अस्थमा फेफड़ों की एक पुरानी स्थिति है जो आपके श्‍वसन मार्ग की सूजन के कारण होती है। नतीजतन, आपका वायुमार्ग संकुचित हो जाता है। इससे घरघराहट और सांस लेने में कठिनाई होती है। अस्‍थमा एक ऐसी बीमारी है जो व्‍यक्ति को लंबे समय तक परेशान करती है। इस रोग से बुरी तरह से प्रभावित होने पर जान भी जा सकती है। 

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अस्‍थमा के लिए आयुर्वेदिक औ‍षधि है भांग के पत्‍ते, दूर होती है सांस फूलने की समस्‍या!

अस्थमा फेफड़ों की एक पुरानी स्थिति है जो आपके श्‍वसन मार्ग की सूजन के कारण होती है। नतीजतन, आपका वायुमार्ग संकुचित हो जाता है। इससे घरघराहट और सांस लेने में कठिनाई होती है। अस्‍थमा एक ऐसी बीमारी है जो व्&

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Written by: Atul ModiPublished at: Jan 11, 2019Updated at: Jan 11, 2019
अस्‍थमा के लिए आयुर्वेदिक औ‍षधि है भांग के पत्‍ते, दूर होती है सांस फूलने की समस्‍या!

अस्थमा फेफड़ों की एक पुरानी स्थिति है जो आपके श्‍वसन मार्ग की सूजन के कारण होती है। नतीजतन, आपका वायुमार्ग संकुचित हो जाता है। इससे घरघराहट और सांस लेने में कठिनाई होती है। अस्‍थमा एक ऐसी बीमारी है जो व्‍यक्ति को लंबे समय तक परेशान करती है। इस रोग से बुरी तरह से प्रभावित होने पर जान भी जा सकती है। इसके लिए दुनियाभर के वैज्ञानिक आयुर्वेदिक उपचार ढूंढ रहे हैं, जिसमें अभी तक मारिजुआना (भांग) को सबसे बेहतर बताया गया है। 

 

वैज्ञानिकों ने मरिजुआना पर किया है शोध 

आप सोच रहे होंगे कि क्या सच में मारिजुआना अस्थमा के लिए एक संभावित उपचार हो सकता है? या शायद आपको लगता है कि यह अस्थमा को बदतर बनाता है? वास्तव में, भांग की लत सांस लेने की समस्याओं को और खराब कर सकता है। हालांकि पौधे के अन्य रूपों को लेने से, जो धूम्रपान नहीं रकते हैं, संभवतः अस्थमा से पीड़ित लोगों को लाभान्वित कर सकते हैं। पल्मोनरी मेडिसिन में करंट ओपिनियन में प्रकाशित एक अध्ययन बताता है कि मारिजुआना के अल्पकालिक औषधीय उपयोग फेफड़ों को नुकसान नहीं पहुंचा सकते हैं। इसकी तुलना मनोरंजक या भारी धूम्रपान से की जाती है। हालाँकि, यह स्पष्ट नहीं है कि कितना सुरक्षित है या कितने समय के लिए है। 

अस्‍थमा का अन्‍य तरीकों से कर सकते हैं उपचार 

अस्थमा से पीड़ित लोगों के लिए कई पारंपरिक उपचार विकल्प उपलब्ध हैं। इनहेलर्स जैसे त्वरित-राहत दवाओं के अलावा, आपका डॉक्टर उन दवाओं की सिफारिश कर सकता है जो अधिक दीर्घकालिक नियंत्रण प्रदान करते हैं। ये सूजन को कम करके समस्याग्रस्त होने से पहले अस्थमा के लक्षणों को रोकने में मदद करते हैं। उदाहरणों में शामिल है:

  • नेब्युलाइज़र्स
  • इनहेल्‍ड कॉर्टिकोस्टेरॉइड
  • ल्यूकोट्रिन की गोलियां

यदि आप अस्थमा उपचार के "प्राकृतिक" रूपों की तलाश कर रहे हैं, तो निम्न विकल्पों के बारे में अपने डॉक्टर से बात करें:

  • ब्रीदिंग एक्‍सरसाइज 
  • ध्यान
  • मसाज 
  • एक्यूपंक्चर

अस्‍थमा के कारण और लक्षण 

कल कारखानों, वाहनों से निकलने वाले धूएं अस्‍थमा का कारण बन सकते हैं। सर्दी, फ्लू, धूम्रपान, मौसम में बदलाव के कारण भी अस्‍थमा हो सकता है। कुछ ऐसे एलर्जी वाले फूड्स हैं जिनकी वजह से सांस संबंधी बीमारियां होती हैं। पेट में अम्‍ल की मात्रा अधिक होने से भी अस्‍थमा हो सकता है। इसके अलावा दवाईयां, शराब का सेवन और कई बार भावनात्‍मक तनाव भी अस्‍थमा का कारण बनते हैं। अत्‍यधिक व्‍यायाम से भी दमा रोग हो सकता है। कुछ लोगों में यह समस्‍या आनुवांशिक होती है। इसके सामान्‍य लक्षणों में सांस फूलना, सीनें में घरघराहट, खांसी, बलगम आदि शामिल हैं। 

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क्‍या है निष्‍कर्ष 

जब अस्थमा के लिए मारिजुआना का उपयोग करने की बात आती है, तो लाभों की तुलना में इसके जोखिमों के बारे में बहस चलने लगती है। तंबाकू के धुएं के नकारात्मक प्रभाव - विशेष रूप से अस्थमा जैसे फेफड़ों के रोगों वाले लोगों के लिए- अच्छी तरह से स्थापित किए गए हैं। कई देशों में मारिजुआना वैध नहीं है, ऐसे में वैध होने पर इस पर और भी ज्‍यादा रिसर्च की जरूर होगी। 

हालांकि, इस लेख का लब्बोलुआब यह है कि अस्थमा होने पर मारिजुआना का धूम्रपान वास्तव में हानिकारक हो सकता है। कुल मिलाकर, फेफड़ों की बीमारी वाले लोगों के लिए मारिजुआना का धूम्रपान असुरक्षित है। अस्थमा के इलाज के सभी विकल्पों के बारे में अपने डॉक्टर से बात करें, और पूछें कि क्या मारिजुआना के अन्य रूपों से आपके विशेष मामले में लाभ हो सकता है।

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