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महिलाओं में 4 तरह के हो सकते हैं पीसीओएस (PCOS), जानें इनके लक्षण और बचाव के उपाय

Types Of PCOS Symptoms In Hindi: महिलाएं पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (PCOS) के अलग-अलग प्रकार से ग्रस्त हो सकती हैं, जानें इनके लक्षण और बचाव के उपाय।

 
Vineet Kumar
Written by: Vineet KumarPublished at: Jun 02, 2022Updated at: Jun 02, 2022
महिलाओं में 4 तरह के हो सकते हैं पीसीओएस (PCOS), जानें इनके लक्षण और बचाव के उपाय

पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (PCOS) एक हार्मोन संबंधी रोग है। वर्तमान समय में ज्यादातर महिलाएं इस समस्या से जूझ रही हैं।  यह एक ऐसी स्थिति है जिसमें महिलाओं में अंडाशय अपरिपक्व अंडे या आंशिक रूप से परिपक्व अंडे का उत्पादन करते हैं जो समय के साथ सिस्ट बन जाते हैं। जीवनशैली से जुड़ी कई आदतें भी हार्मोन्स और पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (PCOS) को प्रभावित कर सकती हैं। गतिहीन जीवनशैली और गलत खानपान का तरीका शरीर में हार्मोनल संतुलन को बिगाड़ सकता है। जिसके परिणाम स्वरूप अनियंत्रित वजन बढ़ना, थकान, सिरदर्द, बालों का झड़ना, पाचन संबंधी समस्याएं, अनिद्रा के साथ ही पीसीओएस (PCOS) जैसी समस्याएं हो सकती हैं। अनियमित पीरियड्स, वजन बढ़ना, शरीर में अनचाहे बालों का उगना और अधिक रक्तस्त्राव पीसीओएस के कुछ आम लक्षण होते हैं। पीसीओएस में महिलाओं के शरीर में मेल हार्मोन एंड्रोजन का लेवल बढ़ने लगता है।

लेकिन क्या आप जानते हैं पीसीओएस (PCOS) के भी अलग-अलग प्रकार होते हैं। साथ ही हर एक प्रकार के अलग-अलग लक्षण होते हैं? डायटीशियन मनप्रीत की मानें तो पीसीओएस 4 तरह का होता है। आप अपने अपने प्रकार के अनुसार पीसीओएस के प्रबंधन के लिए जरूरी कदम उठा सकती हैं। इस लेख में हम आपको पीसीओएस के 4 प्रकार और उन्हें मैनेज करने उपाय बता रहे हैं (PCOS types in Women Symptoms Tips To Manage In Hindi)।

PCOS Types IN Hindi

पीसीओएस (PCOS) के 4 प्रकार, लक्षण और बचाव के उपाय (Types Of PCOS Symptoms In Hindi How To Manage)

1. एड्रीनल पीसीओएस (Adrenal PCOS)

एड्रीनल पीसीओएस (PCOS) के लक्षणों (Adrenal PCOS Symptoms In Hindi) में बालों का पतला होना, बहुत अधिक थकान, शरीर के अलग-अलग हिस्सों में अनचाहे बालों का बहुत अधिक विकास,  मूड स्विंग्स शामिल है। इसे मैनेज करने के लिए आप डाइट में कुछ फूड्स को शामिल कर सकते हैं जैसे कद्दू के बीज। आप  अपनी दही या स्मूदीज में 1 चम्मच कद्दू के बीज डालकर इसका सेवन कर सकते हैं।

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2. इन्फ्लेमेटरी पीसीओएस (Inflammatory PCOS)

जोड़ों में दर्द, सिस्टिक एक्ने, मल त्याग में दिक्कत या आंत से जुड़ी परेशानियां और बहुत थकान महसूस करना इन्फ्लेमेटरी पीसीओएस के कुछ आम लक्षण (Inflammatory PCOS Symptoms In Hindi) हैं। इसे मैनेज करने के लिए आप काली किशमिश को डाइट में शामिल कर सकते हैं। आप रात 5-8 किशमिश को पानी में भिगोकर रख दें और सुबह इसका सेवन करें।

3. इंसुलिन रेजिस्टेंस पीसीओएस (Insulin Resistance PCOS)

इंसुलिन रेजिस्टेंस पीसीओएस होने पर आपको मीठा खाने के क्रेविंग, पैरों में झुनझुनाहट जैसे सनसनी, चेहरे पर बाल और बेली फैट जैसे लक्षण (Insulin Resistance PCOS Symptoms In Hindi) देखने को मिलते हैं। इसमें चिया सीड्स का सेवन बहुत फायदेमंद साबित हो सकता है। आप इसे अपनी डिशेज में शामिल कर सकते हैं, स्मूदीज में डाल सकते हैं या पुडिंग में डालकर खा सकते हैं।

4. थायराइड इंड्यूस्ड पीसीओएस (Thyroid Induced PCOS)

पीसीओएस के इस प्रकार में आपको बहुत अधिक बाल झड़ने की समस्या होती है और आपका वजन बढ़ता है। ये थायराइड इंड्यूस्ड पीसीओएस के सामान्य लक्षण (Thyroid Induced PCOS Symptoms In Hindi) हैं। इसमें ब्राजील नट्स का सेवन बहुत फायदेमंद साबित हो सकता है। रात को ब्राजील नट्स को पानी में भिगोकर रख दें और सुबह ब्रेकफास्ट में इसका सेवन करें।

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स्वस्थ जीवनशैली को फॉलो करना है जरूरी

पीसीओडी (PCOD) और पीसीओएस (PCOS) जैसी समस्याओं से छुटकारा पाने के लिए स्वस्थ जीवनशैली को फॉलो करना बहुत जरूरी है। जंक फूड्स और प्रोसेस्ड फूड्स के सेवन से बचें और संतुलित आहार लें। पर्याप्त नींद लें और रोजाना एक्सरसाइज जरूर करें। स्ट्रेस न लें, स्मोकिंग और अल्कोहल से परहेज करें।

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