जानें क्‍या होते हैं फ्रेकल्‍स

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Jan 01, 2013
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Quick Bites

  • फ्रेकल्स त्वचा पर होने वाले चपटे तथा भूरे रंग धब्‍बे है।
  • धूप में ज्यादा रहने से त्वचा पर अधिक मैलेनिन से होते है।
  • फ्रेकल्स आनुवंशिक कारणों से भी त्‍वचा पर हो सकते है।
  • क्रायोथेरेपी या तरल नाईट्रोजन द्वारा फ्रीजिंग से करें उपचार।

फ्रेकल्स त्वचा पर होने वाले एक प्रकार के दाग हैं। जो आकार में छोटे, चपटे तथा लाल या भूरे रंग धब्‍बे होते हैं। यह एक आम समस्या है। यह समस्‍या आमतौर पर  लोगों में पायी जाती हैं और पूरी तरह नुकसानरहित होती हैं। हल्के रंग की त्वचा वाले लोगों में ये ज़्यादा पाये जाते हैं क्योंकि उनमें त्वचा को सूर्य किरणों से होने वाले नुकसान से बचाने वाला केमिकल मैलेनिन (त्वचा सेल्स द्वारा उत्पन्न) कम मात्रा में होता है। त्वचा में मैलेनिन के असमान वितरण के कारण ही फ्रेकल्स उत्पन्न होते हैं। किसी एक जगह पर मैलेनिन का अत्यधिक बनना भी फ्रेकल्स बना देता है। फ्रेकल्स अधिक देर तक धूप में रहने का परिणाम हैं जो सूर्य की किरणों से ज़्यादा प्रभावित क्षेत्रों के लोगों में आम पाये जाते हैं। फ्रेकल्स आमतौर से चेहरे, कंधों और बांहों पर पाये जाते हैं। इस लेख को पढ़ें और फ्रेकल्स के बारे में विस्तार से जानें।  

frackels in hindi

फ्रेकल्स के लक्षण

फ्रेकल्स किसी एक धब्बे या गुच्छों के रूप में भी अनियमित विकसित होते हैं, गुच्छों में होने के कारण यह त्वचा पर बहुतायत में देखे जा सकता हैं।

 

फ्रेकल्स के कारण

आनुवंशिकीः फ्रेकल्स आनुवंशिक कारणों से भी आपकी त्‍वचा पर हो सकते है। यानी आपके परिवार में किसी को फ्रेकल्स हों तो आपको भी होने के चांस बढ़ जाते हैं।

सूर्य की धूपः धूप में ज्‍यादा रहने से त्वचा को अधिक मैलेनिन बनाना होता है ताकि सूर्य की हानिकारक किरणों से रक्षा की जा सके। किन्हीं हिस्सों पर मैलेनिन का इस तरह बनना या मैलेनिन का असमान वितरण फ्रेकल्स बना सकता है।

 

फ्रेकल्स के जोखिम कारण

गोरे रंग के लोगों में फ्रेकल्स होने की आशंका अधिक रहती है क्योंकि ऐसी त्वचा में मैलेनिन कम होता है और यह (धूप में)आसानी से झुलस सकती है।

 

फ्रेकल्स का उपचार

  • अधिकतर मामलों में फ्रेकल्स हानिरहित होते हैं और कॉस्मेटिक कारणों को छोड दें तो इनका उपचार आवश्यक नहीं होता।
  • त्वचा टोन की रिसेम्बलिंग हेतु एक जैसी टोन लाने के लिये फ्रेकल्स को हल्का करने हेतु ब्लीचिंग क्रीम का उपयोग किया जा सकता है। हालांकि यह प्रभावित त्वचा को असमान बना सकती है और रैशेज की वजह भी बन सकती है।
  • लेजर ट्रीटमेंट या इन्टेन्स पल्सड लाइट थेरेपी पिगमेंटेशन को खत्म कर सकती है लेकिन परिणाम भिन्न हो सकते हैं और अनेक सिटिंग की जरूरत हो सकती है।
  • क्रायोथेरेपी या तरल नाईट्रोजन द्वारा फ्रीजिंग।
  • केमिकल पील्स।

 

फ्रेकल्स की रोकथाम

  • चूंकि गोरी त्वचा वाले लोगों को आसानी से फ्रेकल्स हो जाते हैं और सूरज की धूप से त्वचा का निरंतर अत्यधिक क्षतिग्रस्त होना आपके लिये त्वचा कैंसर होने के चांस बढ़ा सकता है। इसलिये रोकथाम के उपाय अपनाये जाने की जरूरत होती है। फ्रेकल्स ऐसी त्वचा का लक्षण है जो आसानी से सनबर्न का शिकार हो सकती है जिससे आगे चलकर त्वचा कैंसर हो सकता है।
  • कम से कम 30 एसपीएफ वाली सनस्क्रीन इस्तेमाल करें और फिर उपयोग संबंधी लेबल निर्देशों का पालन करें। ज्‍यादा देर तक धूप में रहने से बचें।


इस लेख से संबंधित किसी प्रकार के सवाल या सुझाव के लिए आप यहां पोस्‍ट/कमेंट कर सकते हैं।

Image Source : Getty

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लेजर ट्रीटमेंट या इन्टेन्स पल्सड लाइट थेरेपी पिगमेंटेशन को खत्म कर सकती है लेकिन परिणाम भिन्न हो सकते हैं और अनेक सिटिंग की जरूरत हो सकती है।
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