इस तरह खाएंगे अलसी के बीज, तो फायदे की जगह होगा नुकसान

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Apr 25, 2018
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Quick Bites

  • यह कोलेस्ट्रॉल और ब्लड प्रेशर को भी नियंत्रित रखता है।
  • अलसी के बीज को हम फ्लैक्स सीड के नाम से जानते हैं।
  • ओमेगा-3 खून जमने की प्रक्रिया को धीमा कर देता है।

अलसी के बीज को हम फ्लैक्स सीड के नाम से जानते हैं। अलसी के छोटे से बीज में ओमेगा-3 फैटी एसिड प्रचुर मात्रा में पाया जाता है। इसके एक टीस्पून में 1.8 ग्राम ओमेगा-3 होता है, जो हमारे दिल के लिए अच्छा है। अलसी के बीज का एक दिन में लगभग 30 ग्राम सेवन काफी है। इस बात का ध्यान रखें कि इसमें फैट की मात्रा भी ज्यादा होती है। 5 ग्राम अलसी में करीब 3 ग्राम फैट होता है, इसलिए इसे संतुलित मात्रा में ही खाना उचित है। इसका सेवन कर रहे हैं तो पानी ज्यादा से ज्यादा पिएं। एक नजर दिल की बीमारियों और कैंसर से बचाव के लिए शरीर को रोजाना 25-30 ग्राम फाइबर की जरूरत होती है। इसे तकरीबन 2 से 3 ग्राम लेकर रोटी के आटे में मिलाकर खाएं। भून या पीस कर भी इसका सेवन करा जा सकता है। इसमें विटमिन बी-1, बी-2, सी और ई होता है। इस कारण यह दिल की बीमारियों से छुटकारा दिलाने में सहायक है। 

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चूंकि इसमें ओमेगा-3 होता है, इसलिए यह कोलेस्ट्रॉल और ब्लड प्रेशर को भी नियंत्रित रखता है। फायदा अध्ययनों से यह बात साबित हो चुकी है कि अलसी का बीज ब्रेस्ट कैंसर, प्रोस्टेट और कोलोन कैंसर से बचाव करता है। इसमें राई, ज्वार और गेहूं के मुकाबले ज्य़ादा फाइटो न्यूट्रिएंट्स होते हैं, जो कैंसर से बचाते हैं। ओमेगा-3 युक्त भोजन से धमनियां सख्त नहीं होती हैं। साथ ही यह व्हाइट ब्लड सेल्स को ब्लड धमनियों की आंतरिक परत पर चिपका देता है, जिससे सीने में जलन कम होती है और हृदय की गति को सामान्य रखने में मददगार है। अमेरिका में हुई रिसर्च के अनुसार इसमें मौजूद लिगनैन तत्व डायबिटीज के स्तर को नियंत्रित रखता है।

क्या हैं इसके नुकसान

अलसी या किसी भी तरह के सीड्स का अधिक मात्रा में सेवन नुकसानदेह हो सकता है। अलसी में मौजूद लैक्सटिव तत्व पेट की समस्याएं बढा सकते हैं। अलसी में पाया जाने वाला ओमेगा-3 खून जमने की प्रक्रिया को धीमा कर देता है। ऐसे में कहीं चोट लगने पर खून का बहाव इससे रुक नहीं पाता। इसके ज्य़ादा सेवन से एलर्जिक रिएक्शन हो सकता है। इसके कारण पेट दर्द और उल्टी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। साथ ही इससे सांस लेने में समस्या और लो ब्लड प्रेशर जैसी समस्याएं भी हो सकती हैं।

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मल्टीग्रेन फ्लैक्स सीड ब्रेड सामग्री : 2 कप आटा, 1/4 कप रागी आटा, 1/4 कप ज्वार आटा, 1/4 कप बाजरा, 1 टेबलस्पून पाउडर फ्लैक्स सीड, 1 टीस्पून सफेद तिल, 1 टीस्पून मगज, 1 टीस्पून ओट्स, 1 टीस्पून नमक, 1 टेबलस्पून चीनी, 1 टेबलस्पून ड्राई यीस्ट टॉपिंग के लिए सामग्री : 1/2 टीस्पून साबुत रागी, 1/2 टीस्पून फ्लैक्स सीड, 1/2 टीस्पून ओट्स, 1/2 टीस्पून बाजरा विधि ड्राई यीस्ट और चीनी को गुनगुने पानी में 10 मिनट के लिए भिगोकर रख दें। अब बोल में सभी सामग्रियों को एक साथ लेकर उसमें यीस्ट मिलाएं और एक गाढा बैटर तैयार करें। आधे घंटे के लिए आटे को मलमल के कपडे से ढककर रखें। अब ग्रीस की हुई लोफ टिन में बैटर को डालकर उस पर टॉपिंग फैलाएं। प्रीहीटेड अवन में 210 डिग्री सेल्सियस पर करीब 20 मिनट के लिए बेक करें। ठंडा हो जाने पर डी-मोल्ड करें और काटें। स्वादानुसार स्प्रेड लगाकर इसे टेस्ट करें।

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