बदलते मौसम में रोज करें ये 3 योगासन, इम्यूनिटी होगी मजबूत और बीमारियां रहेंगी दूर

बदलते मौसम में बीमारियों से बचने के लिए आप नियमित रूप से कुछ योगासन कर सकते हैं।

Priya Mishra
Written by: Priya MishraUpdated at: Oct 25, 2022 15:55 IST
बदलते मौसम में रोज करें ये 3 योगासन, इम्यूनिटी होगी मजबूत और बीमारियां रहेंगी दूर

क्या आप भी बदलते मौसम में अक्सर बीमार पड़ जाते हैं? दरअसल बदलते मौसम में हमारी इम्यूनिटी कमजोर हो जाती है, जिससे वायरल और बैक्टीरियल संक्रमण का खतरा अधिक बढ़ जाता है। बीमारियों से बचाव के लिए शरीर की इम्यूनिटी का मजबूत होना जरूरी है। जिन लोगों की इम्यूनिटी मजबूत होती है, वे खांसी-जुखाम, बुखार और संक्रमण की चपेट में जल्दी से नहीं आते हैं। अगर आप भी बदलते मौसम में बार बार बीमार पड़ते हैं, तो इसके लिए आपको अपने खानपान और जीवनशैली में कुछ बदलाव करने चाहिए। बदलते मौसम में बीमारियों से बचने के लिए आप नियमित रूप से कुछ योगासन कर सकते हैं। योग करके आप अपनी इम्यूनिटी को बढ़ा सकते हैं, जिससे कई तरह के रोगों से बचा जा सकता है। तो चलिए, जानते हैं कि बदलते मौसम में बीमार होने से बचने के लिए कौन से योगासन करने चाहिए -

भुजंगासन (Bhujangasana)

बदलते मौसम में बीमारियों से अपना बचाव करने के लिए आपको रोजाना भुजंगासन जरूर करना चाहिए। इस आसन को 'कोबरा पोज' भी कहते हैं। इसके नियमित अभ्यास से शरीर की इम्यूनिटी मजबूत बनती है। 

भुजंगासन करने का तरीका (How To Do Bhujangasana)

  1. इस आसान को करने के लिए ज़मीन पर पेट के बल लेट जाएं। 
  2. अपनी कोहनियों को कमर से सटा के रखें और हथेलियां ऊपर की ओर रखें। 
  3. अब धीरे-धीरे सांस भरते हुए, अपनी छाती को ऊपर की ओर उठाएं। 
  4. उसके बाद अपने पेट के भाग को धीरे-धीरे ऊपर उठा लें। इस स्थिति में 30 सेकंड तक रहें। 
  5. अब सांस छोड़ते हुए, अपने पेट, छाती और फिर सिर को धीरे-धीरे जमीन की ओर नीचे लाएं।

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भुजंगासन के फायदे (Bhujangasana Benefits)

त्रिकोणासन (Trikonasana)

बदलते मौसम में बीमारियों से बचने के लिए त्रिकोणासन का अभ्यास करना चाहिए। इसके नियमित अभ्यास से इम्यून सिस्टम मजबूत बनता है। इस आसन को ट्रायंगल पोज भी कहा जाता है। 

त्रिकोणासन करने का तरीका (How To Do Trikonasana)

  1. त्रिकोणासन करने के लिए सबसे पहले किसी योगा मैट पर सीधे खड़े हो जाएं।
  2. अपने दोनों पैरों के बीच 3-4 फीट की दूरी बनाकर रखें।
  3. हाथों को जांघों के बगल में रखें। अपनी बाहों को कंधे तक फैलाएं।
  4. धीरे-धीरे सांस लेते हुए, दाए हाथ को सिर के ऊपर ले जाएं। इस दौरान आपका हाथ कान को छूना चाहिए।
  5. अब सांस छोड़ते हुए अपने शरीर को बाई तरफ को झुकाएं।
  6. इस योगासन को करते हुए आपके घुटने मुड़ने नहीं चाहिए। 
  7. बाएं हाथ को बाएं पैर के समांतर रखें।
  8. इस मुद्रा में कुछ देर बने रहें। धीरे-धीरे सांस लें और छोड़ें।
  9. इसके बाद सामान्य अवस्था में आ जाएं।
  10. इस चक्र को आप 3-5 बार दोहरा सकते हैं।

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त्रिकोणासन के फायदे (Trikonasana Benefits)

  • त्रिकोणासन का नियमित अभ्यास करने से इम्यूनिटी बढ़ाने और बीमारियों से बचाव में मदद मिलती है। 
  • साइटिका के मरीजों के लिए यह एक बेहतरीन योगासन है।
  • इसके नियमित अभ्यास से वजन कम होता है और बॉडी सुडौल बनती है। 

मार्जरी आसन (Marjari Asana)

मार्जरी आसन के नियमित अभ्यास से रीढ़ की हड्डी मजबूत बनती है। यह आसन इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए भी एक बेहतरीन योगासन है। इसे कैट पोज के नाम से भी जाना जाता है।

मार्जरी आसन करने का तरीका (How To Do Marjari Asana)

  1. इस आसन को करने के लिए वज्रासन की मुद्रा में बैठ जाएं। 
  2. अब अपने दोनों हाथों को फर्श पर आगे की ओर रखें। 
  3. अपने दोनों हाथों पर थोड़ा सा भार डालते हुए, अपने हिप्स को ऊपर उठाएं। 
  4. अपनी जांघों को ऊपर की ओर सीधा करके पैर के घुटनों पर 90 डिग्री का कोण बनाएं। 
  5. अब सांस भरते हुए, अपने सिर को पीछे की ओर झुकाएं, अपनी नाभि को नीचे से ऊपर की तरफ धकेलें और टेलबोन (रीढ़ की हड्डी का निचला भाग)) को ऊपर उठाएं। 
  6. अब अपनी सांस को बाहर छोड़ते हुए, अपने सिर को नीचे की ओर झुकाएं और मुंह की ठुड्डी को अपनी छाती से लगाने का प्रयास करें। 
  7. इस स्थिति में अपने घुटनों के बीच की दूरी को देखें। 
  8. अब फिर से अपने सिर को पीछे की ओर करें और इस प्रक्रिया को दोहराहएं। इस प्रक्रिया को आप 10-20 बार दोहराएं।

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मार्जरी आसन के फायदे (Marjari Asana Benefits)

  • यह आसान इम्यूनिटी बढ़ाने के साथ-साथ पेट और कमर के मोटापे को भी कम करता है। 
  • इस आसन के नियमित अभ्यास से रीढ़ की हड्डी मजबूत होती है और पीठ के दर्द में राहत मिलती है। 
  • यह आसान दमा के मरीजों के लिए काफी फायदेमंद माना जाता है।  

मार्जरी आसन करने से तनाव को दूर करने में बहुत मदद मिलती अगर आप भी बदलते मौसम में बार-बार बीमार पड़ जाते हैं, तो इसके लिए आप इन योगासनों को कर सकते हैं।

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