फ्लैक्स सीड मिल्‍क या अलसी का दूध पीने के कई फायदे हैं। इसमें सैचुरेटेड फैट नहीं होता। खनिज, विटामिन और फाइबर की मात्रा उच्‍च होती है। अलसी का दूध रोगों से भी लड़ता है।

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Flaxseed Milk Benefits: अलसी का दूध पीने से नहीं बढ़ता वजन, ब्‍लड शुगर भी रहता है नियंत्रित

फ्लैक्स सीड मिल्‍क या अलसी का दूध पीने के कई फायदे हैं। इसमें सैचुरेटेड फैट नहीं होता। खनिज, विटामिन और फाइबर की मात्रा उच्‍च होती है। अलसी का दूध रोगों से भी लड़ता है।

Atul Modi
Written by: Atul ModiPublished at: Jun 13, 2019Updated at: Jun 13, 2019
Flaxseed Milk Benefits: अलसी का दूध पीने से नहीं बढ़ता वजन, ब्‍लड शुगर भी रहता है नियंत्रित

फ्लैक्स सीड को अलसी के बीज के तौर पर भी जाना जाता है। कुछ लोग इसे सबसे शक्तिशाली खाद्य पदार्थ मानते हैं। कुछ फैक्‍ट्स हैं जो बताते हैं कि यह आपको हृदय रोग, कैंसर, स्ट्रोक और मधुमेह के जोखिम को कम करने में मदद कर सकते हैं। अलसी का दूध या फ्लैक्स सीड मिल्क, डेयरी वाले दूध का विकल्‍प हो सकता है। यह उन लोगों के लिए अनुकूल हो सकता है जो किसी भी कारण से डेयरी उत्पादों को नहीं लेना चाहते हैं।

फ्लैक्ससीड्स छोटे, भूरे रंग के चमकदार बीज होते हैं जिन्हें कच्चा या भुना हुआ और अन्य बीजों और नट्स के साथ मिलाकर खाया जा सकता है। फ्लैक्ससीड्स को डेसर्ट में मिला सकते हैं और इसे पीसकर ग्‍लूटन फ्री आटा बना सकते हैं। अब यहां भी फ्लैक्ससीड्स से प्राप्त दूध धीरे-धीरे लोकप्रियता हासिल कर रहा है। आइए जानते हैं इसके फायदे।   

 

कैंसर से बचाता है

अलसी में 27 एंटी-कैंसर घटक होते हैं, इनमें से एक एजेंट लिग्निन है। जो कैंसर या ट्यूमर से लड़ने में हमारी मदद करता है। कैंसर से लड़ने के लिए अलसी सबसे अच्‍छा फूड माना जाता है। अलसी के दूध में भी काफी मात्रा में पोषक तत्‍व होते हैं, यह कैंसर के कारकों को खत्‍म करते हैं। 

पाचनतंत्र को बेहतर बनाता है 

फ्लैक्स सीड फाइबर में उच्च होता है जो स्वस्थ पाचन तंत्र के लिए आवश्यक है। यह आंतों के माध्यम से भोजन को आसानी से पाचन करने में मदद कर सकता है और यहां तक कि पोषक तत्वों के अवशोषण से आंतों में सुधार कर सकता है। अलसी में ओमेगा -3 फैटी एसिड पाचन तंत्र की रक्षा करता है और गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल स्वास्थ्य को बनाए रखने में मदद करता है। जिन्‍हें डेयरी प्रोडक्‍ट पसंद नहीं है वह फ्लैक्‍स सीड मिल्‍क पी सकते हैं।  

ब्‍लड शुगर नियंत्रित रखता है

अलसी के दूध के सेवन से टाइप 2 मधुमेह वाले लोगों में रक्त शर्करा के स्तर में सुधार हो सकता है। इसके अलावा, फ्लैक्ससीड में अल्फा-लिनोलेनिक एसिड होता है, साथ ही प्रोटीन और फाइबर होते हैं जो उच्च रक्त शर्करा को नियंत्रित करने के लिए महत्वपूर्ण होते हैं। एक सामान्य रक्त शर्करा के स्तर को बनाए रखने से गुर्दे की विफलता जैसी जटिलताओं को भी रोका जा सकता है और हृदय रोग के जोखिम को कम किया जा सकता है।

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हार्मोनल असंतुलन के लक्षणों को कम करता है

फ्लैक्‍स सीड के एंटीऑक्सिडेंट गुण हार्मोनल असंतुलन के लक्षणों को कम कर सकते हैं। जैसे कि, रजोनिवृत्ति के बाद की महिलाओं में  hot flashes और रात में पसीना। शोध से पता चला है कि फ्लैक्स सीड दूध की एक दैनिक खपत मध्यम हार्मोनल समस्याओं के साथ-साथ समग्र मनोवैज्ञानिक स्वास्थ्य में सुधार करने में मदद करती है।

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वजन घटाता है

अगर आप वजन घटाने की सोच रहे हैं तो फ्लैक्‍स सीड बहुत अच्‍छा विकल्‍प हो सकता है। इसमें मौजूद फाइबर आपकी आंतों की अच्‍छे से सफाई करता है। फाइबर आपके पेट को लंबे समय तक भरा रखती है। और ज्‍यादा नहीं खाते हैं। अगर आप फ्लैक्‍स सीड मिल्‍क पीते हैं तो यह कैलोरी में कम होने के चलते वजन घटाने में मदद करता है। 

फ्लैक्‍स सीड के अन्‍य गुण 

  • फ्लैक्‍स मिल्‍क में सैचुरेटेट फैट या ट्रांस फैट नहीं होता है। 
  • इसमें कैलोरी काफी कम होती है। 
  • यह प्राकृतिक रूप से लैक्‍टोस फ्री होता है साथ ही साथ इसमें कोलेस्‍ट्रॉल की मात्रा शून्‍य होती है। 
  • यह दूध के अन्य विकल्पों की तुलना में क्रीम कम होता है। 
  • फ्लैक्‍स सीड मिल्‍क विटामिन ए, बी12 और डी, साथ ही कैल्शियम सहित खनिजों और विटामिनों से भरे होते होते हैं।

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