बच्चों की सेहत के लिए खतरा है राजमा-चावल, जानें चौंकाने वाले साइंटिफिक कारण

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Sep 06, 2018
Quick Bites

  • राजमा चावल ऐसी डिश है जो हर किसी की फेवरेट होती है।
  • एक कप उबले हुए राजमा में लगभग 127 कैलोरीज होती हैं।
  • पेट का दर्द, दस्‍त, कब्‍ज और बवासीर जैसी समस्या हो सकती है।

राजमा चावल ऐसी डिश है जो हर किसी की फेवरेट होती है। लेकिन बच्चों को यह कुछ ज्यादा ही पसंद होती है। अगर राजमा की बात करें तो इसके स्वास्थ्य लाभ अधिक और नुकसान कम हैं। क्योंकि इसके हेल्थ बेनिफिट की सूची बहुत लंबी है। राजमा में ढेर सारे पोषक तत्व होते हैं इसलिए इसे खाने से शरीर को ऊर्जा मिलती है। राजमा में कैलोरी की मात्रा संतुलित होती है इसलिए ये हर उम्र के लोगों के लिेए फायदेमंद है और इसे खाने से वजन भी नहीं बढ़ता है। एक कप उबले हुए राजमा में लगभग 127 कैलोरीज होती हैं। इसके अलावा इसमें सिर्फ 48 मिलीग्राम सोडियम होता है जबकि 860 मिलीग्राम पोटैशियम होता है इसलिए ये शरीर को ऊर्जा और पोषण देता है। लेकिन आज हम आपको राजमा से होने वाले कुछ ऐसे नुकसान के बारे में बता रहे हैं जिनके बारे में आपको पता होना चाहिए।

राजमा-चावल के नुकसान

  • राजमा और चावल जितना स्वादिष्ट होता है उतना ही स्वास्थ्य गुणों से भरपूर भी होता है। लेकिन इसके साथ ही आप ये भी जान लें कि राजमा खाने से कैंसर का खतरा हो सकता है। इसमें फोलिक एसिड होता है जो कैंसर का खतरा बढ़ा सकता है। इसलिए इसका उपयोग सीमित रूप से करना चाहिए।
  • राजमा में उपस्थित फाइबर आपके पाचन तंत्र को मजबूत करता है, लेकिन फाइबर का एक अतिरिक्‍त गैस्‍ट्रोइंटेस्‍टाइनल सिस्‍टम पाचन प्रक्रिया पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है जिससे आपको पेट का दर्द, दस्‍त, कब्‍ज और बवासीर जैसी बीमारीयों का सामना करना पड़ सकता है।
  • चावल में कार्बोहाइट्रेड्स की भरपूर मात्रा मौजूद होती है। अगर बच्चे रोजाना राजमा चावल खाएंगे तो वह बचपन से ही ओबेसिटी के शिकार हो सकते हैं। यह जान लें कि ओबेसिटी अपने साथ कई बीमारियों को साथ लाती है। 
  • एक कटोरी उबाले हुए चावल में कम से कम नहीं तो 10चम्मच के बराबर कैलोरी पायी जाती है। रोजाना चवाल का सेवन करने से डायबिटीज का खतरा ज्यादा रहता है।

राजमा के फायदे

  • राजमा में ढेर सारे प्रोटीन्स होते हैं जो हमें स्वस्थ लाभ पहुंचाते हैं। एक कप उबले हुए राजमा में लगभग 15 ग्राम प्रोटीन होता है। अगर आप शाकाहारी हैं तो आपको राजमा से वो प्रोटीन्स भी मिलते हैं जो आमतौर पर मांसाहार से ही मिलते हैं। राजमा में फेजोलिन नाम के प्रोटीन से शरीर में एलर्जी से बचाव रहता है। इसके अलावा राजमा में रेक्टिन्स और प्रोटीज भी होते हैं, जिनसे हमारा पाचन तंत्र ठीक रहता और शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है।
  • राजमा में फाइबर की मात्रा भरपूर होती है इसलिए इसे खाने से वजन कंट्रोल रहता है और पाचन ठीक रहता है। फाइबर की वजह से राजमा आंतों की अंदर से सफाई कर देता है और इससे लिवर की समस्याएं भी ठीक रहती हैं। राजमा खाने से शरीर में ब्यूट्रेट, एसीटेट और प्रॉपिनेट जैसे फैटी एसिड का निर्माण होता है, जिससे कोलन कैंसर की आशंका कम होती है।
  • राजमा विटामिन्स और मिनरल्स से भरपूर है इसलिए इसे खाना सबके लिए फायदेमंद है। राजमा में आयरन, कॉपर, मैग्नीज, पोटैशियम, मॉलिब्डिनम और फॉलेट पाया जाता है। ये सभी तत्व शरीर को पोषण देते हैं और हमें कई गंभीर बीमारियों से बचाते हैं। इसके अलावा राजमा में विटामिन के यानि फाइलोक्विनोन और विटामिन बी9 भी भरपूर पाया जाता है।
  • राजमा खाने से शरीर को जो पोषक तत्व मिलते हैं वो शरीर को कई गंभीर बीमारियों से बचाते हैं। राजमा से डायबिटीज कंट्रोल रहता है। ये शरीर के कोलेस्ट्रॉल को कम करता है और ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करता है। राजमा में मौजूद एंटीऑक्सिडेंट्स से कैंसर और हार्ट की बीमारियों से भी बचाव रहता है। इसमें मौजूद प्रोटीन और मैग्नीशियम से हड्डियां मजबूत होती है इसलिए गठिया और ऑस्टियोपोरोसिस जैसी बीमारियों से भी बचाव रहता है। राजमा से हमारा इम्यून सिस्टम मजबूत होता है इसलिए इससे शरीर को छोटे-छोटे रोगों से भी बचाव रहता है।

ऐसे अन्य स्टोरीज के लिए डाउनलोड करें: ओनलीमायहेल्थ ऐप

Read More Articles On Diet and Nutrition In Hindi

Loading...
Is it Helpful Article?YES1 Vote 1493 Views 0 Comment
संबंधित जानकारी
  • सभी
  • लेख
  • स्लाइडशो
  • वीडियो
  • प्रश्नोत्तर
I have read the Privacy Policy and the Terms and Conditions. I provide my consent for my data to be processed for the purposes as described and receive communications for service related information.
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy. OK