Tue Oct 27, 2026 | 12:35 PM IST

प्रेगनेंसी में चेरी खाने से सेहत को मिलते हैं कई फायदे, जानें इसे खाते समय जरूरी सावधानियां

प्रेग्नेंसी में चेरी का सेवन करने से आपको कई लाभ मिल सकते हैं लेकिन आपको इसके सेवन और सावधानियों से जुड़ी बातों के बारे में भी जान लेना चाहिए। 
प्रेगनेंसी में चेरी खाने से सेहत को मिलते हैं कई फायदे, जानें इसे खाते समय जरूरी सावधानियांप्रेगनेंसी में चेरी खाने से सेहत को मिलते हैं कई फायदे, जानें इसे खाते समय जरूरी सावधानियां

प्रेग्नेंसी के दौरान अक्सर महिलाओं को विटामिन और खनिजों से भरपूर आहार का सेवन करने की सलाह दी जाती है। गर्भावस्था के दौरान चेरी का सेवन करना आपके लिए बहुत फायदेमंद हो सकता है। चेरी में विटामिन सी, कार्बोहाइड्रेट, फाइबर, प्रोटीन, पोटैशियम और मैंगनीज से भरपूर होते हैं। इसके सेवन से महिलाओं का इम्यून सिस्टम मजबूत होता है और साथ ही यह स्किन संबंधी कई समस्याओं के लिए भी फायदेमंद होता है। इससे सूजन और मतली जैसी समस्याओं से भी छुटकारा मिलता है। इसका सेवन आप कई तरीकों से कर सकते हैं। चेरी का इस्तेमाल गर्मियों में शेक, लस्सी और जूस बनाने के लिए भी किया जाता है। यह शरीर को हाइड्रेट रखने में मददगार साबित हो सकता है। हालांकि इसके कुछ नुकसान भी है, जो हम आपको इस लेख में बताएंगे ताकि आप प्रेग्नेंसी के दौरान चेरी का सेवन सुरक्षित तरीके से कर सकें और किसी भी प्रकार के दुष्प्रभाव का शिकार न हो।

प्रेग्नेंसी के दौरान चेरी खाने के फायदे 

1. गर्भावस्था के दौरान चेरी के सेवन ब्लड सर्कुलेशन बेहतर बनाए रखने में मदद मिलती है, जिससे बच्चे को पोषण और ऑक्सीजन की सही मात्रा मिल पाती है। 

2. चेरी में कई तरह के खनिज, विटामिन, एंजाइम, फोलिक एसिड आदि पाए जाते हैं, जो गर्भावस्था के दौरान आपके इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाता है और बीमारियों से दूर रखने में सहायक हो सकता है। 

3. चेरी का मीठा और खट्टा स्वाद गर्भावस्था के दौरान होने वाली आम मतली और उल्टी से निपटने में मदद कर सकता है।

4. इसमें भरपूर मात्रा में फाइबर पाया जाता है, जो कब्ज और पेट से जु़ड़ी समस्याओं से निजात दिला सकता है। इससे मल त्यागने में भी परेशानी नहीं होती है। 

5. चेरी आयरन का एक समृद्ध स्रोत है। इससे प्रेग्नेंसी के दौरान एनीमिया की समस्या से छुटकारा मिल सकता है। 

6. चेरी में मौजूद मेलाटोनिन नसों को आराम देता है और स्ट्रेस कम करता है, जिससे अच्छी नींद आती है।

7. चेरी में मौजूद एंथोसायनिन तंत्रिका कोशिकाओं की रक्षा करने और भ्रूण के मस्तिष्क स्वास्थ्य में सुधार करने में फायदेमंद होते हैं। इससे माइग्रेन के लक्षण भी कम हो सकते हैं। 

pregnancy-cherry-benefitspregnancy-cherry-benefits

Image Credit- Freepik

प्रेग्नेंसी में इन तरीकों से चेरी का करें सेवन

1. प्रेग्नेंसी में आप कई तरीकों से चेरी का सेवन कर सकते हैं। इससे मूड को रिफ्रेश करने में मदद मिलती है। आप गर्मियों में चेरी से बने लस्सी का सेवन कर सकते हैं। 

2. चेरी से बना हलवा भी खाने में काफी स्वादिष्ट और फायदेमंद होता है। 

3. इसके अलावा अगर आपको गर्मियों  में आइस्क्रीम खाना पसंद है, तो आप घर पर ही चेरी चुस्की का मजा ले सकते हैं। इसे बनाना बेहद आसान है। 

4. साथ ही चेरी शेक पीने से आपको हाइड्रेट रहने में मदद मिल सकती है। 

इसे भी पढ़ें- गर्मियों में खूब खाया जाता है चेरी फल, जानें चेरी को डाइट में शामिल करने के फायदे और 5 तरीके

pregnancy-cherry-benefitspregnancy-cherry-benefits

Image Credit- Freepik

सावधानियां

वैसे तो चेरी खाने के ढेरो फायदे है लेकिन आपको इससे जुड़े नुकसान और सावधानियों के बारे में भी जान लेना चाहिए ताकि आपको या बच्चे को किसी तरह का कोई नुकसान न हो। 

1. चेरी को सूजन-रोधी फल के रूप में जाना जाता है लेकिन कई महिलाओं को इसके सेवन से एलर्जी की समस्या हो सकती है। 

2. बहुत अधिक चेरी के सेवन से कब्ज और पाचन संबंधी समस्याएं हो सकती है। इसलिए संतुलित मात्रा में ही चेरी का सेवन करें।

3. चेरी में प्राकृतिक रूप से शुगर की मात्रा पाई जाती है इसलिए इसके अधिक सेवन से रक्त में शुगर की मात्रा बढ़ सकती है। 

4. साथ ही गर्मियों में ड्राई चेरी के सेवन से बचें। इससे डिहाईड्रेशन की समस्या हो सकती है बल्कि इसका उपयोग फल या शेक के रूप में करने का प्रयास करें। 

तमाम सावधानियों के बाद भी आपको बिना डॉक्टर ती सलाह के चेरी का सेवन नहीं करना चाहिए क्योंकि हर किसी की स्वास्थ्य स्थितियां और समस्याएं अलग-अलग होती है। ऐसे में आपके लिए क्या खाना सही और क्या नहीं। इसका बेहतर जबाव डॉक्टर ही दे पाएंगे इसलिए इसके सेवन से पहले एक बार डॉक्टर से सलाह जरूर लें। 

Main Image Credit- Freepik

Read Next

→ अदरक, नींबू और शहद को मिलाकर खाने से दूर होती हैं ये 6 समस्याएं, जानें सेवन का तरीका

Disclaimer

इस जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्तविकता सुनिश्चित करने का हर सम्भव प्रयास किया गया है हालांकि इसकी नैतिक जि़म्मेदारी ओन्लीमायहेल्थ डॉट कॉम की नहीं है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्सक से अवश्य संपर्क करें। हमारा उद्देश्य आपको जानकारी मुहैया कराना मात्र है।

Dipti kumari

सब-एडिटर

दीप्ति कुमारी ने भारतीय जनसंचार संस्थान से पत्रकारिता में डिप्लोमा किया है। वहीं इन्होंने पत्रकारिता में मास्टर्स डिग्री गुरु जम्बेश्वर विश्वविद्यालय से ली है। ये पिछले दो सालों से लेखन के क्षेत्र में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकमत न्यूज में करीब साल बतौर ऑनलाइन कंटेंट राइटर काम किया है।ओनलीमायहेल्थ में अब ये स्वास्थ्य और लाइफस्टाइल से जुड़े विषयों पर लेख लिख रही हैं।

Read More..

How we keep this article up to date:

We work with experts and keep a close eye on the latest in health and wellness. Whenever there is a new research or helpful information, we update our articles with accurate and useful advice.

  • Current Version

    May 02, 2022 00:00 IST

    Published By : Dipti kumari