तो नहीं कर रहे अपने नवजात बच्‍चे को नहलाते समय ये 5 गलतियां, जानें किन जरूरी बातों का ध्‍यान

2. सिर पर दही और हल्दी लगाएं

जन्म के बाद बच्चों के सिर बड़े नाजूक होते हैं। ऐसे में जरूरी होता है कि उनके इस नाजूस  सिर को थोड़ा मजबूत बनाया जाए। ऐसे में अपने शिशु के सिर पर कभी-कभी दही और हल्दी लगाया करें। दरअसल इसका एंटीवायरल गुण बच्चों के स्कैल्प रूसी और इंफेक्शन होने से रोकता है। वहीं आप हमेशा उत्पादों का चयन करें, जिनमें कि प्राकृतिक तत्व होते हैं और जिन्हें शिशु के बालों के लिए सुरक्षित और कोमल माना जाता है। इसके लिए नेचुरल शैंपू का चयन करें। बच्चे के लिए हमेशा ऐसे उत्पाद का उपयोग करें जो सौम्य, सुरक्षित और वैज्ञानिक रूप से शोधित हो और खनिज तेल, सिंथेटिक रंग और खराब तत्वों से मुक्त हो।

वहीं अगर तब भी बच्चों के अच्छे बाल न आ रहे हों, तो आंवला, मेथी, भृंगराज, और नारियल, बादाम, जैतून और तिल जैसे तेलों के साथ एक बेबी हेयर ऑयल बनाएं। स्कैल्प को मॉइस्चराइज़ करने, शुष्कता को रोकने, बालों को पोषण देने और मुलायम और स्वस्थ बनाने में मदद करने के लिए इन तेलों के जड़ों की मसाज करें। इस हेयर ऑयल में आंवला बालों को मजबूत बनाने और बालों के विकास को बढ़ावा देने में मदद करेगा, त मेथी बालों के घनत्व को सुधारने में मदद करेगा। इस तरह भृंगराज बालों को मजबूत और काला करने में मदद करेगा। तो अपने बच्चों के हेयर केयर रूटीन में ये हल्दी बदलाव करें और तब भी कोई फायदा न दिखे तो डॉक्टर की मदद लें।

Read more articles on New-Born-Care in Hindi

Disclaimer