डायबिटीज से पीड़ित बच्चों की डाइट में करें ये 3 हेल्दी बदलाव, ब्लड शुगर समेत मोटापा भी रहेगा कंट्रोल

बच्चों को ज्यादातर जुवेनाइल डायबिटीज और डाइप 2 डायबिटीज होता है। इन दोनों ही डायबिटीज में खान-पान का सही होना बेहद जरूरी है।

Pallavi Kumari
Written by: Pallavi KumariPublished at: Oct 21, 2020Updated at: Oct 21, 2020
डायबिटीज से पीड़ित बच्चों की डाइट में करें ये 3 हेल्दी बदलाव, ब्लड शुगर समेत मोटापा भी रहेगा कंट्रोल

डायबिटीज (Children and Diabetes) एक ऐसी बीमारी है, जो बच्चों में भी बड़ी तेजी से बढ़ रही है। ये सबसे ज्यादा आज कल के खराब लाइफस्टाइल के कारण हो रहा है, जहां बच्चे काउच पोटैटो बनते जा रहे हैं। बच्चों के जीवन में एक गतिहीनता सी है, जहां वो कोई भी फिजिकल एक्टीविटी नहीं करते। वो दिन भर ऑनलाइन गेम्स ही खेलते हैं या मोबाइल चलाते हैं। वहीं बात अगर बच्चों के खाने की करें, तो बहुत कम ही बच्चे हैं जो बिना मुंह बनाएं सब्जी और फल खाने के लिए तैयार हो जाते हैं। ज्यादातर बच्चे ऐसे हैं, जो इन दोनों ही हेल्दी चीजों को पसंद नहीं करते और उन्हें फास्ट फूड या बाहर का खाना बहुत पसंद है। फिजिकल एक्टीविटी का न होना और एक खराब डाइट, दोनों ही मोटापा और डाबिटीज को ट्रिगर करती हैं। बात अगर हम सिर्फ डायबिटीज की करें, तो बच्चों में जुवेनाइल डायबिटीज और डाइप 2 डायबिटीज बड़ी तेजी से बढ़ रहा है।  ऐसे बच्चों के लिए सबसे जरूरी ये है कि माता-पिता उनके डाइट में बदलाव करें, जिसे लेकर 'ऑनली माय हेल्थ' ने न्यूट्रिनिस्ट कविता देवगन से बात की, जिन्होंने डायबिटीज से पीड़ित बच्चों के लिए स्पेशल डाइट (Diet Chart For Diabetes Control) शेयर की। 

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बच्चों के लिए डायबिटीज डाइट (Diabetes Diet For Childrens)

1.खाने में बढ़ाएं फाइबर की मात्रा

डायबिटीज से पीड़ित बच्चों का वजन संतुलित करना बेहद जरूरी होता है। ऐसा इसलिए क्योंकि बढ़ा हुआ वजन आसानी से भूख बढ़ाता है और अनियमित हो कर खाना तेजी से ब्लड शुगर को प्रभावित करता है। इसके लिए हर दिन खाने में फाइबर की मात्रा बढ़ाएं क्योंकि ये पेट को भरा महसूस करवाता है और भूख लगने से रोकता है। इसके लिए कविता जी कहती हैं कि बच्चों को हर दिन कम से कम 5 सर्विंग फलों और सब्जियों का सेवन करना चाहिए। इसके लिए ज्यादातर हरी सब्जियों को खाने में शामिल करें।  हो सकता है कि आपका बच्चा हरी पत्तेदार सब्जियां नहीं खाना चाहता हो, लेकिन आपको अपने आहार में इसे अधिक शामिल करने की कोशिश करनी चाहिए। ये ब्लड प्रेशर समेत ब्लड शुगर को संतुलित रखने के लिए काफी होते हैं। इसके अलावा अपने आहार में उच्च फाइबर साबुत अनाज जैसे कि गेहूं, जई, क्विनोआ, ब्राउन चावल और  बाजरा शामिल करें।

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2.प्रोसेस्ड फूड्स से दूर रखें

बच्चों को प्रोसेस्ड फूड्स बहुत पसंद होते हैं, पर उनमें कार्बोहाइड्रेट की मात्रा बहुत हाई होती है। वहीं इनमें बैड फैट्स की भी अच्छी मात्रा होती है, जो कि कोलेस्ट्रोल बढ़ाने और डायबिटीज की स्थिति को और खराब कर देते हैं। इसलिए बच्चों को प्रोसेस्ड फूड्स खाने से रोकें। इससे बच्चों का वजन भी नहीं बढ़ाएंगा और ये डायबिटीज के लक्षणों में भी कमी लाने में भी मदद करेगा।

3.बिना फैट या कम फैट वाला सादा दूध या दही दें

डायबिटीज में लो ग्लाइसेमिक इंडेक्स (जीआई) वाले खाद्य पदार्थों को खाना चाहिए। साथ इसमें कम फैट या गैर-वसा वाले दूध और दही जैसे खाद्य पदार्थ को खाने की सलाह दी जाती है। सिर्फ दूध और दही ही नहीं, सभी कम फैट वाले डेयरी उत्पाद डायबिटीज के रोगियों के लिए अच्छे हैं। ये विटामिन डी के साथ भरपूर होते हैं जो हड्डियों को मजबूत करने और अच्छे स्वास्थ्य के लिए आवश्यक हैं। इसलिए आपके बच्चे के आहार में विटामिन डी का होना उन्हें मजबूत हड्डियों वाला बना सकता है। इसके लिए बच्चों की डाइट में दही, दूध, पनीर और छाछ आदि शामिल करें।

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वहीं बच्चों को किसी भी मीठी चीज या प्रोसेस्ड फूड्स को खाने से बचाएं। इसके लिए उन्हें उन सॉस और जैन को खाने से भी बचाएं, जिनमें की शुगर की मात्रा ज्यादा होती है। साथ ही उनकी डाइट में फ्लैक्ससीड्स और अखरोट की मात्रा बढ़ाएं, जो कि मैग्नीशियम, फाइबर और ओमेगा -3 फैटी एसिड से भरपूर होते हैं। अखरोट में अल्फा-लिनोलेनिक एसिड, एक आवश्यक फैटी एसिड होता है जो हृदय स्वास्थ्य को बढ़ाता है और कोलेस्ट्रॉल को कम करता है। ये विटामिन ई, फोलिक एसिड, जस्ता, और प्रोटीन से भरपूर हैं, जो भूख पर अंकुश लगा सकते है, जिससे कारण हमारा ब्लड शुगर नियंत्रण में रहता है। इसलिए आपको अपने बच्चे के आहार में ऐसे नट्स को अधिक शामिल करना चाहिए। इन सबसे के अलावा उनके शुगर लेवल को नियंत्रित रखने के लिए उन्हें नियमित व्यायाम, योगा और फिजिकल एक्टीविटी को करने के लिए प्रेरित करें।

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