गुप्तासन (Hidden Pose) करने के फायदे और तरीका

अगर आप भी तनाव या किसी स्वास्थ्य संबंधी परेशानी से जूझ रहे हैं तो गुप्तासन का अभ्यास कर सकते हैं। यहां जानें इससे होने वाले फायदे और करने का तरीका। 

 
Kunal Mishra
Written by: Kunal MishraPublished at: May 20, 2021Updated at: May 20, 2021
गुप्तासन (Hidden Pose) करने के फायदे और तरीका

शरीर को स्वस्थ रखने के लिए नियमित रूप से योग और कसरत करते रहना चाहिए। ऐसे कई योगासन हैं, जिनके बारे में हमें जानकारी न होने पर हम उन्हें नजरअंदाज कर देते हैं। लेकिन असल में वे काफी फायदेमंद होते हैं। आज हम ऐसे ही एक आसन के बारे में बात कर रहे हैं, जिसका नाम गुप्तासन है। इस योगासन के बारे में आपने शायद ही सुना होगा। दरअसल, गुप्तासन अन्य आसनों की तुलना में इतना प्रमुख या प्रसिद्ध नहीं है। इसलिए इसके बारे में लोगों को ज्यादा जानकारी नहीं होती है। गुप्तासन को हिडन पोज के नाम से भी जाना जाता है। यह आसन आपको कई रोगों से छुटकारा दिलाने में सक्षम है। यह आसन आपकी आंखों के लिए लाभकारी होने के साथ ही त्वचा की खूबसूरती को भी निखारता है। इसका नियमित अभ्यास करने से आपका बॉडी पोश्चर भी ठीक होता है। क्या आपने कभी इस आसन को ट्राई किया है? अगर नहीं, तो इस लेख के माध्यम से हम आपको इससे होने वाले कुछ फायदों के बारे में बताएंगे। चलिए जानते हैं गुप्तासन करने का तरीका और इससे होने वाले फायदे। 

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1. तनाव कम करने में मददगार (Helps in Reducing Stress)

वैसे तो तनाव कम करने के लिए अन्य भी कई आसन हैं, लेकिन गुप्तासन खासतौर पर आपके विचारों को नियंत्रित रखकर आपको तनाव से मुक्त करता है। इस योगासन का 15 से 20 मिनट नियमित अभ्यास करने से आपके तनाव का स्तर काफी हद तक कम हो जाता है। यह अवसाद और एंग्जाइटी से ग्रस्त लोगों के लिए भी काफी मददगार माना जाता है। अगर आप भी इस समस्या से परेशान हैं तो इस आसन का अभ्यास रोजाना करें। 

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2. ब्रह्मचर्य का पालन करने में मददगार (Helpful in Following Brahmacarya)

यह योग आपको मानसिक रूप से फायदा पहुंचाने के साथ ही शारीरिक तौर पर भी कई फायदे पहुंचाता है। इस आसन की मदद से आप ब्रह्मचर्य का पालन करने में सक्षम बनते हैं। यह आपके मन में आने वाले तमाम बुरे विचारों पर लगाम कसता है। ब्रह्मचर्य का पालन कर आप अपने आप में उर्जा का एक स्त्रोत विकसित करते हैं। इसके लिए जरूरी है कि इसका अभ्यास रोजाना ध्यान लगाकर किया जाए। 

3. पोश्चर सुधारने में मदगार (Helps In Improving Posture)

गुप्तासन आपके उठने-बैठने के पोश्चर को भी सुधारता है। साथ ही शरीर में होने वाले दर्द जैसे मांसपेशियों और जोड़ों आदि के दर्द को भी ठीक करता है। इस आसन को करने के दौरान आपको अपनी कमर और रीढ़ की हड्डी का तालमेल बनाकर रखना होता है। इस अवस्था में बैठकर अभ्यास करने से शरीर का पोश्चर सुधरता है और रीढ़ की हड्डी की भी स्ट्रेंथ बनी रहती है और कमर दर्द से भी राहत मिलती है। 

4. यूरिनरी इंफेक्शन से दिलाए राहत (Relief in Urinary Infection)

गुप्तासन आपको मूत्र मार्ग में होने वाले इंफेक्शन से भी छुटकारा दिलाता है। आमतौर पर यह इंफेक्शन बैक्टीरिया के संपर्क में आने या फिर पब्लिक टॉयलेट इस्तेमाल करने से भी हो सकता है। ऐसे में इससे छुटकारा पाने के लिए आप गुप्तासन का सहारा ले सकते हैं। इसके लिए नियमित तौर पर यह आसन करें। 

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5. आंखों की रोशनी बढ़ाने में मददगार (Helps In Improving Eye Vision)

गुप्तासन आपकी आंखों की रोशनी बढ़ाने में भी काफी कारगर साबित होता है। इसके नियमित अभ्यास से आप अपनी आंखों का चश्मा भी हटा सकते हैं। हालांकि यह पूरी तरह से प्रमाणित नहीं होता है कि इसके अभ्यास से आपका चश्मा निश्चित तौर पर हट जाएगा, लेकिन यह आपकी आंखों की रोशनी बढ़ाने में काफी कारगर है। 

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गुप्तासन करने का तरीका (How To Do Guptasana)

  • इस आसन को करने के लिए जमीन पर सीधे बैठ जाएं। इस दौरान आपको अपनी रीढ़ की हड्डी को सीधा रखना है।
  • इस आसन को करने के लिए आपको अपने पैरों को क्रॉस करकर बैठना है। 
  • इस आसन को करने के लिए पैरों को लोटस की तरह क्रॉस करना जरूरी इस दौरान बैठे हुए आपके पैर नहीं दिखने चाहिए। 
  • इसके लिए हाथों में योग की मुद्रा बना लें। 
  • अब आपको गहरी सांस लेनी और छोड़नी है। साथ ही कम से कम 2 मिनट के लिए इस मुद्रा में बैठकर इस अभ्यास को दोहराना है। 
  • लीजिए आपने गुप्तासन का अभ्यास पूरा कर लिया। 

गुप्तासन करने के बहुत से फायदे हैं। यदि आप भी तनाव आदि से जूझ रहे हैं तो इस आसन का अभ्यास कर सकते हैं। यदि आप किसी गंभीर बीमारी में इसका अभ्यास कर रहे हैं तो एक बार चिकित्सक की सलाह जरूर लें। 

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