आमतौर पर विशेषज्ञ यही सलाह देते हैं कि नॉर्मल डिलीवरी के बाद 40 दिनों तक यौन संबंध नहीं बनाना चाहिए। असल में, डिलीवरी के बाद महिलाओं को पूरी तरह से रिकवरी में इतना समय लग जाता है। जिन महिलाओं की इम्यूनिटी कमजोर होती है, उन्हें इससे भी अधिक समय लग सकता है। यही कारण है कि 40 दिनों के अंदर महिलाओं को यौन संबंध बनाने के लिए मना किया जाता है। हां, 40 दिनों के बाद अगर महिला मेंटली-फिजिकली तैयार हैं, तो वह यौन संबंध बना सकती हैं। हालांकि, कई बार नॉर्मल डिलीवरी के बाद यौन संबंध बनाने से इंफेक्शन का खतरा बना रहता है। ऐसा किसी भी महिला के साथ हो सकता है। इसलिए, जरूरी है कि इसके लक्षणों के बारे में आप पर्याप्त जानकारी रखें। इस लेख में हम आपको बता रहे हैं नॉर्मल डिलीवरी के बाद यौन संबंध बनाने के कारण इंफेक्शन होने पर कैसे संकेत नजर आ सकते हैं। इस बारे में हमने Mumma's Blessing IVF और वृंदावन स्थित Birthing Paradise की Medical Director and IVF Specialist डॉ. शोभा गुप्ता से बात की।
नॉर्मल डिलीवरी के बाद यौन संबंध बनाने से इंफेक्शन होने के लक्षण- Signs And Symptoms Of Infection Due To Having Sex After Normal Delivery
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वैसे तो 40 दिनों के बाद यौन संबंध बनाने के कारण इंफेक्शन होने का रिस्क कम होता है। आमतौर पर जो महिलाएं 6 सप्ताह के अंदर यौन संबंध बना लेती हैं, उनमें इसका रिस्क अधिक होता है। Mayo Clinic की मानें तो प्रसव से संबंधित स्वास्थ्य से जुड़ी चिंता विकसित होने का जोखिम प्रसव के बाद पहले दो हफ्तों के दौरान सबसे अधिक होता है। यहां हम आपको बता रहे हैं यौन संबंध बनाने के कारण हुए इंफेक्शन के लक्षणों के बारे में-
1. बुखार और कंपकंपनी होना
अगर यौन संबंध बनाने के कुछ ही दिनों बाद आपको बुखार आ जाए और कंपकंपी छूटने लगे, तो यह सही संकेत नहीं है। यह पहला लक्षण होता है, जो इंफेक्शन होने पर नजर आ सकता है।
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2. योनि से दुर्गंध आना
योनि की अपनी एक गंध होती है, जो काफी हल्की होती है। इसलिए योनि की गंध से भी आप अंदाजा लगा सकते हैं कि कहीं आपको किसी तरह की परेशानी तो नहीं है? जैसे यूटीआई होने पर बदबू आ सकती है और पेशाब के दौरान जलन हो सकती है। इसी तरह, डिलीवरी के बाद यौन संबंध बनाने से इंफेक्शन होने पर योनि से आ रही गंध तीव्र हो जाती है। साथ ही, पेशाब का रंग गहरा या धुंधला (Cloudy) हो सकता है।
3. पेट के निचले हिस्से में दर्द

पेट के निचले हिस्से में दर्द होना, क्रैंपिंग महसूस करना और पेल्विक एरिया का भी प्रभावित होना। ये सभी लक्षण बताते हैं कि आपकी सेहत सही नहीं है और यौन संबंध बनाने के कारण इस तरह की परेशानियां बढ़ रही हैं। कुछ मामलों में दर्द इतना तीव्र होता है कि महिला के लिए असहनीय हो जाता है।
4. ब्लीडिंग का बढ़ना
डिलीवरी के बाद कुछ समय तक लगातार ब्लीडिंग होती है, जो कि समय के साथ-साथ अपने आप बंद हो जाती है। यह नेचुरल प्रक्रिया है और यह चिंता का विषय नहीं होती है। हां, अगर आप डिलीवरी के बाद 40 दिनों के भीतर यौन संबंध स्थापित करते हैं, तो ऐसे में आपकी ब्लीडिंग का फ्लो प्रभावित हो सकता है। अगर बुखार, पेट के निचले हिस्से में दर्द होने के साथ-साथ ब्लीडिंग बढ़ जाती है, तो यह संकेत भी इंफेक्शन की ओर इशारा करता है।
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5. पेशाब के दौरान दर्द होना
अगर डिलीवरी के बाद यौन संबंध बनाने के कारण इंफेक्शन हो जाए, तो पेशाब करते हुए महिला को दर्द हो सकता है। हालांकि, पेशाब में जलन और दर्द होना यूटीआई का लक्षण भी होता है। इसलिए, इसे सीधे-सीधे यौन संबंध के कारण रहे इंफेक्शन के साथ जोड़ना सही नहीं है। बेहतर होगा कि इस संबंध में आप डॉक्टर से मिलें और कंफर्म करें।
डॉक्टर की राय
डिलीवरी के बाद महिलाओं का गर्भाशय काफी कमजोर होता है और सर्विक्स का मुंह हल्का खुला हुआ होता है। इसी वजह से उन्हें यूटीआई या यौन संबंध बनाने के कारण इंफेक्शन होने का रिस्क अधिक होता है। इससे बचने के लिए जरूरी है आप पोस्टपार्टम चेकअप करवाएं। जब तक शरीर पूरी तरह हील न हो जाए और आप मानसिक रूप से खुद को तैयार न समझें, तब तक यौन संबंध न बनाएं। अगर ऊपर बताए गए कोई भी लक्षण आपको नजर आते हैं, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
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निष्कर्ष
प्रेग्नेंसी और डिलीवरी। महिलाओं के लिए ये दोनों सफर काफी मुश्किलों से भरे होते हैं। इसके बाद उन्हें रिकवरी में समय लगता है। महिलाओं को डिलीवरी के बाद यौन संबंध बनाने के लिए फोर्स नहीं किया जाना चाहिए। इसके बजाय, जब तक वे खुद तैयार न हों, तब तक उन्हें रिकवरी का समय देना चाहिए। वैसे भी इस समय उनकी इम्यूनिटी काफी कमजोर होती है और आसानी से उन्हें इंफेक्शन हो सकता है। इसलिए, एक्सपर्ट की सलाह और बॉडी चेकअप करवाने के बाद ही यौन संबंध बनाए जाने के बारे में विचार किया जाना चाहिए।
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FAQ
डिलीवरी के बाद संक्रमण क्यों होता है?
डिलीवरी के बाद महिलाओं का शरीर काफी कमजोर होता है और उन्हें आसानी से इंफेक्शन हो सकता है। इन दिनों उनका गर्भाशय कमजोर और सर्विक्स का मुंह खुला होता है। ऐसे में अगर किसी महिला को संक्रमण हो जाए, तो उन्हें लापरवाही नहीं करनी चाहिए। तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।डिलीवरी के बाद प्राइवेट पार्ट कैसा होता है?
डिलीवरी के बाद शुरुआती दिनों में महिलाओं के प्राइवेट पार्ट में सूजन बनी होती है, वह ढीला और खुला हुआ महसूस हो सकता है, जिसमें दर्द भी होता है। हालांकि, 2-6 हफ्तों में यह अपने सामान्य आकार में लौटने लगता है।गर्भाशय का इंफेक्शन कैसे होता है?
गर्भाशय में इंफेक्शन होने पर पेट के निचले या पेल्विक में दर्द, बुखार (आमतौर पर डिलीवरी के बाद 1 से 3 दिनों के भीतर), पीलापन, ठंड लगना, सिरदर्द होना और भूख न लगना जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
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Feb 02, 2026 12:11 IST
Modified By : Meera Tagore Feb 02, 2026 12:11 IST
Published By : Meera Tagore
Reviewed By : Dr Shobha Gupta