बॉडी साइंस के अनुसार सेहत के लिए सोने की कौन सी पोजीशन है सबसे अच्छी और कौन सी है सबसे खराब

आपका शरीर एक ऐसी मशीन है, जो रात में सोते समय भी काम करती है। इसलिए जानें सेहत और शरीर के अनुसार आपके लिए किस पोजीशन में सोना सबसे सही है।

Anurag Anubhav
Written by: Anurag AnubhavPublished at: Apr 02, 2020Updated at: Apr 02, 2020
बॉडी साइंस के अनुसार सेहत के लिए सोने की कौन सी पोजीशन है सबसे अच्छी और कौन सी है सबसे खराब

क्या आपको पता है दुनियाभर में करोड़ों लोग ऐसे हैं, जो सोकर उठने के बाद भी थका हुआ महसूस करते हैं? और करोड़ों लोग ऐसे भी हैं, जिन्हें रात में नींद ही नहीं आती है। आमतौर पर जीवन में तनाव और शांति का तो आपकी नींद पर असर पड़ता ही है। लेकिन एक चीज जिससे आप अंजान हो सकते हैं, वो है स्लीपिंग पोजीशन। जी हां, आपके सोने की पोजीशन के कारण भी ऐसा हो सकता है कि पर्याप्त नींद लेकर भी आप थका हुआ महसूस करें या आपके शरीर में दर्द हो। आइए आज हम आपको बताते हैं आपके शरीर और सेहत के मुताबिक सोने की सबसे अच्छी और सबसे गलत पोजीशन क्या है।

सबसे अच्छी पोजीशन- पीठ के बल

अगर आप पीछ के बल सोते हैं यानी सिर को ऊपर की तरफ रखकर तो ये पोजीशन आपके शरीर के लिए सबसे अच्छी मानी जाती है। इसका कारण यह है कि इस पोजीशन में सोने पर आपके शरीर के सभी अंगों का भार एक समान रहता है। इसलिए हड्डियों और मांसपेशियों के लिए सोने की ये पोजीशन सबसे अच्छी है। एक्सपर्ट्स के अनुसार चूंकि सोते समय आपके शरीर की कई नसें दबी होती हैं, इसलिए बीच-बीच में करवट बदलकर और शरीर को हिला-डुलाकर आपका मस्तिष्क ब्लड सर्कुलेशन (रक्त प्रवाह) को नियंत्रित करता रहता है।

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अच्छी पोजीशन- बाएं करवट होकर सोना

अगर आपको करलट लेकर सोना पसंद है, तो आपको हमेशा बाईं तरफ करवट लेकर सोना चाहिए। ये पोजीशन आपके शरीर के लिहाज से अच्छी मानी जा सकती है। आमतौर पर ज्यादातर लोग इस पोजीशन में आराम भी महसूस करते हैं। दरअसल आपके शरीर के दाहिने हिस्से में ही आपके जीवन के लिए सबसे महत्वपूर्ण कार्डियोवस्कुलर सिस्टम और हृदय मौजूद होता है। इसलिए बाईं करवट सोने से इन अंगों पर प्रेशर नहीं पड़ता है और इनका सारा भार बिस्तर पर रह जाता है।

ठीक-ठाक पोजीशन- दाहिनी तरफ को होकर सोना

अगर आप दाहिनी करवट भी सोते हैं, तो ये इतनी बुरी पोजीशन नहीं है। दाएं हिस्से में सोने से आपकी रक्त वाहिकाओं पर जोर पड़ता है, इसलिए कई बार देर तक इस पोजीशन में सोने से रक्त का प्रवाह बाधित हो सकता है। इसके अलावा इससे आपके फेफड़ों पर भी दबाव पड़ता है। मगर थोड़े समय के लिए आप इस पोजीशन में सो सकते हैं। हालांकि जिन्हें हार्ट बर्न, सीने में जलन और एसिडिटी की शिकायत हो या गर्भवती महिलाओं को सीधे करवट सोने की सलाह नहीं दी जाती है।

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गलत पोजीशन- एक पैर ऊपर करके सोना

अगर आप पेट के बल लेटकर पैर दूसरे पैर पर चढ़ाकर सोते हैं, तो ये पोजीशन आपके शरीर की सेहत के लिहाज से ठीक नहीं है। ऐसा करने से आपके पेल्विक (पेड़ू) के हिस्से में जोर पड़ता है। इसके अलावा एक पैर ऊपर चढ़ाकर सोने से आपके दिल को ब्लड पंप करने में भी ज्यादा मेहनत लगती है। इसलिए इस प्रकार से सोना सही नहीं है। हालांकि पीठ दर्द या कमर दर्द की स्थिति में कुछ दिन ऐसे सोया जा सकता है। मगर लंबे समय तक इस तरह सोने से पुरुषों और महिलाओं की फर्टिलिटी पर इसका असर पड़ सकता है।

सबसे गलत पोजीशन- पीठ के बल सोना

अगर आप पूरी तरह पेट के बल सोते हैं, यानी मुंह और हाथों को नीचे की तरफ रखते हुए, तो ये पोजीशन आपके शरीर के लिए सबसे ज्यादा घातक साबित हो सकती है। इस तरह सोने से आपके सभी अंग आपके भार के नीचे दबे होते हैं, जिसके कारण शरीर के सभी जरूरी फंक्शन्स में बाधा आती है। इसके अलावा ऐसी पोजीशन में सोने से आपको कई बार शरीर में दर्द और दूसरी कई स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं।

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