चिकन, मटन या मछली: बच्चों को क्या खिलाना है ज्यादा फायदेमंद? एक्सपर्ट से जानें

 चिकन, मटन या मछली में से आपके बच्चों के लिए नॉन वेजिटेरियन फूड्स के कौन से विकल्प हैं सबसे ज्यादा हेल्दी, जानें डायटिशियन से। 

Pallavi Kumari
Written by: Pallavi KumariPublished at: Aug 19, 2021Updated at: Aug 19, 2021
चिकन, मटन या मछली: बच्चों को क्या खिलाना है ज्यादा फायदेमंद? एक्सपर्ट से जानें

बच्चों के विकास के लिए उनकी डाइट का सही होना बेहद जरूरी है। पर जब बच्चों के खान-पान की बात आती है तो, हम थोड़ा ज्यादा सोच में पड़ जाते हैं कि उनके लिए क्या सही है और क्या सही नहीं है। ये इसलिए भी होता है क्योंकि बच्चे हमेशा विकास की स्थिति में होते हैं और हम उन्हें जो भी खिलाएंगे वो इनके शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर प्रभाव डालेगा। इसलिए आज हम बात बच्चों के लिए नॉन वेजिटेरियन फूड्स की करेंगे, जो कि हाई प्रोटीन से भरपूर होते हैं। आज हम जानेंगे कि बच्चों के लिए क्या खाना सबसे ज्यादा फायदेमंद है जैसे कि चिकन, मटन या मछली (Chicken meat fish which is healthier for kids)? इसी बारे में हमने एक डायटिशियन डेलनाज चंदूवाडिया (Delnaaz Chanduwadia), मुख्य आहार विशेषज्ञ, जसलोक अस्पताल और अनुसंधान केंद्र से भी बात की जिन्होंने हमें इन तीनों के अलग फायदे और बच्चों के लिए ज्यादा स्वस्थ विकल्प के बारे में बताया। 

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चिकन, मटन या मछली: बच्चों को क्या खिलाना है ज्यादा फायदेमंद-Chicken meat fish which is healthier 

डायटिशियन डेलनाज चंदूवाडिया (Delnaaz Chanduwadia)की मानें तो, मीट, चिकन और मछली प्रोटीन से भरपूर है। चिकन और मछली लीन प्रोटीन (Lean Protein) हैं जिसका अर्थ है कि उनमें रेड मीट की तुलना में फैट की मात्रा कम होती है। वहीं, मटन प्रटीन से भरपूर और अमीनो एसिड वाले होते हैं पर ये लीन प्रोटीन नहीं है। इसलिए तीनों का बैलेंस बच्चों के लिए एक अच्छा विकल्प हैं। पर बच्चों के लिए कौन सा सबसे ज्यादा फायदेमंद है इसके लिए इन तीनों के बारे में हमें विस्तार से जानना होगा। 

बच्चों के लिए चिकन -Chicken for kids

चिकन खाने के फायदे की करें, तो  चिकन उच्च गुणवत्ता वाले प्रोटीन से भरा होता है और इसमें बहुत अधिक फैट नहीं होता है । इसके अलावा इन में विटामिन बी 12, जिंक, ऑयरन और कॉपर आदि होता है जो कि बच्चों के विकास में मदद करता है। 

-प्रोटीन जहां बच्चों के ब्रेन को हेल्दी रखता है और उनके मूड को बेहतर बनाता है, वहीं बी 6 , बी 12 और जिंक उनके इम्यून सिस्टम को मजबूत करता है। 

-चिकन सेलेनियम का भी एक अच्छा स्रोत है, जो आपके थायरॉयड हार्मोन और मेटाबोलिज्म को रेगुलेट करने में मदद करता है। 

-बच्चों को चिकन खिलाने का एक फायदा ये भी है ये बच्चों के वजन को संतुलित करने में आपकी मदद कर सकता है। दरअसल, विटामिन बी 6 पाचन एंजाइमों को अपना काम करने के लिए प्रोत्साहित करते हैं, जिसका मतलब ये कि आपके चयापचय को बढ़ावा देता है। अच्छे चयापचय की वजह से बच्चों के ब्लड वेसेल्स को स्वस्थ रहने में मदद मिलती है जिससे उनमें एनर्जी आती है और वजन भी संतुलित रहता है। 

-चिकन खाने से बच्चों की हड्डियां मजबूत होती हैं और उनका तेजी से विकास होता है। 

-चिकन फास्फोरस से भी भरपूर होता है,  आपके दांतों और हड्डियों के स्वास्थ्य के साथ-साथ आपके गुर्दे, किडनी और सेंट्रल नर्वस सिस्टम के काम काज को भी बेहतर बनाता है। 

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बच्चों के लिए मटन - Meat for kids

बच्चों के लिए मटन को लेकर थोड़ी असमंजस की स्थिति होती है। दरअसल, दुनियाभर में  मटन के कई प्रकार हैं, जैसे कि बीफ और पोर्क जैसे रेड मीट और बकरे का मीट आदि। इन्हें बनाने और खाने का तरीका भी हर जगह अलग है। पर किसी को भी ज्यादा मात्रा में इनके सेवन से बचना चाहिए और बच्चों के लिए भी खासतौर पर इसका पालन करना चाहिए। ऐसा इसलिए है क्योंकि इसमें संतृप्त वसा (सैचुरेटेड फैट) की  मात्रा ज्यादा होती है, जो लंबे समय तक लेने से स्वास्थ्य के लिए खतरा पैदा कर सकती है। साथ ही इसे ज्यादा खाने से बच्चे मोटापा और डायबिटीज का शिकार हो सकते हैं। इसलिए बच्चों को ये ज्यादा मात्रा में खाने से बचना चाहिए। पर अगर बात हम बकरे के मीट की करें, तो ये बाकी रेड मीट की तुलना में अपेक्षाकृत लीन प्रोटीन है और पोषण से भरपूर मांस है। इसमें एक अच्छी मात्रा में पोटेशियम और विटामिन बी-12 मिलता है। यह आयरन, मैग्नीशियम, सेलेनियम और ओमेगा-3 फैटी एसिड का भी अच्छा स्रोत है, जो बच्चों के विकास में मदद कर सकता है। 

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बच्चों के लिए मछली-Fish for children's Health

मछली को बच्चों के लिए सबसे ज्यादा हेल्दी नॉन वेजिटेरियन फूड के रूप में देखा जाता है। यह पोषक तत्वों से भरा होता है जो शरीर को विकास और रखरखाव के लिए आवश्यक होता है। बच्चों के लिए मछली खाने के फायदे कई हैं। जैसे कि

-मछली प्रोटीन से भरपूर है जो कि जो कि बच्चों की हाइट बढ़ाने के साथ उनके बाकी शारीरिक विकास में मदद करते हैं। 

-मछली में  ओमेगा 3 फैटी एसिड और डोकासाहेक्सेमोनिक एसिड (DHA) होता है। जो कि बच्चों की आंखों और मस्तिष्क के विकास में मदद करता है। 

-मछली मस्तिष्क में न्यूरॉन्स को भी हेल्दी रखते हैं। साथ ही ये सूचनाओं को संसाधित करने यानी कि बच्चों के समझने की शक्ति को तेज करते हैं।   

-मछली बच्चों की याददाश्त बढ़ाने में मददगार है। 

-मछली खाने वाले बच्चों में मूड स्विंग्स होने की संभावना कम होती है। इस तरह मछली में मौजूद ओमेगा-3 फैटी एसिड डिप्रेशन से बचाव में मददगार है।

-फैटी एसिड हाई ब्लड प्रेशर के जोखिम को कम करके दिल को स्वस्थ रखता है। 

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तो, बच्चों के लिए किसे खाना है ज्यादा हेल्दी? 

बच्चों के लिए मीट, मटन और मछली की तुलना करें, तो सबसे ज्यादा  मछली खाने के फायदे हैं। ऐसा इसलिए क्यों कि ये बच्चों के मानसिक और शरीरिक दोनों के विकास के लिहाज से बेहतर विकल्प है। अगर बच्चों के मानसिक विकास के लिए मछली के फायदे की बात करें तो,  मछली बच्चों के एकाग्रता स्तर में सुधार लाती है और उनके अच्छे व्यवहार और पढ़ने में तेज होने में मदद करती है। साथ ही आपके बच्चे को अटेंशन डेफिसिट हाइपरएक्टिविटी डिसऑर्डर (ADHD)से भी बचाती है। इसके अलावा ये बच्चों में नींद प्रोत्साहित करती है क्योंकि मछली में ट्रिप्टोफैन नामक एक विशेष अमीनो एसिड होता है, जो कि नींद को बेहतर बनाने में मदद करता है। अब बात बच्चों के शारीरिक विकास की करें तो, मछली बोन डेंसिटी और स्ट्रेंथ में सुधार लाता है। इसमें कैल्सीटोनिन प्रोटीन होता है जो हड्डियों के घनत्व और ताकत में सुधार करके हड्डियों के स्वास्थ्य को बनाए रखता है। 

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तो, अपने बच्चों को मछली तो जरूर खिलाएं, साथ ही एक हेल्दी मात्रा में चिकल और मीट भी दें। बात अगर इन तीनों को सही मात्रा में खाने की करें, तो ये हर बच्चे की उम्र और उसकी डाइट की खुराक पर निर्भर करता है। पर इनमें से किसी का भी अधिक मात्रा में सेवन ना करें। 

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