Monkeypox के लक्षण दिखने पर कहां कराएं टेस्ट?

राजधानी दिल्ली में मंकीपॉक्स का मामला सामने के बाद सरकार ने 20 डॉक्टरों की टीम बनाई गई है। 

Ashu Kumar Das
Written by: Ashu Kumar DasPublished at: Jul 28, 2022Updated at: Jul 28, 2022
Monkeypox के लक्षण दिखने पर कहां कराएं टेस्ट?

Monkeypox in India: कोरोना वायरस के बाद मंकीपॉक्स का खतरा देश में बढ़ता ही जा रहा है। पूरे देश में अब तक मंकीपॉक्स से चार मरीज मिल चुके हैं। गौर करने वाली बात ये है कि 4 में से 3 मरीज विदेश से लौटे थे, लेकिन राजधानी दिल्ली में मंकीपॉक्स का जो मरीज मिला है, उसकी कोई ट्रैवल हिस्ट्री भी नहीं हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने मंकीपॉक्स को ग्लोबल हेल्थ इमरजेंसी घोषित किया गया है। WHO के मुताबिक, दुनियाभर में मंकीपॉक्स के 75 देशों में 16 हजार से ज्यादा मामले सामने आ चुके हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन का कहना है कि मंकीपॉक्स जानवरों से इंसानों में फैलने वाली बीमारी है। इस वायरस से संक्रमित होने पर चेचक जैसे लक्षण दिखते हैं। भारत में मंकीपॉक्स के मरीज मिलने के बाद सवाल उठने लगे हैं कि आखिरकार इस संक्रमण का टेस्ट कहां करवाया जा सकता है।

कहां कराएं मंकीपॉक्स की जांच?

भारत में मंकीपॉक्स की जांच सुविधा फिलहाल हर राज्य में उपलब्ध नहीं है। अगर किसी व्यक्ति में मंकीपॉक्स के लक्षण दिखाई देते हैं, तो उसे अपने क्षेत्र के सीएमओ यानी की Chief Medical Officer कार्यालय को इस बात की जानकारी देनी चाहिए। मंकीपॉक्स का टेस्ट करवाने के लिए देश में मौजूद जिन लैबोरेटरीज में भेजा जा सकता है, उनमें से एक है केजीएमयू लखनऊ और दूसरा है पुणे स्थित नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी। इन दोनों लैबोरेटरीज की रिपोर्ट आने के बाद ही इस बात का पता चल सकता है  कि कोई व्यक्ति मंकीपॉक्स से संक्रमित है या नहीं। दिल्ली एनसीआर  में ये जांच लोक नायक जयप्रकाश नारायण अस्पताल (LNJP) मेंकरवाई जा सकती है लेकिन यहां दिए गए सैंपल भी ऊपर बताए गए लैब्स में ही भेजे जाएंगे।

मंकीपॉक्सःकाःटेस्टःकहांःकरावायाःजाःसकताःहै

राजधानी दिल्ली में मंकीपॉक्स का मामला सामने के बाद सरकार ने 20 डॉक्टरों की टीम बनाई गई है। यहां मंकीपॉक्स से संक्रमित मरीजों के इलाज के लिए एक स्पेशल वार्ड भी बनाया गया है।

मंकीपॉक्स का टेस्ट करवाने की जरूरत किसे है?

अगर आपने बीते 21 दिन में किसी प्रभावित देश की यात्रा की है या वहां से लौटकर आए हैं और आपको बुखार, चेचक, शरीर दर्द जैसे लक्षण दिख  रहे हैं, तो आपको ये टेस्ट कराना चाहिए। चूंकि मंकीपॉक्स का इन्क्यूबेशन पीरियड 21 दिन का भी हो सकता है, इसलिए 21 दिन के भीतर कोई लक्षण दिखता है तो टेस्ट करवा सकते हैं। केंद्र सरकार ने मंकीपॉक्स को लेकर 31 मई को 23 पेज की गाइडलाइन जारी की थी। इसके मुताबिक, संदिग्ध या लक्षण दिखने पर सरकारी अस्पताल से टेस्ट करवा सकते हैं।

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क्या है मंकीपॉक्स के लक्षण

विश्व स्वास्थ्य संगठन के मुताबिक मंकीपॉक्स में शरीर पर मोटे-मोटे छाले (चेचक जैसे), सिर दर्द, बुखार, थकान, सूजी हुई लिम्फ नोड्स, मांसपेशियों में दर्द, शरीर में कंपन होना और पीठ में दर्द जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। मंकीपॉक्स से संक्रमित मरीज में ये लक्षण 2 से 4 सप्ताह तक रह सकते हैं। अगर आपको या आपके किसी परिचित को इस तरह के लक्षण दिखाई देते हैं, तो आप मंकीपॉक्स वायरस का टेस्ट करवा सकते हैं।

 

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