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लगातार बढ़ रहे हैं हार्ट से जुड़े रोगों के मामले, डॉक्टर से जानें हार्ट को हेल्दी रखने के सभी जरूरी टिप्स

हृदय को स्वस्थ रखने के लिए अपने लाइफस्टाइल पर ध्यान देने की आवश्यकता होती है। डॉक्टर संजय मित्तल से जानते हैं हृदय स्वास्थ्य से जुड़ी कुछ जरूरी बातें-

Kishori Mishra
Written by: Kishori MishraPublished at: Apr 06, 2022Updated at: Apr 06, 2022
लगातार बढ़ रहे हैं हार्ट से जुड़े रोगों के मामले, डॉक्टर से जानें हार्ट को हेल्दी रखने के सभी जरूरी टिप्स

वर्ल्ड हेल्थ डे यानी विश्व स्वास्थ्य दिवस हर साल 7 अप्रैल को मनाया जाता है। इस दिवस को मनाने का उद्देश्य दुनियाभर के लोगों को अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक कराना है। वर्ल्ड हेल्थ डे को ध्यान में रखते हुए ओन्ली माई हेल्थ (Only My Health) टीम द्वारा इस सप्ताह लाइव सेशल किया जा रहा है। इन लाइव सेशन में कई स्वास्थ्य मुद्दों जैसे- मानसिक स्वास्थ्य, हेल्दी डाइट इत्यादि पर चर्चाएं की गई हैं। आज के इस लाइव सेशन में गुरुग्राम के मेदांता हॉस्पिटल के सीनियर डायरेक्टर क्लिनिकल एंड प्रिवेंटिव कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. संजय मित्तल से हार्ट हेल्थ से जुड़ी परेशानियों पर चर्चा की गई हैं। इस लेख में आप हृदय स्वास्थ्य जुड़ी कुछ मुख्य बिंदुओं की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। साथ ही हृदय स्वास्थ्य से जुड़ी और अधिक जानकारी के लिए आप लाइव सेशन का पूरा वीडियो भी देख सकते हैं, जिसमें आपके कई महत्वपूर्ण सवालों के जबाव मिल सकते हैं। 

कुछ जरूरी आंकड़े (Some Important Facts)

डॉक्टर मित्तल बताते हैं कि हमारे देश में कई लोग हृदय स्वास्थ्य से जुड़ी बीमारियों से जूझ रहे हैं। इसमें लगभग 33 प्रतिशत लोग हार्ट डिजीज से ग्रसित हैं। इतना ही नहीं, सबसे आश्चर्य की बात है कि देश में काफी कम उम्र के लोग हार्ट डिजीज से शिकार हो रहे हैं। 

हार्ट की बीमारियों से ग्रसित करीब 12 से 15 फीसदी लोगों की मौत 40 से कम उम्र में हो रही है, जिसका अनुपात लगातार बढ़ता जा रहा हैं। डॉक्टर का कहना है कि लगभग 25 से 30 प्रतिशत लगातार बढ़ रही हैं।

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दिल से जुड़ी बीमारी बढ़ने का कारण (Causes of heart disease)

डॉक्टर बताते हैं कि हार्ट से जुड़ी बीमारी होने का सबसे प्रमुख कारण खराब दिनचर्या है। भारत के करीब 90 प्रतिशत लोग एक्सरसाइज से दूर रहते हैं। इसका कई कारण हो सकता है। इसके अलावा तली-भुनी चीजों का सेवन अधिक सेवन करना (बर्गर, पिज्जा से ज्यादा हानिकारक होती हैं, फ्राइड चीजें) शामिल है। 

डॉक्टर का कहना है कि हमारे देश में कार्बोहाइड्रेट (आलू, मिठाइयों) का सेवन अधिक मात्रा में किया जाता है। जिसकी वजह से हार्ट डिजीज का खतरा रहता है। इसके अलावा तंबाकू प्रोडक्ट्स का किसी भी तरह से सेवन करना हार्ट डिजीज का कारण हो सकता है।   

क्या काफी ज्यादा एक्सरसाइज करने से हार्ट डिजीज बढ़ने का खतरा रहता है?

डॉक्टर बताते हैं कि किसी भी चीज की अति नुकसानदायक हो सकती है। अगर आप काफी ज्यादा एक्टिविटी (300 मिनट पर वीक से ज्यादा हैवी एक्टिविटी करना से) करते हैं, तो यह आपके स्वास्थ्य के लिए नुकसानदेह हो सकता है। इससे हार्ट डिजीज का खतरा बन सकता है। 

कोलेस्ट्रॉल ज्यादा होने पर हार्ट डिजीज का खतरा रहता है?

सर्कुलेटिंग कोलेस्ट्रॉल का स्तर अधिक होने से हार्ट डिजीज होने का खतरा रहता है। डॉक्टर का कहना है कि कोलेस्ट्रॉल का स्तर अधिक होने के लक्षण नहीं होते हैं। यह धीमी-धीमी गति से आपके स्वास्थ्य को असर कर सकता है।  

कोलेस्ट्रॉल अधिक होने से कई लोगों का मानना होता है कि कोलेस्ट्रॉल युक्त जैसी चीजों का सेवन नहीं करना चाहिए। यह एक मिथ है। दरअसल, जब भी आप कैलोरी युक्त चीजें खाते हैं, तो यह हमारी बॉडी में कोलेस्ट्रॉल के रूप में एकत्रित होती हैं। ऐसे में कोलेस्ट्रॉल से दूर करने की नहीं, बल्कि इसे कम करने के बारे में सोचने की आवश्यकता होती है।

कोलेस्ट्रॉल कैसे करें कंट्रोल

  • रोजाना एक्सरसाइज करें, यह कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल करने के साथ-साथ शरीर की अन्य परेशानी को दूर रख सकता है।
  • अगर आप डेस्क वर्कर हैं, तो 1400 से 1500 कैलोरी लें, इससे अधिक खुराक न लें। 
  • तंबाकू युक्त चीजों से बनाएं दूरी।
  • स्ट्रेस को कम करें, इसके लिए योग, मेडिटेशन जरूर करें। 
  • डायबिटीज, ब्लड प्रेशर और कोलेस्ट्रॉल एक साइलेंट किलर है, जिसका लक्षण नजर नहीं होता है। इस बीमारी होने की संभावना अधिक होने पर 25 साल के बाद अपना नियमित रूप से चेकअप कराएं। 

हार्ट पंपिंग 25 से 30 के करीब होने पर क्या करें?

सामान्य व्यक्ति का हार्ट पंपिंग पावर हार्ट 50 से 65 फीसदी होना चाहिए। अगर किसी व्यक्ति का हार्ट पंपिंग 25 से 30 के करीब होने पर हार्ट का कुछ हिस्सा डैमेज हो चुका है। इस स्थिति में तुरंत इलाज की आवश्यकता होती है। यह एक हार्ट फैलियर की स्थिति हो सकती है। 

हार्ट फैलियर में हार्ट का पंपिंग कमजोर हो जाता है। इसके अलावा कुछ बीमारियों की वजह से यह समस्या हो सकती है। इसके लक्षण सांस लेने में परेशानी, पैरों का फूलना इत्यादि लक्षण हो सकते हैं।

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गैस और हार्ट दर्द में अंतर? (How to differentiate between heart pain and gas pain?)

डॉक्टर बताते हैं कि सीने में दर्द होना कई कारणों से हो सकता है, जिसमें मांसपेशियों में खिंचाव, लंग्स में परेशानी, गैस, फ्रैक्चर की परेशानी इत्यादि शामिल हैं। अगर आपको चलने से. सीढ़ी चढ़ने से, वॉकिंग से किसी तरह की दिक्कत महसूस हो रही है और बैठने पर यह परेशानी ठीक हो जाती है, तो यह लक्षण हार्ट से जुड़ी परेशानियों के ही हो सकते हैं। इस स्थिति में आपको तुरंत डॉक्टर से संपर्क की आवश्यकता होती है। 

डॉक्टर का कहना है कि हम में से कई लोगों को गैस का दर्द सीने में होता है। लेकिन कभी-कभी यह स्थिति उल्टी भी हो सकती है। जी हां, कुछ स्थितियों में हार्ट की समस्याओं के कारण पेट में भी दर्द की परेशानी हो सकती है। अगर आपको चलने से किसी तरह का दर्द, पसीना आना जैसे लक्षण दिखते हैं, तो यह गैस की नहीं बल्कि हार्ट की बीमारी हो सकती है। 

 

हार्ट को कैसे रखें हेल्दी (How to Improve Heart Health)

  • वजन कम करने के लिए अगर आप एक्सरसाइज करते हैं, तो रोजाना एक्सरसाइज के पैटर्न को चेंज करें। 
  • दिन में कम से कम 10000 स्टेप्स जरूर चलें। 
  • हेल्दी डाइट का सेवन करें। तली-भुनी चीजों का सेवन न करें। 
  • तंबाकू से दूर रहें। 
  • स्ट्रेस लेवल कम रखें। इसके लिए रोजाना योगा, मेडिटेशन करें। 

 दिल को स्वस्थ रखने के लिए डॉक्टर द्वारा बताए गए सुझाव को अच्छे से फॉलो करेँ। अगर आपको हार्ट की समस्याओं से जुड़े शरीर में कुछ लक्षण दिख रहे हैं, तो इस स्थिति में तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। ताकि गंभीर स्थितियों से बचा जा सके।

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