How To Get Rid Of Anger Issues And Anxiety Cause By Pitta Imbalance In Hindi: कई लोगों को बार-बार गुस्सा आने, स्ट्रेस, चिड़चिड़ापन होने और मूड स्विंग्स जैसी समस्याएं होती हैं, कई बार गुस्सा आना किसी एक परिस्थिति के अनुसार होता है, लेकिन कई बार ऐसा बिना किसी कारण होता है, जो शरीर में पित्त दोष के असंतुलित होने के कारण हो सकता है। ऐसे में व्यक्ति के मन में सवाल उठ सकता है कि शरीर में पित्त दोष को बैलेंस करने और इसके कारण आने वाले गुस्से और चिंता को कम करने के लिए क्या करना चाहिए? ऐसे में आइए आशा आयुर्वेदा की डायरेक्टर और स्त्री रोग विशेषज्ञ और आयुर्वेदिक डॉक्टर चंचल शर्मा (Ayurvedic Dr. Chanchal Sharma, Director and Gynecologist, Asha Ayurveda) से जानेंगे कि पित्त असंतुलन के कारण गुस्सा और चिंता पर कैसे नियंत्रित करें?
पित्त असंतुलन में गुस्से और चिंता को कंट्रोल कैसे करें? - How To Control Anger And Anxiety In Pitta Imbalance?
आयुर्वेदिक डॉक्टर चंचल शर्मा कहती हैं कि, आयुर्वेद के अनुसार, पित्त दोष के बढ़ने के कारण व्यक्ति को शरीर में कमजोर होने, मानसिक स्वास्थ्य पर बुरा असर होने और बेचैनी होने जैसी समस्याएं होती है। पित्त दोष के कारण ही व्यक्ति को अधिक गुस्सा आने, चिड़चिड़ापन होने, बेचैनी होने, चिड़चिड़ापन होने, चिंता होने, रोने का मन होने और मूड स्विंग्स के होने की समस्या होती है।
डॉक्टर चंचल शर्मा आगे बताती हैं कि आयुर्वेद में बताया गया है कि पित्त को दबाया नहीं जा सकता है, बल्कि ठंडे फूड्स को खाकर इसको बैलेंस किया जा सकता है। ऐसे में पित्त दोष के कारण आने वाले गुस्से और चिंता को कम करने के लिए कुछ उपायों को अपनाया जा सकता है।
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हर्बल ड्रिंक पिएं
पित्त दोष के स्तर को नियंत्रित करने और शरीर को ठंडक देने के लिए सौंफ, जीरा का पानी, नारियल पानी, छाछ, पुदीना का पानी, धनिया का पानी, एलोवेरा जूस, अंगूर का जूस और आंवला जूस जैसी ठंडी ड्रिंक्स का सेवन करें। इससे शरीर को ठंडक देने और स्वास्थ्य में सुधार करने में मदद मिलती है।
योग और एक्सरसाइज करें
पित्त दोष को बैलेंस करने और ब्रेन को रिलैक्स करने के लिए नियमित रूप से योग, प्राणायाम, एक्सरसाइज, गहरी सांस लें और मेडिटेशन करें। इससे मन को शांत करने, ब्रेन को रिलैक्स करने, स्ट्रेस कम करने और गुस्से को कम करने में मदद मिलती है।
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नस्य करें
पित्त दोष के कारण आने वाले गुस्से को कम करने के लिए घी से नस्य की जा सकती है। इसमें देसी घी की कुछ बूंदों को नाक में डाला जाता है, जिससे ब्रेन को शांत करने, स्ट्रेस कम करने, ब्रेन के कार्यों को बेहतर करने और गुस्से को कम करने में मदद मिलती है।
कुलिंग अभ्यंग करें
शरीर में पित्त दोष को बैलेंस करने, शरीर की गर्मी को कम करने, ब्रेन को रिलैक्स करने करने के लिए नारियल तेल और भृंगराज ऑयल से शरीर या स्कैल्प की मसाज की जा सकती है। इससे नर्वस को रिलैक्स करने, शरीर में ब्लड सर्कुलेशन को बेहतर करने, ब्रेन को रिलैक्स करने, नींद को बढ़ावा देने और स्वास्थ्य में सुधार करने में मदद मिलती है।
निष्कर्ष
पित्त दोष के कारण होने वाली चिंता और गुस्से को कम करने के लिए हर्बल ड्रिंक का सेवन करें, योग करें, मेडिटेशन करें, प्राणायाम करें, घी नस्य और कुलिंग अभ्यंग करें। ऐसा करने से ब्रेन को रिलैक्स करने, स्ट्रेस को कम करने, नर्वस को रिलैक्स करने, मन को शांत करने, शरीर को ठंडक देने और नींद की गुणवत्ता में सुधार करने में मदद मिलती है। ध्यान रहे, पित्त दोष बढ़ने के कारण अधिक परेशानी महसूस होने पर डॉक्टर से सलाह जरूर लें और हेल्दी लाइफस्टाइल को फॉलो करने की कोशिश करें।
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FAQ
पित्त दोष कम करने के लिए क्या खाएं?
पित्त दोष को कम करने के लिए नारियल पानी, खीरा, घी, पत्तेदार सब्जियां, दूध, तरबूज, केला, खरबूजा, पपीता, नाशपाती, सेब और बेर जैसे फूड्स को डाइट में शामिल करें। इनसे शरीर को ठंडा रखने और शरीर की गर्मी को कम करने में मदद मिलती है।मुझे कैसे पता चलेगा कि मुझे पित्त की समस्या है?
शरीर में पित्त दोष के बढ़ने के कारण व्यक्ति को सूजन आने, एसिडिटी बढ़ने, गुस्सा आने, चिड़चिड़ापन होने, शरीर में गर्मी बढ़ने, स्किन के लाल होने, मुंहासे होने, पिंपल आने, ज्यादा पसीना आने, बार-बार प्यास लगने, खट्टी डकार आने और सीने में जलन होने की समस्या होती है। ऐसे में पित्त दोष के बढ़ने के इन लक्षणों को नजरअंदाज न करें।गुस्सा और एंग्जायटी को कैसे कम करें?
गुस्सा और एंग्जायटी को कम करने के लिए डीप ब्रीदिंग एक्सरसाइज करें, नियमित रूप से फिजिकल एक्टिविटीज करें, योग करें, भरपूर नींद लें, मेडिटेशन करें, दोस्तों से बात करें, नेचर के साथ समय बिताएं, कैफीन का सेवन कम करें, नियमित रूप से टहलें, म्यूजिक सुनें और बैलेंस डाइट लें।
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Feb 11, 2026 14:24 IST
Modified By : Priyanka Sharma Feb 11, 2026 14:24 IST
Modified By : Priyanka SharmaFeb 11, 2026 14:24 IST
Published By : Priyanka Sharma
Reviewed By : Dr Chanchal Sharma