सेहतमंद रहने के लिए हाथ धोना बहुत जरूरी होता है। यही कारण है कि डॉक्टर यह सलाह जरूर देते हैं कि खाना खाने से पहले हाथ जरूर धोएं और गंदे हाथों से अपनी त्वचा को न छुएं। गंदे हाथों को बार-बार अपनी स्किन पर लगाने से संक्रमण का खतरा रहता है। जिन लोगों की इम्यूनिटी कमजोर होती है, बार-बार हाथ न धोने के कारण वे जल्दी बीमार पड़ जाते हैं। इसके विपरीत कुछ ऐसे भी हैं, जो नियम अनुसार बार-बार हाथ धोते हैं, फिर भी बीमार पड़ जाते हैं। यहां सवाल उठता है कि आखिर ऐसा क्यों है?
इस बारे में KIMS हॉस्पिटल्स, महादेवपुरा बेंगलुरु के लीड और सीनियर कंसल्टेंट, इंटरनल मेडिसिन, प्रोफेसर डॉ. एस.एम. फयाज बताते हैं, "इंफेक्शन से बचाव के लिए बार-बार हाथ धोना आवश्यक है। लेकिन अक्सर लोग सही तरह से हाथ नहीं धोते हैं और इससे जुड़ी कुछ बुनियादी गलतियां करते हैं, जैसे हाथ धोने के लिए साबुन का इस्तेमाल न करना, साबुन से हाथों को अच्छी तरह स्क्रब न करना आदि। यही कारण है कि हाथ धोने के बाद वे बार-बार बीमार पड़ते रहते हैं।"
बार-बार हाथ धोने से जुड़ी गलतियां जो बीमार कर सकती हैं
Falling Sick Despite Washing Hand
नियमित रूप से हाथ धोना अच्छी बात है। अगर हाथ धोने के बावजूद आप बीमार पड़ रहे हैं, तो ध्यान दें कि कहीं आप यहां बताई गई गलतियां तो नहीं दोहरा रहे हैं-
1. हाथों को स्क्रब न करना
आपने साबुन लगाया और हाथों को बिना अच्छी तरह स्क्रब किए सादे पानी से हैंड वाॅश कर लिया। अगर आप ऐसा करते हैं, तो यह आपकी सबसे पहली गलती है। नेशनल सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी इंफॉर्मेशन (NCBI) की StatPearls मेडिकल लाइब्रेरी में प्रकाशित क्लिनिकल गाइडलाइन के अनुसार, हाथों पर साबुन लगाने के बाद कम से कम 20 सेकेंड्स तक अपने हाथों को स्क्रब करना चाहिए और इसके बाद अच्छी तरह हैंड वाॅश करना चाहिए। विशेषज्ञ बताते हैं कि कम से कम 20 सेकेंड्स तक हाथ वाॅश करने से हाथों में मौजूद ज्यादातर कीटाणु कीटाणु खत्म हो जाते हैं।
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2. साबुन न लगाना
कई लोग हाथ धोने के महत्व को समझते हैं, लेकिन उन्हें साबुन लगाना जरूरी नहीं लगता है। यह सही नहीं है। आप जब भी हाथ धोएं, साबुन का उपयोग जरूर करें। दरअसल, सादे पानी से हैंड वाॅश करने से हाथों के बैक्टीरिया आदि नष्ट नहीं होते हैं। साबुन में कई ऐसे यूजफुल केमिकल्स का इस्तेमाल होता है, जिससे स्किन के रोगाणु/कीटाणु नष्ट होते हैं। International Journal of Environmental Research and Public Health में प्रकाशित रिसर्च लेख से पता चलता है, सादे पानी की तुलना में साबुन और पानी से हाथ धोना बैक्टीरिया को हटाने में बहुत अधिक प्रभावी है।
3. सभी हिस्सों को साफ न करना
डॉ. एस.एम. फयाज कहते हैं, "हाथ धोने के साबुन का उपयोग करना काफी नहीं होता है। इसके साथ-साथ जरूरी है कि आप अपनी हथेली के हर हिस्से में साबुन का इस्तेमाल करें, जैसे उंगलियों के बीच के हिस्से में भी। अक्सर वहां साबुन नहीं लगाया जाता है, जिससे हाथ के सभी हिस्से साफ नहीं होते हैं और वहां जर्म्स रह जाते हैं। गंदे हाथ से खाना खाने या चेहरे पर लगाने से इंफेक्शन का रिस्क बढ़ जाता है।"
4. हाथों को गीला छोड़ना
डॉ. एस.एम. फयाज के अनुसार, "हाथों को सही तरह से धोना जितना जरूरी है, उतना ही जरूरी हाथों को तुरंत तौलिए से पोंछना भी है। अक्सर लोग हाथों को सही तरह से नहीं पोंछते हैं, जिससे हाथों में नमी बनी रहती है। लंबे समय तक हाथ गीले रहने से वहां जर्म्स आसानी से चिपक सकते हैं, जो कि बीमारी फैलाने का बड़ा कारण है।"
5. गंदी चीजों को हाथ लगाना
Falling Sick Despite Washing Hands
हाथ धोने के तुरंत बाद किसी संक्रमित या गंदी जगह को हाथ लगाना भी सही नहीं है। ध्यान रखें कि गीले हाथों से किचन की स्लैब, बाथरूम का हैंडल और मोबाइल फोन न छुएं। विशेषकर, बाथरूम के हैंडल की सफाई बहुत कम होती है। गीले हाथों से इसको छूने का मतलब है कि हाथों में तुरंत काफी ज्यादा जर्म्स और बैक्टीरिया चिपक गए हैं। ऐसे में बीमार होने का रिस्क भी बढ़ जाता है।
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6. सैनिटाइजर का यूज करना
कुछ लोग हाथ धोने के बजाय अपने पास सैनिटाइजर रखते हैं। कुछ भी खाने-पीने से पहले सैनिटाइजर यूज कर लेते हैं। हालांकि, सैनिटाइजर से हाथों के जर्म्स मर जाते हैं। स्किन के लिए यह सही भी है, लेकिन सिर्फ सैनिटाइजर पर आश्रित होना सही नहीं है। इसके अलावा, सैनिटाइजर से हाथों के सभी जर्म्स नहीं मरते हैं। इसलिए, खाना खाने से पहले, शौच के बाद हाथ साबुन से ही धोएं।
7. सिर्फ एक बार हाथ धोना
दिन भर में कई बार हाथ धोना जरूरी होता है, जैसे खाना खाने से पहले, खाना खाने के बाद, कोई गंदी चीज हाथ लगाने पर, शौच के बाद आदि। कुछ लोग सिर्फ शौच के बाद हाथ धोते हैं। दिन भर में सिर्फ एक बार हाथ धोना काफी नहीं होता है। इसके उलट, जब भी जरूरत महसूस हो, हाथ जरूर धोएं। इसके अलावा, गंदे हाथों से स्किन को कभी न छुएं वरना स्किन में पिंपल आदि हो सकते हैं।
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) और संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (UNICEF) द्वारा तैयार की गई एक आधिकारिक गाइडलाइन का एक अध्याय (Book Chapter) है, जो NCBI Bookshelf में प्रकाशित अध्याय के अनुसार, शौच के बाद, खाना पकाने या खाने से पहले, बच्चों की सफाई के बाद और बीमार व्यक्ति की देखभाल के बाद साबुन और पानी से हाथ धोना बेहद जरूरी है।
निष्कर्ष
अगर आप दिन भर में कई बार हाथ धोते हैं, फिर भी अक्सर बीमार रहते हैं, तो संभवतः आप हैंड वाॅश से जुड़ी कुछ ऐसी गलतियां कर रहे हैं, जो आपको नहीं दोहरानी चाहिए। इसका जिक्र हमने इस लेख में किया है। जैसे हाथों को साबुन से धोना, हाथ के हर हिस्से में साबुन का इस्तेमाल न करना, दिन भर में सिर्फ एक बार हाथ धोना आदि। इस तरह की गलतियां करने से बचें। जरूरत अनुसार और अच्छी तरह हाथों को धोएं। इसके साथ-साथ अपनी इम्यूनिटी को बूस्ट करने पर भी जोर दें ताकि बदलते मौसम में बीमार होने का रिस्क कम हो सके।
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FAQ
पब्लिक वॉशरूम में हाथ धोने के बाद हॉट एयर ड्रायर यूज करें या पेपर टॉवल?
एक्सपर्ट कहते हैं, पेपर टॉवल का उपयोग ज्यादा सुरक्षित होता है। ऐसा इसलिए क्योंकि हॉट एयर ड्रायर हवा में तैर रहे बैक्टीरिया और कीटाणुओं को खींचकर धोए हुए हाथों पर वापस फेंक सकते हैं, जबकि पेपर टॉवल रगड़कर नमी और बचे हुए कीटाणुओं नष्ट हो जाते हैं।क्या एंटीबैक्टीरियल साबुन सामान्य साबुन की तुलना में कीटाणुओं को मारने में अधिक प्रभावी होता है?
स्वास्थ्य विशेषज्ञों की मानें, तो रोजमर्रा की जिंदगी में साधारण साबुन और पानी से 20 सेकंड तक हाथ धोना उतना ही प्रभावी है जितना एंटीबैक्टीरियल साबुन।
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Oct 15, 2026 10:32 IST
Published By : Meera Tagore
Reviewed By : Prof Dr S M Fayaz
