Calcium Deficiency: बच्चों में कैल्शियम की कमी को दूर करने के लिए क्या करें? जानें इसके कारण और उपाय

बच्चों की हड्डियों को मजबूत बनाने में कैल्शियम महत्वपूर्ण होता है। यदि बच्चों में कैल्शियम की कमी हो तो क्या करना चाहिए।  

 

Vikas Arya
Written by: Vikas AryaUpdated at: Dec 01, 2022 17:04 IST
Calcium Deficiency: बच्चों में कैल्शियम की कमी को दूर करने के लिए क्या करें? जानें इसके कारण और उपाय

कैल्शियम हमारे शरीर के लिए बहुत महत्वपूर्ण होता है। इससे हड्डियां और दांत मजबूत बनते हैं। खासकर ये कैल्शियम बच्चों के लिए काफी अहम होता है, क्योंकि बच्चों की हड्डिया धीरे धीरे मजबूत होती है। ऐसे में उनको कैल्शियम की आवश्यकता होती है। यदि उन्हें कैल्शियम पर्याप्त मात्रा में न मिलें तो उनको कई तरह की समस्या हो सकती है। अगर आपके बच्चे में कैल्शियम की कमी हो गई है तो इस स्थिति को हाइपोकैलसीमिया कहते हैं। आगे हम जानेंगे कि इसके क्या कारण, लक्षण और उपाय होते हैं। 

बच्चों को कितनी मात्रा में कैल्शियम की आवश्यकता होती है 

वैसे तो आप सब जानते ही होंगे कि बच्चों की ग्रोथ के लिए कैल्शियम के साथ ही अन्य पोषक तत्व की पर्याप्त मात्रा की आवश्यकता होती है। जानकारी के अनुसार 1 से 3 वर्ष के बच्चों को रोजाना करीब 700 मिलीग्राम कैल्शियम की जरूरत होती है, वहीं 4 से 8 उम्र के बच्चों को 1000 मिलीग्राम व 9 से ज्यादा बड़े बच्चों को करीब 1300 मिलीग्राम की जरूरत पड़ती है। 

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बच्चों में कैल्शियम की कमी के क्या कारण होते हैं

बच्चों के कैल्शियम की कमी के कई कारण होते हैं। लेकिन इनके अधिकतर कारण उनकी मां व जन्म की स्थिति पर भी निर्भर करते हैं। 

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पैराथायराइड ग्लैंड कम विकसित होना 

जो बच्चे समय से पहले पैदा हो जाते हैं या जिनका पैदा होते समय वजन बहुत कम होता है उनको कैल्शियम की कमी हो सकती है। ऐसा उनके पैराथायराइड ग्लैंड के कम विकसित होने की वजह से होता है। 

मां को डायबिटीज होना 

जिन बच्चों की मां को डिलीवरी के समय डायबिटीज की समस्या होती है उन बच्चों में कैल्शियम की कमी देखी जाती है। 

विटामिन डी की कमी 

यदि बच्चे को विटामिन डी की कमी हो गई है तो ये उसके कैल्शियम की कमी का कारण बन सकता है। कई बार कुछ दवाओं के प्रभाव व खून में मैग्नीशियम की संतुलन में गड़बड़ी से भी बच्चों को ये समस्या हो सकती है। 

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जेनेटिक डिसऑर्डर 

जिजॉर्ज सिंड्रोम एक जेनेटिक डिसऑर्डर होता है। इस स्थिति में भी बच्चों में कैल्शियम की कमी हो जाती है। 

बच्चों में कैल्शियम की कमी होने पर क्या करें 

बच्चे के कैल्शियम लेवल को जानने के लिए आप टेस्ट करा सकते हैं। यदि बच्चे के शरीर में कैल्शियम की कमी हो तो आगे बताए गए उपायों को करें। 

  • बच्चे को ऐसे आहार दें जिनमें कैल्शियम की उच्च मात्रा हो। 
  • डॉक्टर की सलाह पर बच्चे को कैल्शियम की सप्लीमेंट्स दवाएं दे सकते हैं। 
  • अगर आपके बच्चे के जन्म के कुछ दिनों में ही कैल्शियम की कमी हो गई है तो उसे डॉक्टर की सलाह पर नर्सरी पर रखकर इलाज करा सकते हैं। 
  • यदि बच्चा थोड़ा बड़ा है तो उसको धूप में बैठाएं। इससे कैल्शियम के लेवल में सुधार होता है।
  • अगर बच्चा खाना खाता हो तो उसकी डाइट में बादाम, सफेद तिल, दही, दूध, पनीर, आलूबुखारा आदि को शामिल करें। 

बच्चे को हड्डियों में दर्द हो रहा हो तो ये कैल्शियम की कमी का संकेत हो सकता है। ऐसे में आप तुरंत बच्चे को डॉक्टर के पास ले जाएं और उसका इलाज कराएं। 

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